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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'पर्यावरण अध्ययन' (EVS) के अंतर्गत 'जैव विविधता एवं उसका संरक्षण' (Biodiversity and its Conservation) के संदर्भ में, जैव विविधता के 'स्व-स्थान संरक्षण' (In-situ Conservation) और 'बाह्य-स्थान संरक्षण' (Ex-situ Conservation) के वैज्ञानिक दृष्टिकोण, उनके प्रमुख उदाहरणों (जैसे राष्ट्रीय उद्यान, वन्यजीव अभयारण्य, बायोस्फीयर रिजर्व, वानस्पतिक उद्यान, जीन बैंक और चिड़ियाघर) तथा उनके व्यावहारिक अनुप्रयोगों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
जैव विविधता का संरक्षण मुख्य रूप से दो विधियों द्वारा किया जाता है: 1. स्व-स्थान संरक्षण (In-situ Conservation): इसमें पौधों और जंतुओं का संरक्षण उनके प्राकृतिक आवास (Natural Habitat) में ही किया जाता है। इसके अंतर्गत राष्ट्रीय उद्यान (National Parks), वन्यजीव अभयारण्य (Wildlife Sanctuaries), जैव मंडल आरक्षित क्षेत्र (Biosphere Reserves) और जैव विविधता हॉटस्पॉट आते हैं। 2. बाह्य-स्थान संरक्षण (Ex-situ Conservation): इसमें संकटग्रस्त प्रजातियों को उनके प्राकृतिक आवास से बाहर लाकर किसी सुरक्षित या कृत्रिम स्थान पर संरक्षित किया जाता है। इसके अंतर्गत वानस्पतिक उद्यान (Botanical Gardens), चिड़ियाघर (Zoo), जीन बैंक (Gene Banks), और क्रायोप्रेजर्वेशन (Cryopreservation) आते हैं। अतः विकल्प (c) पूर्णतः सत्य है क्योंकि यह स्व-स्थान संरक्षण की सही परिभाषा और उसके उदाहरण को दर्शाता है, जबकि अन्य विकल्प तथ्यात्मक रूप से गलत हैं।
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं कृषि-जलवायु परिदृश्य के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश को कुल 9 कृषि-जलवायु क्षेत्रों (Agro-climatic Zones) में विभाजित किया गया है, और यहाँ की सर्वाधिक उपजाऊ जलोढ़ मृदा (Alluvial Soil) को स्थानीय रूप से 'कछारी' या 'खादर' कहा जाता है, जिसमें पोटाश और चूने की प्रचुरता होती है लेकिन नाइट्रोजन और ह्यूमस की कमी पाई जाती है।
2. उत्तर प्रदेश में बहने वाली घाघरा नदी (जिसे पर्वतीय क्षेत्रों में कर्णाली कहा जाता है) राज्य में लखीमपुर खीरी और बहराइच जिलों की सीमा बनाते हुए प्रवेश करती है और छपरा के निकट गंगा में मिल जाती है, जबकि राप्ती नदी इसकी प्रमुख सहायक नदी है।
3. राज्य में स्थित 'भात और मूँड़' प्रकार की मृदा विशेष रूप से विंध्य पर्वतीय एवं पठारी क्षेत्र में पाई जाती है, जो कि कम उपजाऊ होती है और इसमें मोटे अनाजों (जैसे ज्वार, बाजरा) की खेती की जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, पियाजे द्वारा प्रतिपादित 'मूर्त संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage: 7-11 वर्ष) के दौरान 'संरक्षण' (Conservation) और 'वर्गीकरण' (Classification) की क्षमता के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'पैरिएटल लोब' (Parietal Lobe), 'डर्सोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Dorsolateral Prefrontal Cortex - DLPFC), और 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus) के बीच स्थानिक-दृश्य एकीकरण, तार्किक श्रेणीबद्ध प्रसंस्करण, और कार्यकारी स्मृति (Working Memory) के बीच समन्वय की सक्रियण गतिकी, तथा জেরोम ब्रूनर (Jerome Bruner) के 'प्रतिनिधित्व के तरीके' (Modes of Representation: एनेक्टिव, आइकॉनिक, और सिम्बॉलिक) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-ऑपरेशनल ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Operational Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में मूर्त अनुभवों से अमूर्त चिंतन की ओर सुगमता, तार्किक युक्ति-निर्माण व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के बहुबुद्धि सिद्धांत (Theory of Multiple Intelligences)' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, हावर्ड गार्डनर (Howard Gardner) द्वारा प्रतिपादित 'विभिन्न बुद्धियों' (जैसे- भाषाई, तार्किक-गणितीय, स्थानिक, संगीतात्मक, शारीरिक-गतिकी, अंतर्व्यक्तिगत, अंतर-व्यक्तिगत और प्रकृतिवादी) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के विशिष्ट कॉर्टिकल क्षेत्रों (जैसे- ब्रोकन/वर्निक क्षेत्र, पेइरटल लोब, ऑसिपिटल-टेम्पोरल जंक्शन, सेरिबैलम, और प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स) के बीच स्वतंत्र न्यूरल मॉड्यूल और मॉड्यूलरिटी ऑफ माइंड की सक्रियण गतिकी, तथा रॉबर्ट स्टर्नबर्ग (Robert Sternberg) के 'त्रित्त बुद्धि सिद्धांत' (Triarchic Theory: विश्लेषणात्मक, सृजनात्मक और व्यावहारिक बुद्धि) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, डिफरेंशिएटेड कंस्ट्रक्टिविस्ट पेडागोजी (Differentiated Constructive Pedagogy) और विद्यार्थियों में बहुआयामी प्रतिभाओं, संज्ञानात्मक स्वायत्तता व समग्र समस्या-समाधान क्षमताओं के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) द्वारा प्रतिपादित 'उत्तर-रूढ़िगत नैतिकता स्तर' (Post-Conventional Morality) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'वेंट्रोमेडियल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (vmPFC), 'इंसुला' (Insula) और 'एंटिरियर सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (ACC) के बीच नैतिक निर्णय लेने, सामाजिक-भावनिक सहानुभूति और संज्ञानात्मक दुविधा समाधान की सक्रियण गतिकी, तथा कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) द्वारा प्रतिपादित 'देखभाल की नैतिकता' (Ethics of Care) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक व उच्च प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, मूल्य-आधारित लोकतांत्रिक शिक्षाशास्त्र (Values-Based Democratic Pedagogy) और विद्यार्थियों में नैतिक तर्क, सार्वभौमिक न्याय बोध व समग्र चरित्र निर्माण के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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दूध से दही बनने की प्रक्रिया को क्या कहा जाता है?
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