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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' (Theory of Cognitive Development) के संदर्भ में, उनके द्वारा प्रतिपादित चार अवस्थाओं—'संवेदी-गामक अवस्था' (Sensorimotor Stage), 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Preoperational Stage), 'मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage), और 'औपचारिक-संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage)—के अंतर्गत 'संरक्षण का सिद्धांत' (Principle of Conservation), 'विकेंद्रीकरण' (Decentration), और 'अमूर्त चिंतन' (Abstract Thinking) के वैज्ञानिक स्वरूप तथा लेव वायगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक परिप्रेक्ष्य के साथ तुलनात्मक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, 'मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था' (लगभग 7 से 11 वर्ष) में बच्चे वस्तुओं की मात्रा, आयतन या संख्या में परिवर्तन न होने पर भी उसके संरक्षित रहने (Conservation) को समझ जाते हैं और वे किसी समस्या को केवल एक पहलू से देखने के बजाय कई पहलुओं पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं, जिसे 'विकेंद्रीकरण' (Decentration) कहते हैं। हालांकि, अमूर्त विचारों पर आधारित तर्क और 'हाइपोथेटिकल-डिडक्टिव रीजनिंग' केवल 'औपचारिक-संक्रियात्मक अवस्था' (11 वर्ष से आगे) में ही संभव हो पाती है। विकल्प 'a' गलत है क्योंकि संरक्षण और उत्क्रमणीयता (Reversibility) मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था की विशेषता है, पूर्व-संक्रियात्मक की नहीं। विकल्प 'c' गलत है क्योंकि संवेदी-गामक अवस्था में वस्तु स्थायित्व तो आता है लेकिन अमूर्त चिंतन नहीं। विकल्प 'd' गलत है क्योंकि पियाजे का मानना था कि बच्चे अपने ज्ञान का निर्माण स्वयं वातावरण के साथ अंतःक्रिया करके करते हैं, जबकि सामाजिक-सांस्कृतिक और MKO का विचार लेव वायगोत्स्की का है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के संरचनात्मक व पदानुक्रमित मॉडल' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, फिलिप वर्नन (Philip Vernon) और जोसफ गिलफोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'पदानुक्रमित बुद्धि मॉडल' (Hierarchical Model of Intelligence) तथा 'बुद्धि की संरचना मॉडल' (Structure of Intellect - SOI Model जिसमें संक्रियाएँ, विषयवस्तु और उत्पाद के 120/150 घटक शामिल हैं) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), 'पैरिएटल लोब' (Parietal Lobe), और 'टेम्पोरल लोब' (Temporal Lobe) के बीच कार्यकारी नियंत्रण, स्थानिक-अमूर्त प्रसंस्करण (Spatial-Abstract Processing), और बहुआयामी मानसिक संचालन (Multidimensional Mental Operations) की सक्रियण गतिकी, तथा रेमंड कैटल (Raymond Cattell) के 'द्रव और ठोस बुद्धि' (Fluid and Crystallized Intelligence - Gf-Gc) सिद्धांत के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-इंटेलिजेंशियल ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Intelligential Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में बहु-आयामी संज्ञानात्मक क्षमताओं, समस्या-समाधान की लचीली रणनीतियों व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के संदर्भ में 'गंगा-यमुना का मध्यवर्ती मैदान' (Central Ganga-Yamuna Plain) तथा इसकी विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. मध्य गंगा-यमुना का यह मैदान उत्तर प्रदेश के बीचों-बीच स्थित है, जिसका निर्माण मुख्य रूप से गंगा, यमुना और उनकी सहायक नदियों द्वारा लाये गए नए और पुराने जलोढ़ (Khadar and Bhangar) निक्षेपों से हुआ है।
2. इस क्षेत्र में प्राचीन जलोढ़ मृदा को 'खादर' कहा जाता है, जो बाढ़ के मैदानों से दूर स्थित होने के कारण अधिक उपजाऊ होती है और प्रतिवर्ष बाढ़ के पानी से नवीनित होती रहती है।
3. इस मैदानी भाग की ढाल सामान्यतः उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूर्व की ओर है, और यहाँ समतल स्थलाकृति, सघन नहर एवं नलकूप तंत्र के कारण धान, गेहूँ और गन्ने की कृषि अत्यधिक विकसित अवस्था में है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम की विधियाँ और शिक्षण प्रविधियाँ' के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक बी.एफ. स्किनर (B.F. Skinner) द्वारा प्रतिपादित 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) सिद्धांत पर आधारित 'अभिक्रमित अनुदेशन' (Programmed Instruction) के अंतर्गत, नॉर्मन ए. क्राउडर (Norman A. Crowder) द्वारा विकसित 'शाखित अभिक्रमित अनुदेशन' (Branched Programmed Instruction या Intrinsic Programming) की सबसे विशिष्ट और केंद्रीय तकनीकी विशेषता निम्नलिखित में से कौन सी है?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं खनिज संसाधनों के संदर्भ में, राज्य के किन जिलों में 'यूरेनियम' और 'डैशमार्क (डायमंड)' के प्रमुख भंडार पाए जाते हैं, जो राज्य की खनिज संपदा की दृष्टि से अत्यधिक महत्वपूर्ण हैं?
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बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के संदर्भ में जीन पियाजे (Jean Piaget) के 'संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' (Theory of Cognitive Development) की विभिन्न अवस्थाओं और उनके विशिष्ट लक्षणों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Pre-operational Stage - लगभग 2 से 7 वर्ष) के दौरान बालकों में 'संरक्षण' (Conservation) का पूर्ण गुण विकसित हो जाता है, जिसके कारण वे यह भली-भांति समझ लेते हैं कि किसी वस्तु के आकार, रूप या बर्तन बदलने पर भी उसकी मात्रा या द्रव्यमान अपरिवर्तित रहता है।
2. इस अवस्था के बालकों की सोच में 'अहंप्रतिबद्धता' (Egocentrism) पाई जाती है, जिसका अर्थ है कि बच्चा यह मानता है कि अन्य सभी लोग भी दुनिया को उसी दृष्टिकोण से देखते हैं, महसूस करते हैं और सोचते हैं जैसा कि वह स्वयं देखता है।
3. 'मूर्त संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage - लगभग 7 से 11 वर्ष) में बालक वस्तुओं को उनके गुणों के आधार पर 'वर्गीकृत' (Classifying) करने, आरोही-अवरोही क्रम में व्यवस्थित करने (Seriation) तथा 'विकेंद्रीकरण' (Decentration) की क्षमता प्राप्त कर लेता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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