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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, पियाजे द्वारा प्रतिपादित 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Preoperational Stage: प्रतीकात्मक कार्य, अहंकेंद्रिता और जीववाद (Animism)) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'लिम्बिक सिस्टम और एमिग्डाला' (Limbic System & Amygdala - संवेगात्मक प्रक्रमण और अहंकेंद्रित कल्पना), 'इंसुला तथा पूर्वकाल सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (Insula & Anterior Cingulate Cortex - आत्म-अन्य भेद की प्रारंभिक अवस्था और संवेदी आत्मसात), तथा 'अपरिपक्व फ्रंटो-पैरिएटल नेटवर्क्स' (Immature Fronto-Parietal Networks - मानसिक संचालन, संरक्षण की कमी और अपरिवर्तनीयता (Irreversibility)) के बीच अल्प-विकसित व्हाइट मैटर कनेक्टिविटी, डिस्ट्रीब्यूटेड कॉर्टिकल सिंक्रोनाइजेशन के अभाव, और सिनैप्टिक प्रूनिंग की प्रारंभिक गतिकी, तथा मारिया मोंटेसरी के 'संवेदी-आधारित व्यावहारिक अधिगम' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-प्रीऑपरेशनल ऑप्टिमाइज्ड सिम्बॉलिक पेडागोजी' (Neuro-Preoperational Optimized Symbolic Pedagogy) और विद्यार्थियों में प्रतीकात्मक खेल, भाषा विकास व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?

Detailed Explanation

जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास की 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (लगभग 2 से 7 वर्ष) में मस्तिष्क के फ्रंटो-पैरिएटल नेटवर्क्स और व्हाइट मैटर ट्रैक्ट्स पूरी तरह परिपक्व नहीं होते हैं। इसके परिणामस्वरूप बच्चे मानसिक संचालन (Mental Operations), संरक्षण (Conservation) और अपरिवर्तनीयता (Irreversibility) को समझने में असमर्थ होते हैं तथा अहंकेंद्रिता (Egocentrism) और जीववाद (Animism) प्रदर्शित करते हैं। आधुनिक न्यूरो-शैक्षणिक दृष्टिकोण ('न्यूरो-प्रीऑपरेशनल ऑप्टिमाइज्ड सिम्बॉलिक पेडागोजी') के अनुसार, इस आयु वर्ग में प्रतीकात्मक खेल, कल्पनाशीलता और मूर्त बहु-संवेदी अनुभवों के माध्यम से संज्ञानात्मक विकास को प्रभावी ढंग से संवर्धित किया जा सकता है। अत: विकल्प (b) सर्वाधिक उपयुक्त और वैज्ञानिक रूप से सत्य है।
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उत्तर प्रदेश के लोकगीतों और उनकी गायन विधाओं के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. 'बिरहा' (Birha) - मुख्य रूप से पूर्वांचल क्षेत्र (विशेषकर वाराणसी, गाजीपुर और जौनपुर) में गाया जाने वाला एक लोकगीत है, जिसमें सामाजिक, पारिवारिक और वीर रस की कथाओं का वर्णन किया जाता है। 2. 'कजरी' (Kajri) - मिर्जापुर और वाराणसी क्षेत्रों में सावन के महीने में गाया जाने वाला एक पारंपरिक लोकगीत है, जो मानसून के आगमन और राधा-कृष्ण के प्रेम प्रसंगों पर आधारित होता है। 3. 'आल्हा' (Alha) - बुंदेलखंड क्षेत्र में गाया जाने वाला एक वीर गाथात्मक लोकगीत है, जो चंदेल राजाओं के सेनापतियों आल्हा और ऊदल की वीरता की लड़ाइयों का वर्णन करता है, और इसे मुख्य रूप से वर्षा ऋतु में गाया जाता है। 4. 'चौतीसा' या 'चैती' (Chaiti) - पश्चिमी उत्तर प्रदेश (मेरठ और सहारनपुर) में मुख्य रूप से होली के अवसर पर गाया जाने वाला विरह रस प्रधान लोकगीत है। उपर्युक्त युग्मों में से कौन सा/से सही सुमेलित है/हैं? भारतीय संविधान की प्रस्तावना (Preamble) और राज्य के नीति निर्देशक तत्वों (DPSP) के अंतर्संबंधों के संदर्भ में, भारतीय सर्वोच्च न्यायालय के किस ऐतिहासिक वाद में यह स्पष्ट किया गया था कि 'संविधान की मूल संरचना' (Basic Structure) को प्रभावित किए बिना सामाजिक-आर्थिक न्याय के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए संसद नीति निर्देशक तत्वों को लागू करने हेतु मौलिक अधिकारों में संशोधन कर सकती है, बशर्ते वह प्रस्तावना के मूल उद्देश्यों के अनुकूल हो? बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के संदर्भ में, लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) के नैतिक विकास के सिद्धांत की 'उत्तर-रूढ़िगत स्तर' (Post-Conventional Morality) के अंतर्गत आने वाली अंतिम अवस्था यानी 'विवेक की सार्वभौमिक नीतिपरक अवस्था' (Universal Ethical Principle Orientation) की सबसे मुख्य और विशिष्ट मनोवैज्ञानिक विशेषता निम्नलिखित में से कौन सी है? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'समावेशी शिक्षा और व्यक्तिगत भिन्नताएं' (Inclusive Education and Individual Differences) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, हावर्ड गार्डनर और कार्ल जुंग के दृष्टिकोण के आधार पर 'शिक्षार्थियों की वैयक्तिक भिन्नताओं और शिक्षण शैलियों' (Learning Styles) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'सोमैटोसेंसरी कॉर्टेक्स' (Somatosensory Cortex), 'विजुअल कॉर्टेक्स' (Visual Cortex), और 'ऑडिटरी कॉर्टेक्स' (Auditory Cortex) के बीच संवेदी एकीकरण (Sensory Integration), न्यूरल प्लास्टिसिटी (Neural Plasticity), और मल्टी-मोडल प्रोसेसिंग की सक्रियण गतिकी, तथा डेविड कोब (David Kolb) के 'experiential learning cycle' (अनुभवात्मक अधिगम चक्र: ठोस अनुभव, चिंतनशील अवलोकन, अमूर्त अवधारणा और सक्रिय प्रयोग) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-डाइवर्सिटी ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Diversity Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में विभेदित निर्देश (Differentiated Instruction), बहुसंवेदी शिक्षण रणनीतियों व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? उत्तर प्रदेश की जनसांख्यिकीय विशेषताओं और वर्ष 2011 की जनगणना के अंतिम आंकड़ों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश की कुल जनसंख्या में बाल जनसंख्या (0-6 वर्ष आयु वर्ग) का प्रतिशत लगभग 15.41% है, जिसमें सर्वाधिक बाल जनसंख्या वाला जिला इलाहाबाद (प्रयागराज) है। 2. राज्य में साक्षरता दर के संदर्भ में, वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार कुल साक्षरता दर 67.7% थी, जिसमें पुरुष साक्षरता दर लगभग 77.3% और महिला साक्षरता दर 57.2% दर्ज की गई थी। 3. उत्तर प्रदेश का सर्वाधिक साक्षरता वाला जिला 'गौतम बुद्ध नगर' है, जबकि न्यूनतम साक्षरता वाला जिला 'बहराइच' है, और राज्य में ग्रामीण जनसंख्या का प्रतिशत लगभग 77.7% है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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