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Child Development
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लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत (Socio-Cultural Theory) के अंतर्गत 'सांस्कृतिक उपकरण' (Cultural Tools) या 'सांस्कृतिक मध्यस्थता' (Cultural Mediation) की तात्विक और संज्ञानात्मक गतिकी का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, वाइगोत्स्की के अनुसार उच्च मानसिक प्रक्रियाओं (Higher Mental Functions) के विकास में इन उपकरणों की क्या भूमिका होती है और ये किस प्रकार कार्य करते हैं?
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Detailed Explanation
लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत के अनुसार, मानव विकास को समझने के लिए जैविक कारकों के साथ-साथ सामाजिक और सांस्कृतिक संदर्भों का अध्ययन आवश्यक है। वाइगोत्स्की ने 'सांस्कृतिक उपकरणों' (Cultural Tools) या मनोवैज्ञानिक उपकरणों जैसे भाषा, संकेत, कला और गिनती प्रणालियों को मध्यस्थ (Mediators) माना है। ये उपकरण व्यक्तियों को अपने पर्यावरण को समझने, विचारों को विनियमित करने और निचले स्तर की प्राथमिक मानसिक प्रक्रियाओं (जैसे सहज ध्यान और स्मृति) को उच्च मानसिक प्रक्रियाओं (जैसे स्वैच्छिक ध्यान और तार्किक स्मृति) में बदलने में सक्षम बनाते हैं। इस सिद्धांत के विस्तृत अध्ययन के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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