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Geography
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महासागरीय उच्चावच, ज्वार-भाटा और प्रमुख जलसंधियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. महासागरीय मग्नतट (Continental Shelf) महाद्वीपों का डूबा हुआ विस्तारित भाग होता है, जिसकी औसत प्रवणता (Gradient) बहुत कम होती है और यह क्षेत्र विश्व के सबसे समृद्ध मतस्य क्षेत्रों (Fishing Grounds) तथा पेट्रोलियम भंडारों के लिए जाना जाता है।
- 2. 'वृहत ज्वार' (Spring Tides) की उत्पत्ति तब होती है जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी एक सीध में (सिजगी/Syzygy की स्थिति में) होते हैं, जो अमावस्या और पूर्णिमा दोनों दिनों में घटित होता है, जबकि 'लघु ज्वार' (Neap Tides) के दौरान चंद्रमा और सूर्य पृथ्वी के केंद्र पर समकोण बनाते हैं।
- 3. जिब्राल्टर जलसंधि (Strait of Gibraltar) अटलांटिक महासागर को भूमध्यसागर से जोड़ती है और यूरोप के स्पेन को अफ्रीका के मोरक्को से अलग करती है, जिसे इसके सामरिक महत्व के कारण 'भूमध्यसागर की कुंजी' (Key to the Mediterranean) कहा जाता है।
- 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार दैनिक ज्वार (Diurnal Tide) में प्रत्येक 24 घंटे और 52 मिनट के अंतराल पर एक उच्च ज्वार और एक निम्न ज्वार आता है, जो चंद्रमा की दैनिक गतिकी के अनुरूप होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए सभी कथन पूरी तरह से सही हैं। महासागरीय मग्नतट महाद्वीपों का तटवर्ती उथला भाग होता है जो प्रकाश की प्रचुरता और खनिज भंडारों के कारण सर्वाधिक उपजाऊ होता है। सिजगी की स्थिति (अमावस्या और पूर्णिमा) में सूर्य और चंद्रमा के सम्मिलित गुरुत्वाकर्षण बल के कारण वृहत ज्वार आते हैं, जबकि समकोण स्थिति (सप्तमी/अष्टमी) में लघु ज्वार आते हैं। जिब्राल्टर जलसंधि अटलांटिक महासागर और भूमध्यसागर को जोड़ने वाली अत्यंत महत्वपूर्ण जलडमरूमध्य है। इसके अतिरिक्त, चंद्र ज्वारीय चक्र 24 घंटे 52 मिनट का होता है जिसके तहत दैनिक ज्वार की आवृति निर्धारित होती है। अधिक जानकारी के लिए देखें विकिपीडिया संदर्भ।
Related Questions
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भारतीय मानसून की उत्पत्ति, वर्षा के वितरण और उसकी क्रियाविधि के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. दक्षिण-पश्चिम मानसून की 'अरब सागर शाखा' पश्चिमी घाट से टकराकर भारी वर्षा करती है, जिसके कारण पश्चिमी घाट के पवनविमुखी (Windward) ढालों पर अत्यधिक वर्षा होती है, जबकि वृष्टिछाया (Rain Shadow) क्षेत्र होने के कारण दक्कन के पठार का आंतरिक भाग अपेक्षाकृत शुष्क रहता है।
2. 'अल-निनो' (El Nino) घटना के दौरान प्रशांत महासागर में पूर्वी पेरू के तट पर ठंडे पानी का अपवेलिंग (Upwelling) अत्यधिक प्रबल हो जाता है, जिससे भारतीय उपमहाद्वीप पर दक्षिण-पश्चिम मानसून की वर्षा में सामान्य से अधिक वृद्धि होती है।
3. उत्तर-पूर्वी मानसून (शीतकालीन मानसून) के दौरान भारत के अधिकांश भागों में सूखा रहता है, परंतु तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों में इस अवधि में शीतकालीन वर्षा होती है क्योंकि ये हवाएँ बंगाल की खाड़ी से नमी ग्रहण करती हैं।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारतीय मानसून एक मौसमी हवाओं का व्युत्क्रमण (Reversal of Winds) तंत्र है, जो मुख्य रूप से थल और जल के असमान रूप से गर्म होने, अंतः उष्णकटिबंधीय अभिसरण क्षेत्र (ITCZ) के उत्तर की ओर खिसकने और ऊपरी क्षोभमंडल में जेट स्ट्रीम के प्रभाव से संचालित होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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भारत की जनसांख्यिकीय विशेषताओं, वर्ष 2011 की जनगणना के विश्लेषणात्मक पहलुओं और मानवजातिय (Racial) वर्गीकरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. प्रसिद्ध मानवशास्त्री बी.एस. गुहा (B.S. Guha) द्वारा प्रस्तुत भारतीय नस्कीय वर्गीकरण में 'ब्रेसिफेल्स' (Brachycephals) समूह के अंतर्गत अल्पाइन, डिनारिक और आर्मेनॉइड उप-जातियाँ शामिल हैं, जो मुख्य रूप से पश्चिमी बंगाल, गुजरात, महाराष्ट्र और कर्नाटक के क्षेत्रों में पाई जाती हैं।
2. वर्ष 2011 की अंतिम जनगणना के अनुसार भारत की कुल जनसंख्या में बाल जनसंख्या (0-6 आयु वर्ग) का अनुपात लगभग 13.1% है, और इस आयु वर्ग में सबसे कम लिंगानुपात (Child Sex Ratio) वाला राज्य हरियाणा है, जबकि सर्वोच्च बाल लिंगानुपात वाला राज्य मिजोरम है।
