BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Geography
1 views

भारत की प्रमुख बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं, झीलों और जलप्रपातों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. 'सरदार सरोवर परियोजना' नर्मदा नदी पर गुजरात राज्य में स्थित है, और इस परियोजना के अंतर्गत निर्मित मुख्य जलाशय को 'गोबिंद सागर' के नाम से जाना जाता है।
  2. 2. केरल में स्थित 'वेम्बानाड झील' (Vembanad Lake) भारत की सबसे लंबी झील है, जो एक प्रसिद्ध लैगून (Backwater) है और इसी झील में प्रतिवर्ष प्रसिद्ध 'नेहरू ट्रॉफी वल्लमकाली' (नौका दौड़) का आयोजन किया जाता है।
  3. 3. कर्नाटक में शरावती नदी पर स्थित 'कुंचिकल जलप्रपात' (Kunchikal Falls) भारत का सबसे ऊँचा जलप्रपात है, जो भारत के पश्चिमी घाट की वर्षावनी पहाड़ियों के मध्य निर्मित एक सोपानक (Tiered) जलप्रपात है।
  4. 4. दामोदर घाटी निगम (DVC) भारत की पहली बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजना है, जिसे अमेरिकी 'टेनेसी वैली अथॉरिटी' (TVA) के मॉडल पर स्वतंत्र भारत में वर्ष 1948 में स्थापित किया गया था।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 असत्य है क्योंकि सरदार सरोवर परियोजना के अंतर्गत निर्मित जलाशय का नाम 'वल्लभ सागर' (या सरदार सरोवर जलाशय) है, जबकि 'गोबिंद सागर' जलाशय सतलज नदी पर निर्मित भाखड़ा नंगल बांध के पीछे स्थित है। कथन 2 सत्य है; वेम्बानाड झील केरल की सबसे लंबी और भारत की सबसे लंबी झील है, जहाँ पारंपरिक नौका दौड़ (Vallam Kali) होती है। कथन 3 सत्य है; कुंचिकल जलप्रपात शरावती नदी की सहायक नदी पर कर्नाटक में स्थित है और यह भारत का सबसे ऊँचा जलप्रपात है। कथन 4 सत्य है; डीवीसी (DVC) की स्थापना 1948 में अमेरिका की TVA की तर्ज पर की गई थी। अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
Share:

