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Geography
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भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों की भौगोलिक अवस्थिति, उनकी भूवैज्ञानिक संरचना तथा उत्पादन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. भारत में लिग्नाइट कोयला (भूरा कोयला) के सबसे बड़े भंडार तमिलनाडु के नेवेली बेसिन में स्थित हैं, इसके अतिरिक्त राजस्थान (पलানা), गुजरात (कच्छ) और जम्मू-कश्मीर (चैखा) में भी इसके निक्षेप पाए जाते हैं।
- 2. भारत में प्राकृतिक गैस के अपतटीय (Offshore) भंडार मुख्य रूप से कृष्णा-गोदवारी बेसिन (विशेषकर KG-D6 ब्लॉक) और मुंबई हाई क्षेत्र में केंद्रित हैं, जबकि ऑनशोर (Onshore) क्षेत्रों में असम और गुजरात प्रमुख उत्पादक हैं।
- 3. भारत में थोरियम का मुख्य स्रोत 'मोनाज़ाइट' (Monazite) अयस्क है, जिसके विशाल और समृद्ध भंडार केरल, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के तटीय बालू (Placer Deposits) में प्रचुर मात्रा में उपलब्ध हैं।
- 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत अपनी कुल घरेलू पेट्रोलियम आवश्यकता का लगभग 85% से अधिक भाग आयात के माध्यम से पूरा करता है, क्योंकि देश के कुल कच्चे तेल का उत्पादन घरेलू माँग की तुलना में काफी सीमित है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए सभी कथन पूरी तरह से सत्य हैं। 1. तमिलनाडु का नेवेली क्षेत्र भारत में लिग्नाइट (निम्न श्रेणी का कोयला) के उत्पादन और भंडार के लिए सबसे प्रसिद्ध है। 2. भारत में प्राकृतिक गैस और पेट्रोलियम के भंडार मुंबई हाई, असम, गुजरात के साथ-साथ केजी बेसिन (कृष्णा-गोदवारी बेसिन) में अपतटीय क्षेत्रों में प्रचुरता में पाए जाते हैं। 3. थोरियम प्राप्ति का मुख्य साधन मोनाज़ाइट बालू है जो केरल व अन्य प्रायद्वीपीय तटीय क्षेत्रों में मिलती है। 4. भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा के लिए कच्चे तेल के आयात पर भारी रूप से (लगभग 85% से अधिक) निर्भर है। विकिपीडिया संदर्भ
Related Questions
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उष्णकटिबंधीय चक्रवातों (Tropical Cyclones) की उत्पत्ति और उनकी विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उष्णकटिबंधीय चक्रवातों के विकास के लिए महासागरीय सतह का न्यूनतम तापमान 27°C होना आवश्यक है, ताकि लगातार वाष्पोसर्जन और गुप्त ऊष्मा (Latent Heat) की प्रचुर आपूर्ति बनी रहे।
2. इन चक्रवातों के केंद्र में स्थित 'चक्रवात की आँख' (Eye of the Cyclone) एक ऐसा क्षेत्र होता है जहाँ वायुदाब न्यूनतम होता है, आसमान बिल्कुल साफ रहता है और मूसलाधार वर्षा तथा तीव्र हवाओं के साथ विनाशकारी मौसम दर्ज किया जाता है।
3. कोरिऑलिस बल (Coriolis Force) की उपस्थिति उष्णकटिबंधीय चक्रवातों के निर्माण के लिए अनिवार्य है, यही कारण है कि ये चक्रवात भूमध्य रेखा के बिल्कुल निकट (0° से 5° अक्षांश के मध्य) सर्वाधिक तीव्र गति से विकसित होते हैं।
4. जब एक उष्णकटिबंधीय चक्रवात किसी महाद्वीप के तटीय भाग से टकराता है, तो समुद्र का पानी लहरों के रूप में तट की ओर तेजी से उठता है, जिसे 'तूफानी उठान' (Storm Surge) कहा जाता है, और यह चक्रवात से होने वाली कुल जन-धन की हानि का सबसे बड़ा कारण होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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भारत की जनगणना 2011 और नृवंशवैज्ञानिक (Racial) वर्गीकरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार भारत की कुल जनसंख्या का लगभग 68.8% भाग ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करता है, और देश में सर्वाधिक ग्रामीण जनसंख्या वाला राज्य उत्तर प्रदेश है, जबकि ग्रामीण जनसंख्या का उच्चतम प्रतिशत हिमाचल प्रदेश में दर्ज किया गया।
2. भारत के नस्लीय या मानवजातीय (Races) वर्गीकरण के इतिहास में प्रसिद्ध नृवंशविज्ञानी बी.एस. गुहा (B.S. Guha) का वर्गीकरण सबसे अधिक प्रामाणिक माना जाता है, जिनके अनुसार भारत में प्रवेश करने वाली सबसे पहली मानव प्रजाति 'निग्रिटो' (Negrito) थी।
3. वर्ष 2001 से 2011 के दशक के दौरान भारत की दशकीय जनसंख्या वृद्धि दर में ऐतिहासिक रूप से पहली बार संपूर्ण राज्यों में ऋणात्मक (Negative) वृद्धि दर दर्ज की गई थी।
