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हिंदी भाषा शिक्षण और व्याकरण के संदर्भ में, पाणिनी की अष्टाध्यायी पर आधारित कात्यायन (वररुचि) द्वारा रचित 'वार्तिक' ग्रंथ की मूल भाषागत विशेषता और पाणिनी के सूत्रों में सुधार या संशोधन प्रस्तुत करने की पद्धति को निम्नलिखित में से किस रूप में सबसे सटीक रूप से परिभाषित किया जाता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कात्यायन (जिन्हें वररुचि भी कहा जाता है) ने पाणिनी की 'अष्टाध्यायी' के सूत्रों पर 'वार्तिक' की रचना की। वार्तिककार वह होता है जो यह देखे कि पाणिनी के सूत्रों में क्या कहा गया है (उक्त), क्या छोड़ दिया गया है (अनुक्त), और क्या अस्पष्ट रूप से कहा गया है (दुरुक्त)। इस प्रकार, वार्तिक पाणिनी के सूत्रों की समीक्षा करते हुए उनमें आवश्यक संशोधन, परिवर्धन और स्पष्टीकरण प्रस्तुत करते हैं। यह हिंदी और संस्कृत व्याकरण के इतिहास में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान रखता है।
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पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण अधिगम में 'रूब्रिक्स' (Rubrics) का उपयोग मुख्य रूप से किस उद्देश्य के लिए किया जाता है?
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भारतीय संविधान की सातवीं अनुसूची के अंतर्गत राज्य सूची (State List) का विषय होने के बावजूद, निम्नलिखित में से कौन सा ऐसा विषय है जिसे 42वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1976 द्वारा समवर्ती सूची (Concurrent List) में स्थानांतरित नहीं किया गया था?
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बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के संदर्भ में जीन पियाजे (Jean Piaget) के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत (Cognitive Development Theory) और 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage) की प्रमुख विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस अवस्था की शुरुआत सामान्यतः लगभग 11 या 12 वर्ष की आयु से होती है और यह किशोरावस्था से वयस्कता तक चलती है, जिसमें बालक अमूर्त चिंतन (Abstract thinking), तार्किक परिकल्पना निर्माण (Hypothetico-deductive reasoning) और वैज्ञानिक पद्धति से समस्याओं का समाधान करने की क्षमता विकसित कर लेता है।
2. इस चरण के दौरान बच्चों में 'संरक्षण' (Conservation), 'विकेंद्रीकरण' (Decentration) और 'श्रेणीबद्धता' (Class inclusion) की क्षमताएं पहली बार पूरी तरह से विकसित होती हैं, जबकि मूर्त वस्तुओं का होना उनके लिए तर्क करने की अनिवार्य शर्त बना रहता है।
3. 'संयोजनवादी तर्क' (Combinatorial reasoning) और 'आनुमानिक-निगमनात्मक सोच' इस अवस्था की मुख्य पहचान हैं, जिसके द्वारा किशोर किसी समस्या के विभिन्न संभावित समाधानों को मानसिक रूप से व्यवस्थित करके उनकी जाँच कर सकते हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धिमत्ता के द्वि-कारक और बहु-कारक सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) द्वारा प्रतिपादित 'जी-फैक्टर और एस-फैक्टर' (General and Specific Intelligence Factors) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), 'पैरिएटल कॉर्टेक्स' (Parietal Cortex), और 'फ्रंटोपैराइटल नेटवर्क' (Frontoparietal Network - P-FIT Model) के बीच सामान्य संज्ञानात्मक प्रसंस्करण दक्षता, तंत्रिका कुचालकता/दक्षता (Neural Efficiency), और विशिष्ट कौशल सिमेंटिक नेटवर्किंग की सक्रियण गतिकी, तथा लुईस थर्स्टेन (Louis Thurstone) के 'प्राथमिक मानसिक योग्यताओं के सिद्धांत' (Primary Mental Abilities) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-इंटेलिजेंस ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Intelligence Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में संज्ञानात्मक लचीलेपन, समस्या-समाधान क्षमता व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल और तराई क्षेत्रों में बोली जाने वाली प्रमुख बोलियों तथा उनके सांस्कृतिक क्षेत्रों के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:
1. 'भोजपुरी' - यह बोली मुख्य रूप से वाराणसी, गोरखपुर, बलिया, देवरिया और गाजीपुर जिलों में बोली जाती है, और इसका उद्गम अर्धमागधी अपभ्रंश से माना जाता है।
2. 'अवधी' - यह मुख्य रूप से लखनऊ, फैजाबाद (अयोध्या), सुल्तानपुर, प्रतापगढ़ और बहराइच जिलों में बोली जाती है, जिसका विकास शौरसेनी अपभ्रंश की अर्धमागधी शाखा से हुआ है और इसमें महाकवि तुलसीदास जी ने 'रामचरितमानस' की रचना की है।
3. 'ब्रजभाषा' - यह मुख्य रूप से मथुरा, आगरा, अलीगढ़ और हाथरस क्षेत्रों में बोली जाती है, तथा इसका विकास शौरसेनी अपभ्रंश से हुआ है और सूरदास, रसखान जैसे कवियों की यह प्रमुख साहित्यिक भाषा रही है।
4. 'खड़ी बोली' (कौरवी) - यह मुख्य रूप से मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और बिजनौर जिलों में बोली जाती है, जो आधुनिक मानक हिंदी का आधार है।
उपर्युक्त युग्मों में से कौन सा/से सही सुमेलित है/हैं?
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