त्वरित लिंक्स
Geography
20 views
महासागरीय उच्चावच, ज्वार-भाटा और प्रमुख जलसंधियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. महासागरीय मग्नतट (Continental Shelf) महाद्वीपों का विस्तारित भाग होता है, जिसकी औसत गहराई लगभग 200 मीटर तक होती है और यह क्षेत्र विश्व के सबसे समृद्ध मतस्य क्षेत्रों (Fishing Grounds) तथा खनिज तेल भंडारों के लिए जाना जाता है।
- 2. 'वृहत ज्वार' (Spring Tide) की स्थिति पूर्णिमा और अमावस्या के दिन उत्पन्न होती है, जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी एक सीधी रेखा में (सिजगी/Syzygy की स्थिति) होते हैं, जिससे तीनों के गुरुत्वाकर्षण बलों का संचयी प्रभाव अधिकतम होता है।
- 3. 'मलक्का जलसंधि' (Strait of Malacca) प्रशांत महासागर को अंध महासागर से जोड़ती है और यह सुमात्रा द्वीप (इंडोनेशिया) को मलय प्रायद्वीप से अलग करती है।
- 4. 'बेरिंग जलसंधि' (Bering Strait) आर्कटिक महासागर को बेरिंग सागर (प्रशांत महासागर) से जोड़ती है और यह एशिया महाखंड को उत्तरी अमेरिका महाद्वीप से अलग करती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 सही है क्योंकि महासागरीय मग्नतट महाद्वीपों का ही डूबा हुआ सीमांत भाग होता है जिसकी गहराई सामान्यतः 200 मीटर तक होती है, और सूर्य के प्रकाश की उपलब्धता के कारण यहाँ प्लवक (Plankton) का विकास होता है जो मत्स्यन के लिए आदर्श है। कथन 2 सही है; सिजगी की स्थिति (युति-वियुति) में सूर्य और चंद्रमा के गुरुत्वाकर्षण बलों के मिलने से वृहत ज्वार आते हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि मलक्का जलसंधि प्रशांत महासागर को 'हिंद महासागर' (अंडमान सागर से दक्षिण चीन सागर) से जोड़ती है, न कि अंध (अटलांटिक) महासागर से। कथन 4 सही है क्योंकि बेरिंग जलडमरूमध्य आर्कटिक महासागर को प्रशांत महासागर के बेरिंग सागर से जोड़ती है और एशिया को उत्तरी अमेरिका से पृथक् करती है।
Related Questions
→
वायुमंडल में पवन प्रणालियों, आर्द्रता के प्रकार और चक्रवातों की गतिकी के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'अभिसारी वर्षा' (Convectional Rainfall) मुख्य रूप से विषुवतीय क्षेत्रों में होती है, जहाँ अत्यधिक तापमान के कारण हवा गर्म होकर ऊपर उठती है, ठंडी होती है और कपाशावर्षा मेघ (Cumulonimbus clouds) के निर्माण से तीव्र मूसलाधार वर्षा के साथ गर्जन और तड़ित उत्पन्न होती है।
2. उष्णकटिबंधीय चक्रवातों (Tropical Cyclones) के केंद्र में 'चक्रवात की आँख' (Eye of the Cyclone) स्थित होती है, जो उच्च दाब और घने बादलों वाला क्षेत्र होता है, जहाँ हवाएँ बहुत तीव्र गति से नीचे उतरती हैं।
3. 'फ्योहन' (Faehn) और 'चिकॉक' (Chinook) स्थानीय पवनें 'कैटैबैटिक' (Katabatic) और 'एनाबैटिक' (Anabatic) पवनों का उत्कृष्ट उदाहरण हैं, जो पर्वतीय क्षेत्रों के लीवार्ड (प्रतिपवन) ढलानों पर उतरने के कारण अत्यधिक गर्म और शुष्क हो जाती हैं।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार शीतोष्ण कटिबंधीय चक्रवात (Extra-tropical Cyclones) विभिन्न वायु संहतियों (Air Masses) के मिलने से बनने वाले वाताग्र (Fronts) के सहारे उत्पन्न होते हैं और इनका प्रभाव क्षेत्र उष्णकटिबंधीय चक्रवातों की तुलना में बहुत विस्तृत होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
पृथ्वी की आंतरिक संरचना, असंबद्धता (Discontinuities) और शैलों के कायांतरण (Metamorphism) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. कॉनराड असंबद्धता (Conrad Discontinuity) ऊपरी क्रस्ट (Upper Crust) और निचली क्रस्ट (Lower Crust) के बीच स्थित होती है, जबकि मोहरोविकिक असंबद्धता (Mohorovičić Discontinuity) क्रस्ट और मेंटल के बीच की सीमा का निर्धारण करती है।
2. आग्नेय शैलों (Igneous Rocks) में जीवाश्म (Fossils) पूरी तरह से अनुपस्थित होते हैं क्योंकि इनका निर्माण तप्त मैग्मा या लावा के ठंडा होकर जमने से होता है, जिसके अत्यधिक उच्च तापमान के कारण जैविक अवशेष नष्ट हो जाते हैं।
