BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

History of India
16 views

वर्ष 1857 के विद्रोह के तात्कालिक कारणों और बैरकपुर छावनी की घटना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. जनवरी 1857 में दमदम छावनी में यह अफवाह फैली कि नए एनफील्ड राइफल में प्रयोग होने वाले कारतूस के आवरण में गाय और सूअर की चर्बी का प्रयोग किया गया है, जिसे लोड करने से पहले मुँह से काटना पड़ता था।
  2. 2. मंगल पांडे, जो 34वीं बंगाल नेटिव इन्फैंट्री (B.N.I.) के सिपाही थे, ने 29 मार्च 1857 को बैरकपुर में ब्रिटिश अधिकारियों लेफ्टिनेंट बॉग और सार्जेंट ह्यूसन पर आक्रमण कर दिया और विद्रोह का बिगुल फूंका।
  3. 3. मंगल पांडे को ब्रिटिश अदालत द्वारा मृत्युदंड दिए जाने के पश्चात उन्हें निर्धारित तिथि से 10 दिन पूर्व ही, यानी 8 अप्रैल 1857 को फाँसी दे दी गई थी, जिसके परिणामस्वरूप देश भर के सैनिकों में भारी आक्रोश फैल गया।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

Detailed Explanation

वर्ष 1857 के महान विद्रोह का तात्कालिक कारण सेना में पुरानी ब्राउन बेस बंदूक के स्थान पर नई एनफील्ड राइफल का शामिल किया जाना था। जनवरी 1857 में कलकत्ता के पास दमदम छावनी में यह बात फैली कि नए कारतूस के ग्रीस में गाय और सूअर की चर्बी का इस्तेमाल किया गया है। 29 मार्च 1857 को बैरकपुर छावनी में 34वीं बंगाल नेटिव इन्फैंट्री के सिपाही विकिपीडिया संदर्भ के मंगल पांडे ने अधिकारियों पर हमला किया। उन्हें 18 अप्रैल को फाँसी दी जानी थी, किंतु तनाव और विद्रोह की आशंका को देखते हुए ब्रिटिश प्रशासन ने उन्हें 8 अप्रैल 1857 को ही फाँसी दे दी। अतः तीनों कथन पूर्णतः सत्य हैं।
Share:

