त्वरित लिंक्स
BPSC TRE 4.0
21 views
बिहार में 20वीं शताब्दी के दौरान हुए प्रमुख किसान आंदोलनों और उनके विशिष्ट संदर्भों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. स्वामी विद्यानंद के नेतृत्व में दरभंगा राज की जातियों के शोषण और बकाश्त जमीन पर अवैध दखल के विरुद्ध 'दरभंगा किसान आंदोलन' चलाया गया था, जिसमें किसानों ने स्थानीय अधिकारियों के दमन के बावजूद अपनी रैयती और बकाश्त भूमि पर अधिकारों की मांग को मुखर किया था।
- 2. वर्ष 1930 के सविनय अवज्ञा आंदोलन के दौरान बिहार के सारण, चंपारण, गया और पटना जैसे जिलों में किसानों ने औपनिवेशिक शासन के विरुद्ध 'चौकीदार कर' (Chaukidari Tax) अदायगी का व्यापक बहिष्कार किया था, जिससे यह राष्ट्रीय आंदोलन ग्रामीण अंचल के किसान संघर्षों के साथ गहराई से जुड़ गया था।
- 3. राहुल सांकृत्यायन ने 1940 के दशक के उत्तरार्ध में छपरा (सारण) क्षेत्र के 'अमेठिया किसानों' के संघर्ष का नेतृत्व किया था, तथा उन्होंने अखिल भारतीय किसान सभा के मंच से अलग होकर किसानों की एक सशस्त्र वामपंथी शाखा 'किसान लाल सेना' के गठन में प्रमुख भूमिका निभाई थी।
- 4. वर्ष 1937 में बिहार में श्री कृष्ण सिंह के नेतृत्व में गठित पहली प्रांतीय कांग्रेस सरकार ने किसानों को राहत पहुँचाने के लिए 'बिहार टेनेंसी अमेंडमेंट एक्ट' (Bihar Tenancy Amendment Act) पारित किया, जिसके माध्यम से अवैध बेदखली पर रोक लगाई गई और बकाश्त भूमि पर किसानों के अधिकारों को कानूनी सुरक्षा प्रदान की गई।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए सभी कथन बिहार के किसान आंदोलनों और राष्ट्रीय स्वतंत्रता संग्राम के ग्रामीण आयामों के संदर्भ में ऐतिहासिक रूप से पूर्णतः सत्य हैं। स्वामी विद्यानंद ने दरभंगा राज में किसानों के अधिकारों के लिए लड़ाई लड़ी; सविनय अवज्ञा के दौरान चौकीदार कर का बहिष्कार बिहार में व्यापक था; राहुल सांकृत्यायन ने सारण क्षेत्र में अमेठिया किसानों का नेतृत्व किया और किसान लाल सेना से जुड़े रहे; तथा 1937 में श्री कृष्ण सिंह की सरकार द्वारा बिहार टेनेंसी एक्ट में संशोधन कर किसानों को बकाश्त भूमि के मामलों में बड़ी राहत दी गई। परीक्षा से जुड़े अधिक महत्वपूर्ण प्रश्नों और अध्ययन सामग्री के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
Related Questions
→
सूची-I (महाद्वीप) को सूची-II (उच्चतम चोटियाँ) से सुमेलित कीजिए?
→
मानव शरीर में हॉर्मोन्स, विटामिन और विभिन्न जैविक अणुओं (Biomolecules) के कार्य तथा उनकी कमी से होने वाले रोगों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इंसुलिन (Insulin) एक पेप्टाइड हॉर्मोन है जो अग्नाशय (Pancreas) की लैंगरहैंस की द्वीपिकाओं की बीटा कोशिकाओं द्वारा स्रावित होता है, और यह रक्त में ग्लूकोज की मात्रा को नियंत्रित करते हुए ग्लाइकोजेनेसिस की प्रक्रिया को प्रेरित करता है।
2. विटामिन D, जिसे 'कैल्सीफेरोल' भी कहा जाता है, एक वसा-में-घुलनशील विटामिन है जो शरीर में कैल्शियम और फॉस्फोरस के अवशोषण को नियंत्रित करता है, तथा इसकी कमी से बच्चों में 'रिकेट्स' (Rickets) और वयס्कों में 'ऑस्टियोमलेशिया' (Osteomalacia) नामक रोग हो जाता है।
3. 'थायरोक्सिन' (Thyroxine) हॉर्मोन के संश्लेषण के लिए आयोडीन अनिवार्य होता है, जिसकी कमी से गॉइटर (घेंघा) रोग होता है, जबकि वयस्क अवस्था में इस हॉर्मोन की अत्यधिक कमी से 'मिक्सोएडिमा' (Myxedema) नामक स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
4. रुधिर में हीमोग्लोबिन एक लोहे युक्त प्रोटीन है जो ऑक्सीजन का परिवहन करता है, तथा इसकी कमी से होने वाला एनीमिया (रक्तल्पता) हमेशा केवल विटामिन B12 की कमी के कारण ही होता है, इसमें आयरन या फोलिक एसिड की कोई भूमिका नहीं होती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
→
किस फसल का विकास पुष्पक्रम (Inflorescence) से होता है?
→
चंपारण सत्याग्रह (1917) और भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में बिहार की ऐतिहासिक भूमिका के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. चंपारण सत्याग्रह के दौरान यूरोपीय नील बागान मालिकों द्वारा किसानों पर थोपी गई 'तीनकठिया प्रणाली' के अंतर्गत किसानों को अपनी भूमि के प्रत्येक बीघे के तीन-बीसवें (3/20वें) हिस्से पर अनिवार्य रूप से नील की खेती करना आवश्यक था।
2. महात्मा गांधी को चंपारण आने का निमंत्रण देने वाले राजकुमार शुक्ल ने लखनऊ कांग्रेस अधिवेशन (1916) में गांधीजी से भेंट की थी, तथा इस सत्याग्रह के दौरान गांधीजी के प्रमुख सहयोगियों में डॉ. राजेंद्र प्रसाद, ब्रजकिशोर प्रसाद, अनुग्रह नारायण सिन्हा और जे.बी. कृपलानी शामिल थे।
3. ब्रिटिश सरकार ने चंपारण की स्थिति की जाँच के लिए 'चंपारण अग्रियन कमेटी' (Champaran Agrarian Enquiry Committee) का गठन किया था, जिसके अध्यक्ष एफ. एल. सलाई (F. L. Sly) थे, और इस समिति की संस्तुतियों के आधार पर अवैध वसूली का 25 प्रतिशत हिस्सा किसानों को वापस लौटाया गया तथा तीनकठिया प्रथा को कानूनी रूप से समाप्त कर दिया गया।
4. चंपारण सत्याग्रह की सफलता से अभिभूत होकर रबीन्द्रनाथ टैगोर ने महात्मा गांधी को पहली बार 'महात्मा' की उपाधि से सम्मानित किया था, और यह आंदोलन भारत में गांधीजी का पहला सविनय अवज्ञा (Civil Disobedience) का सफल प्रयोग साबित हुआ था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
→
निम्नलिखित में से कौन से देश वर्तमान में गोलन हाइट्स पर दावा कर रहे हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.