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Geography
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पृथ्वी के प्रमुख भू-आकृतिक स्वरूपों—पर्वतों, पठारों, मैदानों और मरुस्थलों की उत्पत्ति एवं उनकी विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. 'अनातोलिया का पठार' (Anatolian Plateau) एक अंतर्पर्वतीय पठार (Intermontane Plateau) का प्रमुख उदाहरण है, जो पोंटिक और टॉरस पर्वत श्रेणियों के मध्य स्थित है तथा यह मुख्य रूप से शुष्क से अर्ध-शुष्क जलवायु वाला पठार है।
  2. 2. 'टकलामकान मरुस्थल' (Taklamakan Desert) एशिया का एक प्रमुख शीत मरुस्थल है, जो उत्तर में तियान शान और दक्षिण में कुनलुन शैन पर्वतों के बीच घिरे बेसिन में स्थित होने के कारण वर्षा छाया (Rain Shadow) क्षेत्र में आता है।
  3. 3. 'ग्रैंड प्लेन' या उत्तरी अमेरिका का मध्यवर्ती मैदान मुख्य रूप से एक अपरदनकारी मैदान (Erosional Plain) है, जिसका निर्माण महाद्वीपीय हिमनदों के पीछे हटने और उनके द्वारा लाई गई तलछट के अत्यधिक निक्षेपण से हुआ है।
  4. 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार 'सहारा मरुस्थल' दुनिया का सबसे बड़ा गर्म मरुस्थल है, जो महाद्वीपीय उपोष्ण कटिबंधीय उच्च वायुदाब पेटी के अंतर्गत अवरोही (Sinking) हवाओं के कारण बादलों के निर्माण में बाधा उत्पन्न होने से स्थायी शुष्कता का सामना करता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: अनातोलिया का पठार तुर्की में पोंटिक (Pontic) और टॉरस (Taurus) पर्वत श्रेणियों के बीच स्थित एक प्रसिद्ध अंतर्पर्वतीय पठार है। कथन 2 सही है: टकलामकान मरुस्थल चीन के शिनजियांग प्रांत में स्थित एक शीत मरुस्थल है, जो ऊंचे पर्वतों से घिरे होने के कारण वर्षा छाया प्रभाव के अंतर्गत आता है। कथन 3 गलत है: उत्तरी अमेरिका का मध्यवर्ती मैदान (Great Plains) मुख्य रूप से एक 'निक्षेपात्मक मैदान' (Depositional Plain) है, विशेषकर हिमनद और नदी निक्षेपों द्वारा निर्मित, न कि शुद्ध रूप से अपरदनकारी मैदान। विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार सहारा मरुस्थल दुनिया का सबसे बड़ा उष्ण मरुस्थल है जहाँ उपोष्ण उच्च दाब पेटियों के कारण वायु के नीचे बैठने (Subsidence) से वर्षा नहीं होती। अतः कथन 4 सही है। सही विकल्प (a) है।
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'कुल्लू घाटी' (Kullu Valley) पीर पंजाल और महान हिमालय (Greater Himalayas) के बीच स्थित एक अनुदैर्ध्य (Longitudinal) घाटी है, जिससे होकर 'ब्यास' नदी प्रवाहित होती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? भारत की जलवायु और मानसून की उत्पत्ति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. ग्रीष्म ऋतु में उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानों में अत्यधिक ताप के कारण निम्न वायुदाब का क्षेत्र (मानसून गर्त) विकसित हो जाता है, जिससे दक्षिण गोलार्ध की दक्षिण-पूर्वी व्यापारिक पवनें विषुवत रेखा को पार करके फेरेल के नियम के प्रभाव से दक्षिण-पश्चिमी मानसून के रूप में प्रवाहित होने लगती हैं। 2. एल नीनो (El Niño) घटना के दौरान दक्षिण अमेरिकी तट (पेरू के पास) पर ठंडी जलधारा का प्रवाह बढ़ जाता है, जिससे प्रशांत महासागर के पूर्वी भाग में उच्च वायुदाब और पश्चिमी भाग (भारतीय महाद्वीप) में निम्न वायुदाब उत्पन्न होता है, जो भारतीय मानसून को अत्यधिक मजबूत करता है। 3. 'मैलांड्री इफेक्ट' या जेट स्ट्रीम का तिब्बती पठार पर तापीय प्रभाव ग्रीष्मकाल में ऊपरी क्षोभमंडल में उष्णकटिबंधीय पूर्वी जेट स्ट्रीम (Tropical Easterly Jet Stream) को जन्म देता है, जो प्रायद्वीपीय भारत में मानसून की सक्रियता और वर्षा के वितरण को गहराई से नियंत्रित करता है। 4. उत्तर-पूर्वी मानसून या शीतकालीन मानसून मुख्य रूप से स्थल से समुद्र की ओर (Offshore Winds) बहने वाली पवनें हैं, लेकिन जब ये बंगाल की खाड़ी को पार करती हैं, तो कुछ नमी ग्रहण करके तमिलनाडु के कोरोमंडल तट पर शीतकाल में भारी वर्षा करती हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? भारत में खनिज तेल, प्राकृतिक गैस और परमाणु खनिजों (यूरेनियम एवं थोरियम) के वितरण और उनकी भू-गर्भीय विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत का अधिकांश पेट्रोलियम उत्पादन टर्शरी युग की अवसादी (Sedimentary) चट्टानों से होता है, जिसमें असम का डिगबोई क्षेत्र देश का सबसे पुराना तटीय तेल क्षेत्र है, जबकि 'बॉम्बे हाई' और 'कृष्णा-गोदबारी बेसिन' प्रमुख अपतटीय (Offshore) उत्पादक क्षेत्र हैं। 2. भारत में यूरेनियम का सबसे बड़ा उत्पादक और भंडारित क्षेत्र झारखंड का 'सिंहभूम खनिजीय पट्टी' (Jaduguda) है, इसके अतिरिक्त हाल ही में तेलंगाना के लम्बapur-Peddagattu क्षेत्र और आंध्र प्रदेश के तुमलापल्ली में यूरेनियम के विशाल भंडारों का पता चला है। 3. भारत के परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम के त्रि-स्तरीय (Three-Stage) मॉडल के दूसरे चरण में थोरियम-232 का उपयोग करके 'फास्ट ब्रीडर रिएक्टर' (FBR) के माध्यम से 'यूरेनियम-233' का ईंधन चक्र तैयार किया जाता है, क्योंकि भारत के पास थोरियम का अपार भंडार है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार केरल, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के तटीय समुद्र तटों पर मिलने वाली 'मोनाज़ाइट' (Monazite) बालू में थोरियम प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, जिससे भारत वैश्विक स्तर पर थोरियम के सबसे बड़े भंडारों वाले देशों में अग्रणी है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? भारत के प्रमुख हिमालयी और प्रायद्वीपीय दर्रों तथा उनकी अवस्थिति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 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