3. कायांतरण (Metamorphism) की प्रक्रिया के दौरान चूना पत्थर (Limestone) का कायांतरण होकर 'क्वार्ट्जाइट' (Quartzite) का निर्माण होता है, जबकि बलुआ पत्थर (Sandstone) के कायांतरण से 'संगमरमर' (Marble) बनता है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार पृथ्वी के क्रोड (Core) का मुख्य हिस्सा निकल (Nickel) और लोहे (Iron) से बना है, जिसे 'निफे' (Nife) परत कहा जाता है, और यह पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र (Magnetic Field) की उत्पत्ति में प्रमुख भूमिका निभाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
महासागरीय उच्चावच, ज्वार-भाटा और प्रमुख जलसंधियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. महासागरीय नितल के उच्चावच में 'महाद्वीपीय मग्नतट' (Continental Shelf) महाद्वीपों का डूबा हुआ विस्तारित भाग होता है, जिसकी औसत प्रवणता बहुत कम होती है और यहाँ सूर्य का प्रकाश प्रचुर मात्रा में पहुँचने के कारण ये क्षेत्र विश्व के सबसे बड़े मछली पकड़ने के क्षेत्र (Fishing Grounds) माने जाते हैं।
2. 'अपोजी' (Apogee) वह स्थिति है जब चंद्रमा अपनी कक्षा में पृथ्वी से अपनी अधिकतम दूरी पर होता है, जिसके परिणामस्वरूप पृथ्वी पर सामान्य से बहुत कम ऊँचे 'लघु ज्वार' (Neap Tides) जैसी स्थितियाँ और कमजोर ज्वार-भाटे आते हैं।
3. 'मलक्का जलसंधि' (Strait of Malacca) हिंद महासागर को प्रशांत महासागर से जोड़ती है और सुमात्रा द्वीप (इंडोनेशिया) को मलय प्रायद्वीप से अलग करती है, जो वैश्विक समुद्री व्यापार के लिए अत्यधिक रणनीतिक महत्व रखती है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार 'बेरिंग जलसंधि' (Bering Strait) प्रशांत महासागर के बेरिंग सागर को आर्कटिक महासागर के चुकची सागर से जोड़ती है और एशिया महासागर के साइबेरिया क्षेत्र को उत्तरी अमेरिका के अलास्का से अलग करती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
महासागरीय जलधाराओं (Ocean Currents) और उनकी उत्पत्ति को प्रभावित करने वाले कारकों तथा प्रमुख धाराओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. महासागरीय जलधाराएँ महासागरों में जल का एक निश्चित दिशा में 3-D निरंतर प्रवाह है, जो मुख्य रूप से पृथ्वी के घूर्णन (कोरिओलिस बल), प्रचलित हवाओं (प्रवाहित पवनें), तापमान और लवणता में भिन्नता के कारण उत्पन्न होता है।
2. 'गल्फ स्ट्रीम' (Gulf Stream) एक ठंडी जलधारा है जो मैक्सिको की खाड़ी से उत्तर की ओर बहती हुई पश्चिमी यूरोप के तटों पर पहुँचकर वहाँ के तापमान को अत्यधिक सर्द और हिमाच्छादित बना देती है।
3. 'लैब्राडोर जलधारा' (Labrador Current) एक ठंडी जलधारा है जो आर्कटिक महासागर से दक्षिण की ओर बहती हुई न्यूफाउंडलैंड के पास गर्म गल्फ स्ट्रीम से मिलती है, जिससे वहाँ दुनिया के सबसे समृद्ध मत्स्यन क्षेत्रों (Fishing Grounds) में से एक का विकास होता है।
4. 'पेरूवियन या हम्बोल्ट जलधारा' (Humboldt Current) प्रशांत महासागर की एक गर्म जलधारा है, जिसके तापमान में वृद्धि होने से 'एल निनो' (El Niño) घटना का निर्माण होता है और भारतीय मानसून कमजोर पड़ जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
भारत के प्रमुख उद्योगों, राष्ट्रीय राजमार्गों और अंतर्देशीय जलमार्गों (National Waterways) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या-1' (NW-1) हल्दिया से प्रयागराज के बीच गंगा-भागीरथी-हूगली नदी प्रणाली पर स्थित देश का सबसे लंबा आंतरिक जलमार्ग है, जिसकी कुल लंबाई लगभग 1,620 किलोमीटर है।
2. भारत में 'स्वर्णिम चतुर्भुज' (Golden Quadrilateral) परियोजना देश के चार महानगरों—दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता—को आपस में जोड़ने वाली छह-लेन वाली सुपर-हाइवे सड़क परियोजना है, जिसका प्रबंधन भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा किया जाता है।
3. भारत का पहला आधुनिक सूती वस्त्र उद्योग (Cotton Textile Mill) की स्थापना वर्ष 1818 में कोलकाता के पास फोर्ट ग्लास्टर में की गई थी, जो व्यावसायिक रूप से सफल रही थी और यहीं से आधुनिक भारतीय औद्योगिक युग की शुरुआत हुई थी।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत का सबसे लंबा राष्ट्रीय राजमार्ग 'राष्ट्रीय राजमार्ग 44' (NH 44) है, जो उत्तर में श्रीनगर से शुरू होकर दक्षिण में कन्याकुमारी तक लगभग 3,745 किलोमीटर की दूरी तय करता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.