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MPTET
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, रिचर्ड एटकिंसन (Richard Atkinson) और रिचर्ड शिफरिन (Richard Shiffrin) के 'सूचना प्रसंस्करण मॉडल' (Information Processing Model) के अंतर्गत प्रतिपादित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और केंद्रीय संप्रत्यय—**'संवेदी स्मृति या सेंसरी मेमोरी' (Sensory Memory)**—जिसे उस प्रारंभिक और अति-अल्पकालिक मानसिक भंडार के रूप में परिभाषित किया जाता है जो पर्यावरण से प्राप्त होने वाली समस्त दृश्य, श्रव्य और अन्य संवेदी सूचनाओं को बिना किसी दीर्घकालिक प्रसंस्करण के अत्यंत सूक्ष्म समय (मिलीसेकंड से लेकर कुछ सेकंड तक) के लिए यथार्थ रूप में ग्रहण और सुरक्षित रखता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के ध्यान (Attention), धारणा और चयनात्मक प्रसंस्करण (Selective Processing) के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) के दृष्टिकोण से, सूचना प्रसंस्करण सिद्धांत (Information Processing Model) के तहत 'संवेदी स्मृति' (Sensory Memory) वह शुरुआती चरण है जहाँ बाहरी पर्यावरण से अनगिनत संवेदी उद्दीपक (दृश्य, श्रव्य आदि) आते हैं। इसकी क्षमता तो बड़ी होती है परंतु इसकी समयावधि (Duration) मिलीसेकंड से लेकर कुछ ही सेकंड (जैसे आइकॉनिक मेमोरी के लिए लगभग 0.5 से 1 सेकंड और इकोइक मेमोरी के लिए 3 से 4 सेकंड) की होती है। यदि इस अल्पकालिक चरण में शिक्षार्थी 'चयनात्मक ध्यान' (Selective Attention) का उपयोग नहीं करता है, तो सूचनाएं ट्रेस डीके (Trace Decay) के कारण गायब हो जाती हैं। अतः विकल्प (b) इस संप्रत्यय के मनोवैज्ञानिक और शैक्षणिक निहितार्थ को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है।
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