BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Child Development
1 views

एक विद्यालय के प्रधानाचार्य और शिक्षक कक्षा-कक्ष की विशिष्ट समस्याओं (जैसे छात्रों में गणित के प्रति भय या अनुशासनहीनता) के समाधान के लिए एक ऐसी चक्रीय शोध प्रक्रिया का उपयोग करते हैं जिसमें 'तथ्य संकलन, योजना, क्रियान्वयन, और त्वरित मूल्यांकन' शामिल होता है। इस संपूर्ण प्रक्रिया का केंद्रीय उद्देश्य सामान्य सिद्धांतों का निर्माण करना न होकर तात्कालिक व्यावहारिक समस्याओं का समाधान करना है। शिक्षण विधियों और शोध के संदर्भ में इस पद्धति की सबसे प्रमुख विशेषता क्या है?

Detailed Explanation

क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) शिक्षकों और प्रशासकों द्वारा कक्षा-कक्ष और विद्यालय की तात्कालिक समस्याओं के वैज्ञानिक समाधान के लिए की जाने वाली एक चक्रीय प्रक्रिया है। इसके माध्यम से शिक्षक अपनी शिक्षण विधियों में तुरंत सुधार ला सकते हैं। इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देखा जा सकता है।
Share:

Related Questions

अधिगम के वक्र (Learning Curves), अधिगम पठार (Plateau of Learning) और अधिगम का स्थानांतरण (Transfer of Learning) की तात्विक और वैज्ञानिक संकल्पनाओं का गहन विश्लेषण करने पर, यदि किसी शिक्षार्थी के सीखने की प्रक्रिया के दौरान बीच में एक ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है जहाँ उसका निष्पादन स्तर पूरी तरह स्थिर (Flat) हो जाता है, और साथ ही उसके द्वारा पूर्व में सीखे गए किसी विषय का ज्ञान या कौशल नई परिस्थिति में उसके सीखने को सकारात्मक या नकारात्मक रूप से प्रभावित करता है; तो इस मनोवैज्ञानिक संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है? साईन (चिह्न) का सिद्धांत किसने दिया? जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, जब कोई बच्चा पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था (Pre-operational Stage) से मूर्त संक्रियात्मक अवस्था (Concrete Operational Stage) में प्रवेश करता है, तो उसके चिंतन में 'संरक्षण' (Conservation) और 'विकेंद्रीकरण' (Decentration) की योग्यता का विकास होता है। इस संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प पियाजे के 'संरक्षण' के विचार और उसकी विकास प्रक्रिया का सबसे सटीक विश्लेषणात्मक विवरण प्रस्तुत करता है? गेस्टाल्टवादी अधिगम सिद्धांत (सूझ या अंतर्दृष्टि का सिद्धांत) के अंतर्गत वोल्फगैंग कोहलर द्वारा सुल्तान नामक चिम्पांजी पर किए गए प्रयोगों में समस्या समाधान की प्रक्रिया की तात्विक और संज्ञानात्मक प्रकृति के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है? लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत में 'निजी वाक' (Private Speech) और 'आंतरिक वाक' (Inner Speech) की तात्विक गतिकी का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई बालक किसी जटिल कार्य को करते समय स्वयं से जोर-जोर से बातें करता है और बाद में वही वाक उसके मन में केवल मानसिक निर्देशों के रूप में परिवर्तित हो जाता है, तो वाइगोत्स्की के अनुसार संज्ञानात्मक विकास और भाषा के अंतर्संबंधों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.