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History of India
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यूरोपीय कंपनियों के भारत आगमन और पुर्तगाली सत्ता की स्थापना के संदर्भ में, अल्बुकर्क (Afonso de Albuquerque) की नीतियों और उनके प्रभावों के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. अल्बुकर्क ने भारत में पुर्तगाلی साम्राज्य का वास्तविक संस्थापक माना जाता है, जिसने वर्ष 1510 में बीजापुर के आदिल शाह से गोवा पर अधिकार कर लिया था और इसे पुर्तगाली पूर्व साम्राज्य का मुख्य प्रशासनिक एवं व्यापारिक केंद्र बनाया।
  2. 2. उसने कोचीन के स्थान पर गोवा को पुर्तगालियों की मुख्य राजधानी बनाया और भारतीय महिलाओं के साथ पुर्तगाली पुरुषों के विवाह को प्रोत्साहित किया ताकि भारत में एक नई मिश्रित नस्ल की आबादी तैयार की जा सके।
  3. 3. अल्बुकर्क ने फारस की खाड़ी के मुहाने पर स्थित होर्मुज द्वीप पर अधिकार कर लिया, जिसका मुख्य सामरिक उद्देश्य एशियाई व्यापार मार्गों पर नियंत्रण स्थापित करना और लाल सागर से होकर होने वाले मुस्लिम व्यापार को बाधित करना था।
  4. 4. उसने भारत में सती प्रथा पर प्रतिबंध लगाने वाला पहला पुर्तगाली गवर्नर होने के साथ-साथ कालीकट के जमोरिन के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध स्थापित कर त्रावणकोर तक पुर्तगाली प्रभाव का विस्तार किया था।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1, 2 और 3 सही हैं क्योंकि अल्बुकर्क (Afonso de Albuquerque) ने 1510 में बीजापुर के शासक से गोवा जीतकर पुर्तगाली शक्ति को सुदृढ़ किया, गोवा को राजधानी बनाया, और होर्मुज पर नियंत्रण किया। किंतु कथन 4 असत्य है क्योंकि अल्बुकर्क ने गोवा में सती प्रथा को अवश्य प्रतिबंधित किया था, लेकिन उसका प्रभाव त्रावणकोर तक विस्तारित नहीं था और उसने जमोरिन के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध स्थापित करने के बजाय मलक्का (1511) और होर्मुज (1515) पर सैन्य विजय प्राप्त की थी। पुर्तगाली उपनिवेशवाद के बारे में अधिक जानने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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