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सामाजिक अध्ययन (Social Studies) शिक्षण के अंतर्गत इतिहास शिक्षण में 'ऐतिहासिक साक्ष्यों के समालोचनात्मक विश्लेषण' (Critical Analysis of Historical Evidence) और ऐतिहासिक अनुसंधान के संदर्भ में, प्राथमिक या प्रत्यक्ष स्रोत (Primary Sources) और द्वितीयक स्रोत (Secondary Sources) के बीच अंतर स्पष्ट करते समय निम्नलिखित में से किस विकल्प को एक 'प्राथमिक स्रोत' के रूप में सबसे प्रामाणिक माना जाएगा?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
इतिहास शिक्षण में प्राथमिक स्रोत (Primary Sources) वे साक्ष्य या दस्तावेज होते हैं जो अध्ययन की जाने वाली घटना के समय के प्रत्यक्ष गवाह होते हैं या समकालीन रूप से रचे गए होते हैं (जैसे- समकालीन अभिलेख, डायरियां, सिक्के, और उस काल के समाचार पत्र)। इसके विपरीत, आधुनिक इतिहासकारों की पुस्तकें, पाठ्यपुस्तकें और वृत्तचित्र (डॉक्यूमेंट्री) द्वितीयक स्रोत (Secondary Sources) के अंतर्गत आते हैं क्योंकि वे प्राथमिक स्रोतों के आधार पर बाद में तैयार किए जाते हैं।
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भारतीय संविधान की प्रस्तावना (Preamble) में उल्लिखित 'सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक' न्याय का यह त्रि-आयामी आदर्श ऐतिहासिक रूप से किस विश्व प्रसिद्ध घटना या आंदोलन से मुख्य रूप से प्रेरित होकर भारतीय संविधान निर्माताओं द्वारा अपनाया गया था?
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पर्यावरण अध्ययन (EVS) के अंतर्गत 'पारिस्थितिक तंत्र' (Ecosystem) में ऊर्जा के प्रवाह और खाद्य श्रृंखला (Food Chain) के संदर्भ में 'दस प्रतिशत का नियम' (10% Law) किसने प्रतिपादित किया था तथा इस नियम के अनुसार पारिस्थितिक तंत्र के एक पोषण स्तर (Trophic Level) से अगले पोषण स्तर तक कितनी ऊर्जा स्थानांतरित होती है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'नैतिक विकास और मूल्य शिक्षा के न्यूरो-संज्ञानात्मक सिद्धांतों' के संदर्भ में, लॉरेंस कोहलवर्ग (Lawrence Kohlberg) द्वारा प्रतिपादित 'नैतिक विकास के छह चरणों'—विशेष रूप से 'उत्तर-रूढ़िगत नैतिकता' (Post-conventional Morality) और 'सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांतों के विन्यास' (Universal Ethical Principles Orientation)—के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'वेंट्रोमेडियल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Ventromedial Prefrontal Cortex - vmPFC), 'इंसुला' (Insula) और 'एंटीरियर सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (Anterior Cingulate Cortex) की नैतिक दुविधाओं (Moral Dilemmas), परोपकारिता (Altruism) और भावनात्मक-संज्ञानात्मक निर्णय लेने की प्रक्रिया की सक्रियण गतिकी, तथा कैरोल गिलिगन (Carol Gilligan) द्वारा प्रतिपादित 'नैतिक देखभाल के सिद्धांत' (Ethics of Care) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, मूल्य-आधारित विमर्श और विद्यार्थियों में न्यायपरायणता व सामाजिक उत्तरदायित्व के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के अंतर्गत लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के 'सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत' (Socio-cultural Theory of Development) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वाइगोत्स्की के अनुसार बालक का संज्ञानात्मक विकास किसी सामाजिक और सांस्कृतिक शून्य में नहीं होता, बल्कि यह सामाजिक अंतःक्रिया (Social Interaction), संस्कृति (Culture) और भाषा (Language) के परस्पर प्रभाव का परिणाम है।
2. 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD) उस वास्तविक विकास स्तर और संभावित विकास स्तर के बीच का अंतर है, जिसे बालक स्वतंत्र रूप से प्राप्त कर सकता है और जो किसी वयस्क या अधिक ज्ञानी अन्य (More Knowledgeable Other - MKO) के निर्देशन या सहयोग से प्राप्त किया जा सकता है।
3. वाइगोत्स्की ने जीन पियाजे के विपरीत 'अन्तरभाषण' (Inner Speech) और 'निजी भाषण' (Private Speech) को बालकों के विकास में बाधक माना है, क्योंकि उनके अनुसार बालक जब खुद से बातें करता है तो उसका संज्ञानात्मक भटकाव होता है और इससे आत्म-नियमन की क्षमता समाप्त हो जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'लेव वायगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, वायगोत्स्की द्वारा प्रतिपादित 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD: वास्तविक विकास स्तर और संभावित विकास स्तर के बीच का अंतर) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डorsolateral Prefrontal Cortex' (DLPFC - कार्यकारी नियंत्रण और मार्गदर्शन ग्रहण करने की क्षमता), 'मिरर न्यूरॉन सिस्टम' (Mirror Neuron System - अन्य व्यक्तियों के व्यवहार, नकल और सामाजिक अनुकरण का प्रक्रमण), तथा 'सुपीरियर टेम्पोरल सुलस' (Superior Temporal Sulcus - सामाजिक और मौखिक संकेतों की समझ) के बीच पारस्परिक सामाजिक अंतःक्रिया (Social Interaction), मचान (Scaffolding) के दौरान सिनेप्टिक सिंक्रोनाइजेशन, और न्यूरोप्लास्टिसिटी की सक्रियण गतिकी, तथा जेरोम ब्रूनर के 'मचान' (Scaffolding) प्रत्यय के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-सोसियोकल्चरल ऑप्टिमाइज्ड मचान पेडागोजी' (Neuro-Sociocultural Optimized Scaffolding Pedagogy) और विद्यार्थियों में सहयोगात्मक समस्या-समाधान, आंतरिक भाषा (Inner Speech) विकास व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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