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BPSC TRE 4.0
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भौतिकी के विविध परिघटनाओं और उनके सैद्धांतिक अनुप्रयोगों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. प्रकाश का पूर्ण आंतरिक परावर्तन (Total Internal Reflection) होने के लिए प्रकाश किरण का सघन माध्यम से विरल माध्यम में जाना अनिवार्य है, तथा आपतन कोण का मान क्रांतिक कोण (Critical Angle) से अधिक होना चाहिए, जिसका उपयोग ऑप्टिकल फाइबर (Optical Fibre) और मृगतृष्णा (Mirage) जैसी परिघटनाओं में होता है।
  2. 2. डाप्लर प्रभाव (Doppler Effect) के अनुसार जब किसी ध्वनि स्रोत और श्रोता के बीच आपेक्षिक गति होती है, तो श्रोता को सुनाई देने वाली ध्वनि की आवृत्ति में परिवर्तन प्रतीत होता है, और यह प्रभाव केवल ध्वनि तरंगों तक ही सीमित है, प्रकाश या अन्य विद्युत चुम्बकीय तरंगों पर लागू नहीं होता है।
  3. 3. रमन प्रभाव (Raman Effect) के अंतर्गत जब प्रकाश किसी पारदर्शी माध्यम (ठोस, द्रव या गैस) से गुजरਦਾ है, तो प्रकीर्णित प्रकाश के वर्णक्रम (Spectrum) में मूल आवृत्ति के अलावा कुछ अन्य आवृत्तियों की रेखाएं भी दिखाई देती हैं, जिन्हें 'स्टोक्स रेखाएं' और 'एंटी-स्टोक्स रेखाएं' कहा जाता है।
  4. 4. अतिचालकता (Superconductivity) एक ऐसी परिघटना है जिसमें कुछ पदार्थों का तापमान एक निश्चित क्रांतिक तापमान (Critical Temperature) से कम करने पर उनका विद्युत प्रतिरोध शून्य हो जाता है और वे पूर्ण प्रतिचुंबकीय (Diamagnetic) व्यवहार प्रदर्शित करते हुए 'माइसनर प्रभाव' (Meissner Effect) दर्शाते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सत्य है क्योंकि पूर्ण आंतरिक परावर्तन के लिए प्रकाश का सघन से विरल माध्यम में जाना तथा आपतन कोण का क्रांतिक कोण से अधिक होना आवश्यक है। इसका उपयोग ऑप्टिकल फाइबर और मृगतृष्णा में होता है। कथन 2 असत्य है क्योंकि डाप्लर प्रभाव ध्वनि तरंगों के साथ-साथ प्रकाश और अन्य विद्युत चुम्बकीय तरंगों (जैसे खगोलिकी में तारों के लाल विस्थापन) पर भी लागू होता है। कथन 3 सत्य है, सी.वी. रमन द्वारा खोजे गए रमन प्रभाव में प्रकीर्णित प्रकाश में स्टोक्स और एंटी-स्टोक्स रेखाएं प्राप्त होती हैं। कथन 4 सत्य है, अतिचालकता के दौरान पदार्थ का प्रतिरोध शून्य हो जाता है और वे माइसनर प्रभाव प्रदर्शित करते हैं। ऐसे ही उच्च स्तरीय प्रश्नों के अभ्यास के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
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