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BPSC TRE 4.0
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बिहार सरकार द्वारा राज्य के सामाजिक विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. 'मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना' के तहत बालिकाओं के जन्म से लेकर स्नातक की डिग्री प्राप्त करने तक कुल 50,000 रुपये तक की आर्थिक सहायता विभिन्न चरणों में डीबीटी (DBT) के माध्यम से प्रदान की जाती है, जिसका उद्देश्य कन्या भ्रूण हत्या रोकना तथा उच्च शिक्षा के प्रति प्रेरित करना है।
- 2. 'सात निश्चय योजना-2' के अंतर्गत युवाओं के कौशल विकास के लिए 'बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना' के तहत उच्च शिक्षा प्राप्त करने हेतु 4 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण मात्र 4% साधारण ब्याज दर पर उपलब्ध कराया जाता है, जबकि महिलाओं के लिए यह ब्याज दर केवल 1% होती है।
- 3. राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण हेतु संचालित 'मुख्यमंत्री डिजिटल हेल्थ योजना' के तहत सभी सरकारी अस्पतालों में मरीजों के स्वास्थ्य रिकॉर्ड का डिजिटलीकरण किया जा रहा है, तथा 'बिहार स्टूडेंट हेल्थ कार्ड' के माध्यम से मुफ्त स्वास्थ्य बीमा कवर प्रदान किया जाता है।
- 4. अनुसूचित जाति, जनजाति और अत्यंत पिछड़ी जातियों के शैक्षणिक सशक्तिकरण के लिए संचालित 'मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग छात्रवृत्ति योजना' और आवासीय विद्यालयों (जैसे कर्पूरी ठाकुर छात्रावास) के माध्यम से छात्रों को निःशुल्क पठन-सामग्री, आवास और भोजन की सुविधा प्रदान की जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए कथनों में से कथन 1, 2 और 4 पूर्णतः सत्य हैं, जबकि कथन 3 असत्य है क्योंकि 'मुख्यमंत्री डिजिटल हेल्थ योजना' के तहत अस्पतालों का डिजिटलीकरण तो किया जा रहा है, किंतु 'बिहार स्टूडेंट हेल्थ कार्ड' जैसी कोई विशिष्ट निःशुल्क स्वास्थ्य बीमा योजना इस नाम से इस रूप में संचालित नहीं है। बिहार सरकार द्वारा शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में कई महत्वाकांक्षी योजनाएं चलाई जा रही हैं। अधिक अभ्यास और परीक्षा सामग्री के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
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विद्युत और इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. अर्धचालक (Semiconductors) जैसे कि सिलिकॉन और जर्मेनियम की विद्युत चालकता तापमान बढ़ने पर घट जाती है, क्योंकि उच्च तापमान पर उनके संयोजी इलेक्ट्रॉनों की गतिशीलता अत्यधिक कम हो जाती है।
2. ट्रांजिस्टर (Transistor) एक अर्धचालक उपकरण है जिसका उपयोग मुख्य रूप से कमजोर विद्युत संकेतों (Signals) को प्रवर्धित (Amplify) करने या स्विच के रूप में करने के लिए किया जाता है, तथा इसमें उत्सर्जक (Emitter), आधार (Base) और संग्राहक (Collector) तीन मुख्य टर्मिनल होते हैं।
3. दिष्टकारी (Rectifier) एक ऐसा इलेक्ट्रॉनिक परिपथ या उपकरण है जो प्रत्यावर्ती धारा (AC) को दिष्ट धारा (DC) में परिवर्तित करता है, और इस प्रक्रिया में आमतौर पर पी-एन जंक्शन डायोड (P-N junction diode) का उपयोग किया जाता है।
4. एकीकृत परिपथ (Integrated Circuit - IC) में विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक घटकों जैसे ट्रांजिस्टर, डायोड, प्रतिरोधक और संधारित्र को एक एकल सिलिकॉन चिप पर सूक्ष्म रूप से निर्मित किया जाता है, जिसके आविष्कार का श्रेय जैक किल्बी और रॉबर्ट नॉयस को जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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रॉलेट एक्ट (1919), खिलाफत आंदोलन और असहयोग आंदोलन के ऐतिहासिक घटनाक्रम के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. मार्च 1919 में केंद्रीय विधान परिषद द्वारा पारित 'रॉलेट एक्ट' का आधिकारिक नाम 'अराजक और क्रांतिकारी अपराध अधिनियम' था, जिसके विरोध में मुहम्मद अली जिन्ना, मदन मोहन मालवीय और मजहरूल हक ने परिषद की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था।
2. 13 अप्रैल 1919 को अमृतसर के जलियांवाला बाग में डॉ. सैफुद्दीन किचलू और डॉ. सत्यपाल की गिरफ्तारी के शांतिपूर्ण विरोध में एकत्रित हुए जनसमूह पर जनरल डायर ने गोली चलवाने का आदेश दिया था, जिसके विरोध में रबीन्द्रनाथ टैगोर ने अपनी 'नाइटहुड' की उपाधि वापस कर दी थी।
3. नवंबर 1919 में दिल्ली में आयोजित 'अखिल भारतीय खिलाफत सम्मेलन' के प्रथम अधिवेशन की अध्यक्षता महात्मा गांधी को सौंपी गई थी, क्योंकि वे मुसलमानों को राष्ट्रीय आंदोलन से जोड़ने का यह एक स्वर्णिम अवसर मान रहे थे।
