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History of India
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यूरोपीय कंपनियों के भारत आगमन और पुर्तगाली सत्ता की स्थापना के प्रारंभिक दौर के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. वास्को डी गामा की भारत की दूसरी यात्रा (वर्ष 1502) के दौरान उसने कोचीन में पुर्तगालियों की पहली फैक्ट्री या कारखाने की स्थापना की थी, जबकि पुर्तगालियों द्वारा भारत में निर्मित पहला दुर्ग 'सैन एंजेलो किला' कन्नूर में बनाया गया था।
  2. 2. फ्रांसिस्को डी अल्मेडा भारत में पहला पुर्तगाली गवर्नर था, जिसने 'ब्लू वाटर पॉलिसी' (नीले पानी की नीति) का प्रतिपादन किया था, जिसका उद्देश्य हिंद महासागर पर पुर्तगाली प्रभुत्व स्थापित करना और व्यापारिक एकाधिकार सुनिश्चित करना था।
  3. 3. अल्बुकर्क को भारत में पुर्तगाली साम्राज्य का वास्तविक संस्थापक माना जाता है, जिसने वर्ष 1510 में बीजापुर के आदिल शाह से गोवा को छीनकर पुर्तगाली नियंत्रण में ले लिया था और पुर्तगालियों को भारतीय महिलाओं के साथ विवाह करने के लिए प्रोत्साहित किया था।
  4. 4. नुनीकुओ (Nuno da Cunha) के गवर्नर बनने के बाद पुर्तगालियों ने वर्ष 1530 में अपना आधिकारिक मुख्यालय कोचीन से स्थानांतरित कर गोवा बना लिया तथा हुगली और बेसिन के क्षेत्रों पर भी अपना प्रभाव फैलाया।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 गलत है क्योंकि पुर्तगालियों द्वारा भारत में स्थापित पहली फैक्ट्री या कारखाना वर्ष 1500 में पेड्रो अल्वारेस कैब्राल द्वारा कोचीन में नहीं, बल्कि वास्को डी गामा की पहली यात्रा के बाद वर्ष 1503 में कोचीन में ही स्थापित की गई थी, किंतु कोचीन का पहला किला 'कोटा रियल' था, जबकि 'सैन एंजेलो किला' कन्नूर में 1505 में अल्मेडा द्वारा बनवाया गया था। यहाँ मुख्य तथ्य यह है कि पुर्तगालियों की पहली फैक्ट्री कोचीन में 1503 में बनी थी, लेकिन कथन 1 की सूक्ष्म त्रुटि यह है कि वास्को डी गामा की दूसरी यात्रा 1502 में हुई थी और उसने कोचीन में फैक्ट्री स्थापित की थी, परंतु पहला दुर्ग 'सैन एंजेलो' कन्नूर में था। अधिक गहराई से समझ के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं। कथन 2, 3 और 4 पूर्णतः सत्य हैं; फ्रांसिस्को डी अल्मेडा पहला गवर्नर था जिसने नीले पानी की नीति अपनाई, अल्बुकर्क ने 1510 में गोवा जीता और नुनीकुओ ने 1530 में मुख्यालय कोचीन से गोवा स्थानांतरित किया।
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