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Indian Polity
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भारत का प्रथम लोकपाल कौन था?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
पिनाकी चंद्र घोष भारत के पहले लोकपाल थे।
Related Questions
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भारत का संविधान कब लागू हुआ?
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भारतीय संविधान के अंतर्गत राज्य विधानमंडल के सदनों की संरचना, धन विधेयकों (Money Bills) की प्रक्रिया तथा विधान परिषद की विधायी शक्तियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान के अनुच्छेद 197 के अनुसार, यदि विधानसभा द्वारा कोई साधारण विधेयक पारित करके विधान परिषद को भेजा जाता है, और विधान परिषद उस विधेयक को अस्वीकार कर देती है या ऐसे संशोधनों के साथ लौटाती है जिनसे विधानसभा सहमत नहीं है, तो विधानसभा द्वारा उस विधेयक को दोबारा पारित किए जाने के पश्चात विधान परिषद उसे अधिकतम चार महीने तक और रोक सकती है (प्रथम बार तीन माह और पुनः पारित होने पर एक माह), तथा दोनों सदनों के बीच गतिरोध को समाप्त करने के लिए संविधान के अनुच्छेद 197 में संयुक्त बैठक (Joint Sitting) का प्रावधान किया गया है।
2. संविधान के अनुच्छेद 198 के तहत धन विधेयक (Money Bill) केवल विधानसभा में ही पुनः स्थापित किया जा सकता है, विधान परिषद में नहीं; और यदि विधानसभा किसी धन विधेयक को पारित करके विधान परिषद को विचार के लिए भेजती है, तो विधान परिषद को उस विधेयक को अपनी सिफारिशों के साथ या बिना सिफारिशों के चौदह दिन के भीतर विधानसभा को वापस लौटाना अनिवार्य होता है, अन्यथा उस अवधि की समाप्ति के पश्चात वह विधेयक दोनों सदनों द्वारा उसी रूप में पारित मान लिया जाता है जिस रूप में वह विधानसभा द्वारा पारित किया गया था।
3. अनुच्छेद 169 के अंतर्गत किसी राज्य में विधान परिषद के सृजन या उत्सादन के लिए संसद विधि बना सकती है, बशर्ते संबंधित राज्य की विधानसभा अपने कुल सदस्यों के बहुमत तथा उपस्थित और मतदान करने वाले सदस्यों के कम से कम दो-तिहाई बहुमत से इस आशय का संकल्प पारित करे, और इस प्रकार की संसदीय विधि को अनुच्छेद 368 के प्रयोजन के लिए संविधान का संशोधन नहीं माना जाएगा।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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भारतीय संविधान के 'अनुच्छेद 131' के अंतर्गत उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) के 'मूल और अनन्य क्षेत्राधिकार' (Original and Exclusive Jurisdiction) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह क्षेत्राधिकार भारत सरकार और एक या अधिक राज्यों के बीच के कानूनी विवादों तक ही सीमित है, और इसमें निजी नागरिकों या व्यक्तियों के मुकदमे भी शामिल किए जा सकते हैं यदि वे राज्य के विरुद्ध हों।
2. संविधान के अनुच्छेद 131 के परन्तुक (Proviso) के अनुसार, यह क्षेत्राधिकार किसी ऐसी संधि, समझौते, प्रसंविदा या अन्य समान लिखत से उत्पन्न विवाद पर लागू नहीं होगा जो संविधान के लागू होने से पहले की गई थी और जो अभी भी प्रवृत्त है।
3. यह क्षेत्राधिकार संसद या राज्य विधानमंडल द्वारा बनाए गए कानूनों की संवैधानिक वैधता की प्रारंभिक जाँच करने के लिए भी राज्य सरकारों को सीधे उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाने की अनुमति देता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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राज्य विधानमंडल के अंतर्गत 'विधान परिषद' के गठन, संरचना, और धन विधेयकों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान के अनुच्छेद 169 के अनुसार संसद किसी राज्य में विधान परिषद का सृजन या उत्सादन कर सकती है, बशर्ते संबंधित राज्य की विधानसभा इस आशय का संकल्प अपनी कुल सदस्य संख्या के बहुमत तथा उपस्थित और मतदान करने वाले सदस्यों के कम से कम दो-तिहाई बहुमत से पारित कर दे।
2. विधान परिषद की कुल सदस्य संख्या उस राज्य की विधानसभा के कुल सदस्यों की संख्या के एक-तिहाई से अधिक नहीं हो सकती है, किंतु किसी भी स्थिति में इसकी कुल सदस्य संख्या 40 से कम नहीं हो सकती है।
3. विधान परिषद के पास किसी साधारण विधेयक को अधिकतम चार महीने तक रोकने की शक्ति होती है, जबकि धन विधेयक के मामले में विधान परिषद के पास केवल 14 दिनों की देरी करने की शक्ति होती है, जिसके बाद वह विधेयक दोनों सदनों द्वारा पारित मान लिया जाता है, भले ही विधान परिषद ने उसे अस्वीकार क्यों न कर दिया हो।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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भारतीय संविधान के निर्माण और संविधान सभा की समितियों तथा उसकी कार्यप्रणाली के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान सभा ने संविधान के निर्माण से संबंधित विभिन्न कार्यों के लिए कई समितियों का गठन किया था, जिनमें से संघ शक्ति समिति, संघीय संविधान समिति और प्रांतीय संविधान समिति के अध्यक्ष क्रमशः पंडित जवाहरलाल नेहरू, पंडित जवाहरलाल नेहरू और सरदार वल्लभभाई पटेल थे।
2. डॉ. बी.आर. अम्बेडकर की अध्यक्षता में गठित 'प्रारूप समिति' (Drafting Committee) में अध्यक्ष सहित कुल 7 सदस्य थे, और इस समिति ने संविधान का प्रारूप तैयार करते समय केवल ब्रिटिश संविधान के प्रावधानों का ही अंधानुकरण किया था, तथा अमेरिका या अन्य देशों की संवैधानिक प्रणालियों को पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया था।
3. संविधान सभा द्वारा कुल 2 साल, 11 महीने और 18 दिन में संविधान का निर्माण कार्य पूरा किया गया, जिसके दौरान संविधान के प्रारूप पर कुल 114 दिनों तक विचार-विमर्श हुआ और अंततः 26 जनवरी 1950 को संविधान को औपचारिक रूप से अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित किया गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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