4. सितंबर 1920 में कलकत्ता में हुए कांग्रेस के विशेष अधिवेशन में असहयोग आंदोलन का प्रस्ताव सियार दास (चित्तरंजन दास) द्वारा प्रस्तुत किया गया था, जिसका उद्देश्य पंजाब व खिलाफत के अन्यायों का निवारण करते हुए स्वराज्य प्राप्त करना था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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पादप जगत (Plant Kingdom) और जन्तु जगत (Animal Kingdom) की विभिन्न प्रजातियों, उनके ऊतकों तथा जैविक संरचनाओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. ब्रायोफाइटा (Bryophyta) वर्ग के पौधों को पादप जगत का 'उभयचर' कहा जाता है, क्योंकि ये नम और छायादार स्थानों पर उगते हैं, परंतु इन्हें लैंगिक जनन के लिए जल की अनिवार्य आवश्यकता होती है और इनमें वास्तविक संवहन ऊतक (जाइलम और फ्लोएम) पूर्णतः अनुपस्थित होते हैं।
2. टेरिडोफाइटा (Pteridophyta) संवर्धित पौधे हैं जिनमें वास्तविक संवहन ऊतक पाए जाते हैं, और ये पुष्प तथा बीज उत्पन्न नहीं करते हैं, बल्कि इनके पत्तों की निचली सतह पर बीजाणुधानी (Sporangia) पाई जाती है जिसके माध्यम से इनका प्रजनन होता है।
3. जन्तु जगत के अंतर्गत 'एनेलिडा' (Annelida) संघ के जीवों का शरीर खंडीय (Segmented) होता है, इनमें वास्तविक देहगुहा (Coelom) पाई जाती है, तथा परिसंचरण तंत्र बंद प्रकार का (Closed Circulatory System) होता है जिसमें हीमोग्लोबिन प्लाज्मा में घुला रहता है।
4. 'मोलस्का' (Mollusca) संघ जन्तु जगत का दूसरा सबसे बड़ा संघ है, जिनका शरीर कोमल होता है और प्रायः एक कठोर कैल्केरियस कवच से ढका होता है, तथा इनके श्वसन के लिए पंख जैसी संरचनाएं जिन्हें 'क्रेनियल गिल्स' या टिनेडिया (Ctenidia) कहा जाता है, पाई जाती हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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भारतीय संविधान के 73वें और 74वें संविधान संशोधन अधिनियमों के संदर्भ में, पंचायत, नगरपालिका और सहकारी समितियों से संबंधित निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान के भाग IX में अनुच्छेद 243 से 243-O तक पंचायतों का प्रावधान है, जिसके तहत राज्यों के लिए त्रि-स्तरीय (ग्राम, मध्यवर्ती और जिला स्तर) पंचायती राज व्यवस्था अनिवार्य की गई है, किंतु जिन राज्यों की जनसंख्या 20 लाख से कम है, उन्हें मध्यवर्ती स्तर का गठन न करने की छूट दी गई है।
2. 74वें संविधान संशोधन द्वारा संविधान में 'भाग IX-क' जोड़ा गया, जिसके तहत नगरपालिकाओं के तीन प्रकार (नगर पंचायत, नगर परिषद और नगर निगम) का गठन किया जाता है, तथा वार्ड समितियों का गठन उन नगरपालिकाओं के लिए अनिवार्य है जिनकी कुल जनसंख्या 3 लाख या उससे अधिक है।
3. 97वें संविधान संशोधन अधिनियम, 2011 द्वारा सहकारी समितियों के गठन को मौलिक अधिकार का दर्जा दिया गया, जिसके तहत अनुच्छेद 19(1)(c) में संशोधन किया गया, तथा संविधान में एक नया 'भाग IX-ख' जोड़ा गया जिसका शीर्षक 'सहकारी समितियां' (Co-operative Societies) है।
4. पंचायती राज संस्थाओं और नगरपालिकाओं के चुनावों को निष्पक्ष और स्वतंत्र रूप से संपन्न कराने के लिए प्रत्येक राज्य में एक 'राज्य निर्वाचन आयोग' (State Election Commission) के गठन का प्रावधान किया गया है, जिसकी नियुक्ति संबंधित राज्य के राज्यपाल द्वारा की जाती है और उन्हें उच्च न्यायालय के न्यायाधीश की तरह आसानी से हटाया जा सकता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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बिहार के भौगोलिक परिदृश्य में वन आवरण, मृदा के प्रकार और उनके वितरण के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. बिहार में कुल भौगोलिक क्षेत्रफल का लगभग 7.84% हिस्सा वन आवरण के अंतर्गत आता है, जिसमें सर्वाधिक वन क्षेत्रफल वाला जिला कैमूर है, जबकि प्रतिशत के दृष्टिकोण से भी कैमूर शीर्ष स्थान पर है।
2. बिहार के उत्तर-पश्चिमी भाग (विशेषकर पश्चिमी चंपारण के सोमेश्वर और दून पहाड़ियों के क्षेत्र) में पर्णपाती प्रकार के वन पाए जाते हैं, जहाँ साल (सखुआ) के वृक्षों की प्रधानता होती है।
3. राज्य में पाई जाने वाली 'टैरल मृदा' (Terai Soil) हिमालय की तराई क्षेत्र में उत्तर-पश्चिमी पट्टी में पाई जाती है, जो अम्लीय प्रकृति की होती है और गन्ने तथा धान की खेती के लिए अत्यंत उपयुक्त मानी जाती है।
4. दक्षिण बिहार के पठारी और टल क्षेत्र में मिलने वाली 'लाल-पीली मृदा' और 'बलसुन्दरी मृदा' में नाइट्रोजन, ह्यूमस और फास्फोरस की प्रचुरता होती है, जिसके कारण इस क्षेत्र में रासायनिक उर्वरकों की बिल्कुल आवश्यकता नहीं पड़ती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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