3. भारत में आंतरिक प्रवास (Internal Migration) के दौरान ग्रामीण से नगरीय क्षेत्रों की ओर होने वाले पुरुष प्रवास का प्रमुख कारण 'रोजगार और शिक्षा' है, जबकि कुल आंतरिक प्रवासियों (ग्रामीण-ग्रामीण सहित) में महिलाओं के प्रवास का सबसे बड़ा कारण 'विवाह' दर्ज किया गया है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार 2011 की जनगणना के समय भारत का घनत्व (Density of Population) 382 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर था, जिसमें सर्वाधिक जनघनत्व वाला राज्य बिहार (1106) और केंद्र शासित प्रदेशों में दिल्ली शीर्ष स्थान पर था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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पृथ्वी की आंतरिक संरचना, असंबद्धताओं (Discontinuities) और भूकंपीय तरंगों के संचरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'मोहरोविकिक असंबद्धता' (Mohorovicic Discontinuity) क्रस्ट (Crust) और मेंटल (Mantle) के बीच की सीमा रेखा है, जहाँ से प्राथमिक (P) भूकंपीय तरंगों की गति में अचानक तीव्र वृद्धि (लगभग 6 किमी/सेकंड से बढ़कर 8 किमी/सेकंड) हो जाती है।
2. 'गुटेनबर्ग असंबद्धता' (Gutenberg Discontinuity) मेंटल और क्रोड (Core) को पृथक् करती है, और इस गहराई पर द्वितीयक (S) तरंगें पूरी तरह से गायब (अन्तर्धान) हो जाती हैं क्योंकि यह माध्यम तरल अवस्था में परिवर्तित हो जाता है।
3. 'लेहमान असंबद्धता' (Lehmann Discontinuity) बाहरी क्रोड (Outer Core) और आंतरिक क्रोड (Inner Core) के बीच स्थित है, जो तरल बाहरी क्रोड को ठोस आंतरिक क्रोड से अलग करती है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार पृथ्वी के क्रोड का घनत्व क्रस्ट और मेंटल की तुलना में सर्वाधिक है, तथा इसका मुख्य घटक 'निफे' (Nife - निकल और लोहा) है जो पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण और चुंबकीय क्षेत्र के लिए मुख्य रूप से उत्तरदायी है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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पृथ्वी के वायुमंडल के संगठन, विभिन्न परतों और वैश्विक वायुदाब पेटियों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वायुमंडल की कुल गैसों का लगभग 99 प्रतिशत हिस्सा पृथ्वी की सतह से केवल 32 किलोमीटर की ऊंचाई तक सीमित है, जिसमें नाइट्रोजन (78%) और ऑक्सीजन (21%) का संयुक्त रूप से भारी आधिपत्य है।
2. 'मध्यमंडल' (Mesosphere) वायुमंडल की तीसरी परत है जो समताप सीमा के ऊपर लगभग 50 किमी से 80 किमी की ऊंचाई तक फैली है, और इस परत में ऊंचाई के साथ तापमान में भारी गिरावट आती है, जिससे यह वायुमंडल की सबसे ठंडी परत बन जाती है।
3. 'क्षोभसीमा' (Tropopause) पर तापमान ध्रुवों के ऊपर लगभग -45°C और भूमध्य रेखा के ऊपर लगभग -80°C होता है, जहाँ भूमध्य रेखा के ऊपर अधिक ऊंचाई के कारण यहाँ का तापमान ध्रुवों की तुलना में कम होता है।
4. 'ध्रुवीय उच्च वायुदाब पेटी' (Polar High-Pressure Belt) का निर्माण तापीय रूप से होता है, क्योंकि ध्रुवीय क्षेत्रों में वर्षभर सूर्य की किरणें अत्यंत तिरछी पड़ती हैं जिसके कारण अत्यधिक ठंड और भारी हवा के नीचे बैठने से उच्च दाब का विकास होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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भारत में सिंचाई, कृषि पद्धतियों और प्रमुख फसलों के संबंध में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. देश के कुल सिंचित क्षेत्रफल में 'नलकूपों और अन्य कुओं' (Tube wells and Wells) का हिस्सा सबसे अधिक है, जिसके पश्चात 'नहरों' (Canals) का स्थान आता है।
2. 'परिशुद्ध कृषि' (Precision Agriculture) और सूक्ष्म सिंचाई पद्धतियाँ (ड్రిप और फव्वारा सिंचाई) जल उपयोग दक्षता (Water Use Efficiency) को अधिकतम करती हैं और उर्वरकों के रिसाव (Leaching) को कम करती हैं।
3. भारत में 'बाजरा' और 'ज्वार' जैसी मोटे अनाजों (Millets) की फसलें मुख्य रूप से वर्षा-आधारित (Rainfed) क्षेत्रों में उगाई जाती हैं, जिन्हें बहुत कम जल की आवश्यकता होती है और ये शुष्क जलवायु के प्रति अत्यधिक सहनशील होती हैं।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत में कुल बोए गए क्षेत्र का सबसे बड़ा भाग 'गेहूँ' की फसल के अंतर्गत आता है, जो देश की एकमात्र सर्वप्रमुख खाद्य फसल है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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