Related Questions

भारत की पर्वत प्रणालियों, उनकी संरचनात्मक विशेषताओं और प्रमुख घाटियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'लद्दाख श्रेणी' (Ladakh Range) ट्रांस-हिमालय प्रणाली का एक महत्वपूर्ण भाग है, जो ज़ांस्कर श्रेणी के उत्तर में और काराकोरम श्रेणी के दक्षिण में सिंधु नदी के समानांतर फैली हुई है। 2. 'धौलाधार श्रेणी' (Dhauladhar Range) लघु हिमालय (Lesser Himalayas) का एक प्रमुख भाग है, जो मुख्य रूप से हिमाचल प्रदेश में स्थित है और इसके दक्षिणी ढलानों पर प्रसिद्ध पर्यटक स्थल 'शिमला' स्थित है, जबकि शिमला स्वयं धौलाधार पर न होकर एक अन्य रिज पर है, परंतु कुल्लू घाटी इसी श्रेणी के उत्तर में स्थित है। 3. 'न्युम्ब्रा घाटी' (Nubra Valley) काराकोरम और लद्दाख श्रेणियों के मध्य प्रवाहित होने वाली श्योक नदी की सहायक नदियों द्वारा निर्मित एक उच्च-तुंगता वाली ठंडी मरुस्थलीय घाटी है, जिसे सियाचिन ग्लेशियर का प्रवेश द्वार भी कहा जाता है। 4. 'पालघाट दर्रा' (Palghat Gap) पश्चिमी घाट के दक्षिणी भाग में स्थित एक प्रमुख विखंडन या गैप है, जो नीलगिरी पहाड़ियों को अन्नामलाई और पालनी पहाड़ियों से अलग करता है और केरल को तमिलनाडु से जोड़ता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? भारत के प्रमुख पर्वतीय दर्रों और उनकी रणनीतिक तथा भौगोलिक अवस्थिति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'जोजी ला दर्रा' (Zoji La Pass) जास्कर श्रेणी में स्थित है, जो श्रीनगर को लेह से जोड़ता है और 'बॉर्डर रोड्स ऑर्गनाइजेशन' (BRO) द्वारा यहाँ सुरंग (Z-Morh और Z-La tunnels) का निर्माण किए जाने से यह सर्दियों में भी सुगम होने लगा है। 2. 'माना दर्रा' (Mana Pass) और 'नीति दर्रा' उत्तराखंड को तिब्बत से जोड़ने वाले प्रमुख दर्रे हैं, जो जास्कर श्रेणी में स्थित हैं और प्राचीन काल से ही भारत-तिब्बत व्यापार के साथ-साथ कैलाश मानसरोवर यात्रा के मार्ग का हिस्सा रहे हैं। 3. 'नाथु ला दर्रा' (Nathu La Pass) सिक्किम को तिब्बत के चुम्बी घाटी से जोड़ता है, जो प्राचीन सिल्क रूट (Silk Route) की एक मुख्य शाखा है और वर्ष 1962 के युद्ध के बाद इसे बंद कर दिया गया था जिसे बाद में वर्ष 2006 में व्यापार के लिए पुनः खोल दिया गया। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार अरुणाचल प्रदेश में स्थित 'दिफु दर्रा' (Diphu Pass) और 'पांगसाड दर्रा' (Pangsau Pass) क्रमशः भारत-म्यांमार और भारत-चीन सीमा पर स्थित हैं, जो पूर्वोत्तर भारत को दक्षिण-पूर्व एशिया से जोड़ने वाले सामरिक महत्व के मार्ग हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? भारत के अपवाह तंत्र (Drainage System) के संदर्भ में, हिमालयी नदियों और प्रायद्वीपीय नदियों की तुलनात्मक विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. हिमालयी नदियाँ अपने युवा अवस्था में तीव्र अपरदन के द्वारा गहरे गॉर्ज, वी-आकार की घाटियाँ (V-shaped valleys) और महाखड्डों का निर्माण करती हैं, जबकि मैदानों में प्रवेश करने के बाद ये विसर्पण (Meandering) और गोखुर झीलों (Oxbow lakes) जैसी स्थलाकृतियों का निर्माण करती हैं। 2. प्रायद्वीपीय नदियाँ मुख्य रूप से वर्षा के जल पर निर्भर होने के कारण अनित्य (Non-perennial) या मौसमी होती हैं, तथा इनकी घाटियाँ चौड़ी, उथली और अपनी परिपक्व अवस्था (Matured stage) को प्राप्त कर चुकी होती हैं, जिस कारण ये अपने निचले भागों में व्यापक बाढ़ के मैदानों का निर्माण करती हैं। 3. सोन नदी, जो अमरकंटक पठार से निकलती है, प्रायद्वीपीय भारत की उन चुनिंदा नदियों में से एक है जो उत्तर की ओर बहते हुए सीधे गंगा नदी में मिलती है और यह एक पूर्ववर्ती अपवाह (Antecedent drainage) का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करती है। 4. गोदावरी, कृष्णा और कावेरी जैसी प्रायद्वीपीय नदियाँ पश्चिमी घाट से निकलकर पूर्व की ओर प्रवाहित होती हैं और बंगाल की खाड़ी में गिरने से पहले बड़े डेल्टा का निर्माण करती हैं, जबकि नर्मदा और तापी नदियाँ भ्रंश घाटियों (Rift valleys) से होते हुए अरब सागर में ज्वारनदमुख (Estuaries) का निर्माण करती हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? भारतीय मृदाओं के भौगोलिक वितरण, खनिज संगठन और उनके रासायनिक गुणों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'काली मृदा' (Black Soil), जिसे स्थानीय रूप से 'रेगुर' या 'कपास मृदा' कहा जाता है, का निर्माण मुख्य रूप से दक्कन ट्रैप के बेसाल्टिक लावा के अपक्षय से हुआ है, जिसमें टिटैनिफेरस मैग्नेटाइट की उपस्थिति के कारण इसका रंग काला होता है और इसमें 'स्वतः जुताई' (Self-ploughing) का विशेष गुण पाया जाता है। 2. 'लैटेराइट मृदा' (Laterite Soil) उच्च तापमान और भारी वर्षा वाले उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में निक्षालन (Leaching) की तीव्र प्रक्रिया के परिणाम The रूप में विकसित होती है, जिसमें सिलिका का निक्षालन हो जाने के कारण आयरन और एल्युमिनियम के ऑक्साइड्स शेष बच जाते हैं, जिससे यह अम्लीय प्रकृति की हो जाती है। 3. 'जलोढ़ मृदा' (Alluvial Soil), जो देश के कुल क्षेत्रफल का सबसे बड़ा हिस्सा कवर करती है, को आयु के आधार पर 'भाबर', 'तराई', 'बांगर' और 'खदर' में विभाजित किया जाता है, जिसमें पुरानी जलोढ़ 'बांगर' में कैल्शियम कार्बोनेट की अशुद्धियाँ पाई जाती हैं जिन्हें 'कंकड़' कहा जाता है। 4. 'लाल और पीली मृदा' (Red and Yellow Soils) का प्रसार मुख्य रूप से पश्चिमी घाट के वृष्टि-छाया क्षेत्रों और प्रायद्वीपीय पठार के पूर्वी भागों में पाया जाता है, जहाँ फेरिक ऑक्साइड के जलयोजन (Hydration) के कारण यह नीचे की परतों में पीले रंग की दिखाई देती है, जबकि ऊपरी सतह पर यह ऑक्सीकृत होकर लाल हो जाती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? भारत की प्रमुख झीलों, जलप्रपातों और बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'लोकटक झील' (Loktak Lake) पूर्वोत्तर भारत में मीठे पानी की सबसे बड़ी झील है, जो मणिपुर राज्य में स्थित है और इसी झील पर विश्व का एकमात्र तैरता हुआ राष्ट्रीय उद्यान 'केइबुुल लामजाओ' (Keibul Lamjao National Park) स्थित है। 2. 'जोग जलप्रपात' (Jog Falls), जिसे गेरसोप्पा या महात्मा गांधी जलप्रपात भी कहा जाता है, शरावती नदी पर स्थित है और यह भारत का सबसे ऊँचा सीधा (Plunge) गिरने वाला जलप्रपात है। 3. 'कोसी परियोजना' एक बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजना है जो भारत और नेपाल की संयुक्त परियोजना है, तथा इस नदी को इसके बार-बार मार्ग बदलने और भयंकर बाढ़ लाने के कारण 'बिहार का शोक' कहा जाता है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार 'इडुक्की बाँध' (Idukki Dam) पेरियार नदी पर केरल में स्थित एक मेहराबदार (Arch) बाँध है, जो ग्रेविटेशनल प्रकार का है और इसका उपयोग जलविद्युत उत्पादन के लिए किया जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.