4. भारत की जनगणना के अनुसार कुल साक्षरता दर में पुरुषों और महिलाओं के बीच का लिंग अंतर (Gender Gap) वर्ष 2001 के लगभग 21.6% से घटकर वर्ष 2011 में लगभग 16.6% रह गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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भारत के भौगोलिक विस्तार, भू-आकृतिक सीमाओं और अक्षांशीय-देशांतरीय विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. भारत का मुख्य भूमि का विस्तार 8°4' उत्तर से 37°6' उत्तर अक्षांशों के मध्य है, तथा इसके कुल अक्षांशीय और देशांतरीय विस्तार में लगभग 30 डिग्री का अंतर होने के बावजूद, अरुणाचल प्रदेश (सबसे पूर्वी छोर) और गुजरात (सबसे पश्चिमी छोर) के स्थानीय समय में लगभग 1 घंटा 56 मिनट का वास्तविक समयान्तर पाया जाता है।
2. भारत का मानक समय (IST) 82°30' पूर्वी देशांतर है, जो ग्रीनविच मीन टाइम (GMT) से 5 घंटे आगे है और यह देशांतर रेखा उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर के पास से गुजरती हुई कुल पाँच राज्यों (उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश) से होकर जाती है।
3. भारत का सबसे दक्षिणतम बिंदु (दूरस्थ बिंदु) 'इंदिरा पॉइंट' है, जो ग्रेट निकोबार द्वीप समूह के दक्षिण में 6°45' उत्तर अक्षांश पर स्थित है, जबकि मुख्य भूमि का दक्षिणतम बिंदु कन्याकुमारी में स्थित 'केप कोमोरिन' है।
4. कर्क रेखा (23°30' उत्तर अक्षांश) भारत के लगभग मध्य से गुजरती है और यह देश के कुल आठ राज्यों (गुजरात, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा और मिजोरम) से होकर अपनी सीमा बनाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों के वितरण और उनकी विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. भारत में कोयला भंडार का सबसे बड़ा हिस्सा गोंडवाना कोयला क्षेत्रों (Gondwana Coalfields) में पाया जाता है, जो मुख्य रूप से दामोदर, सोन, महानदी और गोदावरी नदी घाटियों में संकेंद्रित हैं और इनमें उच्च कोटि का बिटुमिनस कोयला प्रचुर मात्रा में मिलता है।
2. देश में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस के अधिकांश भंडार टर्शरी युग की तलछटी चट्टानों (Tertiary Sedimentary Rocks) और अपतटीय (Offshore) क्षेत्रों में स्थित हैं, जिसमें मुंबई हाई (Mumbai High) भारत का सबसे बड़ा अपतटीय तेल क्षेत्र है जो खंभात बेसिन के अंतर्गत आता है।
3. भारत के परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम में यूरेनियम के भंडार झारखंड के सिंहभूम क्षेत्र और आंध्र प्रदेश-तेलंगाना के तुमलापल्ले क्षेत्र में बड़े पैमाने पर खोजे गए हैं, जबकि थोरियम का विशाल भंडार केरल, तमिलनाडु और ओडिशा के तटीय क्षेत्रों में 'मोनाज़ाइट बालू' (Monazite Sand) के रूप में प्रचुरता से उपलब्ध है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार देश का पहला परमाणु विद्युत गृह तारापुर (Maharashtra) में स्थापित किया गया था, और परमाणु ऊर्जा के लिए आवश्यक भारी जल (Heavy Water) का उत्पादन भारत में रासायनिक और उर्वरक निगम के विभिन्न संयंत्रों द्वारा किया जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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पृथ्वी की आंतरिक संरचना, भूपर्पटी (Crust) के रासायनिक संघटन, असंतुलन क्षेत्रों (Discontinuities) और चट्टानों के रूपांतरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. कॉनराड असंतुलन (Conrad Discontinuity) ऊपरी क्रस्ट और निचली क्रस्ट के बीच की सीमा रेखा है, जबकि गुटेनबर्ग असंतुलन (Gutenberg Discontinuity) मेंटल और आउटर कोर के बीच स्थित है जहाँ S-तरंगों का संचरण पूर्णतः रुक जाता है।
2. आग्नेय चट्टानों (Igneous Rocks) में पेरिडोटाइट और गैब्रो आंतरिक (Intrusive) आग्नेय चट्टानों के प्रमुख उदाहरण हैं, जिनका निर्माण मैग्मा के पृथ्वी की गहराई में धीरे-धीरे ठंडा होने से बड़े रवेदार (Crystalline) संरचना के रूप में होता है।
3. क्षेत्रीय कायांतरण (Regional Metamorphism) के दौरान अत्यधिक विवर्तनिक दबाव और उच्च तापमान के प्रभाव से बलुआ पत्थर (Sandstone) का रूपांतरण क्वार्ट्जाइट में तथा शेल (Shale) का रूपांतरण सिस्ट या स्लेट में होता है।
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