Related Questions

→ विजयनगर और बहमनी राज्यों के बीच संघर्ष का मुख्य कारण किस क्षेत्र पर अधिकार करना था? → वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान रानी लक्ष्मीबाई और तात्या टोपे द्वारा झांसी और ग्वालियर क्षेत्र में चलाए गए सैन्य अभियानों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. मार्च 1858 में ब्रिटिश सेनापति सर ह्यूरोज द्वारा झांसी की घेराबंदी किए जाने पर रानी लक्ष्मीबाई ने अत्यंत वीरता के साथ किले की रक्षा की, और तात्या टोपे के नेतृत्व में आई राहत सेना के पराजित होने के बाद वे कालपी की ओर प्रस्थान करने में सफल रहीं। 2. कालपी के युद्ध में अंग्रेजों से पराजय के पश्चात रानी लक्ष्मीबाई और तात्या टोपे ने ग्वालियर की ओर प्रस्थान किया, जहाँ सिंधिया सेना ने उनका कड़ा विरोध किया, किंतु अंततः ग्वालियर के सैनिकों ने विद्रोह कर दिया और सिंधिया शासक जयाजीराव सिंधिया को छोड़कर रानी और तात्या टोपे के साथ मिल गए। 3. तात्या टोपे ने ग्वालियर पर अधिकार करने के बाद नाना साहब को पेशवा घोषित किया और स्वयं ग्वालियर की सेना के कमांडर-इन-चीफ के रूप में अंग्रेजी सेना का डटकर मुकाबला किया। 4. ग्वालियर के पतन और जून 1858 में अंतिम संघर्ष के दौरान रानी लक्ष्मीबाई अंग्रेजों से लड़ते हुए वीरगति को प्राप्त हुईं, जबकि तात्या टोपे नरवर के एक जमींदार मानसिंह के विश्वासघात के कारण पकड़े गए और अंततः उन्हें शिवपुरी में अंग्रेजों द्वारा फांसी दे दी गई। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → माउंटबेटन योजना (3 जून योजना) और भारतीय स्वतंत्रता अधिनियम 1947 के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. माउंटबेटन योजना के तहत ब्रिटिश भारत के दो डोमिनियन (भारत और पाकिस्तान) में विभाजन का प्रस्ताव किया गया था, तथा बंगाल और पंजाब की प्रांतीय विधानसभाओं को यह तय करने का अधिकार दिया गया था कि वे अपने प्रांतों का विभाजन चाहते हैं या नहीं। 2. ब्रिटिश संसद द्वारा जुलाई 1947 में पारित 'भारतीय स्वतंत्रता अधिनियम 1947' के प्रावधानों के अनुसार, 15 अगस्त 1947 को ब्रिटिश भारत की संप्रभुता दोनों नए डोमिनियनों को हस्तांतरित कर दी गई तथा गवर्नर-जनरल का पद समाप्त कर दोनों देशों में केवल प्रधानमंत्रियों को ही सर्वोच्च कार्यकारी प्रमुख बनाया गया। 3. उत्तर-पश्चिम सीमा प्रांत (NWFP) और सिलहट (असम) में भविष्य के निर्धारण के लिए जनमत संग्रह (Referendum) कराया गया था, जिसके माध्यम से इन क्षेत्रों ने पाकिस्तान के पक्ष में मतदान किया। 4. माउंटबेटन योजना की घोषणा के साथ ही भारत और पाकिस्तान की सीमाओं के निर्धारण के लिए सर रेडक्लिफ की अध्यक्षता में दो अलग-अलग सीमा आयोगों (Boundary Commissions) का गठन किया गया था, जिन्होंने 15 अगस्त से पहले ही अपनी सीमा रिपोर्ट सौंप दी थी और उसी दिन इसका सार्वजनिक प्रकाशन कर दिया गया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान बिहार के विभिन्न क्षेत्रों (जैसे पटना, दानापुर, आरा, मुजफ्फरपुर और छपरा) में हुए घटनाक्रमों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. पटना शहर में 3 जुलाई 1857 को हुए विद्रोह का नेतृत्व एक प्रसिद्ध पुस्तक विक्रेता पीर अली खाँ ने किया था, जिसमें ब्रिटिश अधिकारियों के विरुद्ध हिंसक झड़प हुई और अफीम एजेंट डॉ. लायल मारा गया था। 2. दानापुर छावनी के 7वें, 8वें और 40वें रेजिमेंट के भारतीय सिपाहियों ने 25 जुलाई 1857 को विद्रोह कर दिया और सोन नदी पार कर आरा के बाबू कुंवर सिंह की सेना में शामिल हो गए। 3. मुजफ्फरपुर और छपरा क्षेत्रों में विद्रोह का नेतृत्व करने वाले स्थानीय जमींदारों ने ब्रिटिश कमिश्नर विलियम टेलर और कमिश्नर विन्सेंट आयर के संयुक्त सैन्य अभियानों के आगे बिना किसी संघर्ष के तुरंत आत्मसमर्पण कर दिया था। 4. शाहाबाद (आ आरा) क्षेत्र के अतिरिक्त पटना प्रमंडल के आयुक्त विलियम टेलर ने विद्रोह के दमन के लिए अत्यंत दमनकारी नीतियों का पालन किया तथा कई प्रमुख व्यक्तियों को सार्वजनिक रूप से फांसी पर लटका दिया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → अकबर ने किस प्रणाली के तहत घोड़ों को दागने और सैनिकों का हुलिया रखने की व्यवस्था को पुनर्जीवित किया?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.