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UPTET
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उत्तर प्रदेश की प्रमुख लोक कलाओं, शैलियों और संस्कृति के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. 'नटवरी नृत्य' उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में मुख्य रूप से अहीर (यादव) समुदाय के पुरुषों द्वारा किया जाने वाला एक अत्यधिक ऊर्जावान और मार्शल आर्ट शैली से प्रेरित लोक नृत्य है, जिसमें कलाकार पैरों में घुंघरू बांधकर बांस या लकड़ी के ढोल की थाप पर नृत्य करते हैं।
  2. 2. 'ख्याल नृत्य' बुंदेलखंड क्षेत्र का एक प्रसिद्ध लोक नृत्य है, जिसे पुत्र जन्मोत्सव के अवसर पर रंग-बिरंगे कागजों और बांस से बने बड़े-बड़े मंदिरनुमा आकृतियों को सिर पर रखकर महिलाओं द्वारा अत्यंत उल्लास के साथ किया जाता है।
  3. 3. 'चर्कुलानृत्य' ब्रज क्षेत्र का एक प्रसिद्ध घड़ा नृत्य है, जिसमें महिला नर्तकियां अपने सिर पर रथ के पहिये पर रखे 108 जलते हुए दीपकों के विशाल पिरामिड को संतुलित करते हुए ब्रज की पारंपरिक लोक धुनों पर नृत्य करती हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: नटवरी नृत्य उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल (खासकर वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर आदि) क्षेत्र में अहीर या यादव समुदाय के पुरुषों द्वारा किया जाने वाला एक प्रमुख और ऊर्जावान लोक नृत्य है। इसमें मार्शल आर्ट जैसी मुद्राओं और तीव्र गति का प्रदर्शन किया जाता है। कथन 2 गलत है: 'ख्याल नृत्य' बुंदेलखंड क्षेत्र का एक प्रसिद्ध लोक नृत्य है, जो पुत्र जन्मोत्सव पर किया जाता है, लेकिन सिर पर मंदिरनुमा आकृतियों को रखकर नृत्य करने की यह विशेषता बुंदेलखंड के 'पाई-डंडा' या 'दीवारी' नृत्य से जुड़ी है, जबकि 'ख्याल' नृत्य में नर्तक सिर पर लकड़ी का बना मंदिर रखकर नृत्य करते हैं। हालांकि, कथन 2 में 'महिलाओं द्वारा' कहा गया है जबकि ख्याल नृत्य मूल रूप से पुरुषों द्वारा किया जाता है। कथन 3 बिल्कुल सही है: 'चर्कुलानृत्य' ब्रज क्षेत्र का एक अत्यधिक प्रसिद्ध और कठिन नृत्य है, जिसमें महिलाएं अपने सिर पर 108 दीपकों से सुसज्जित रथ का पहिया (चर्कुला) रखकर राधा-कृष्ण के भजनों पर नृत्य करती हैं। अतः विकल्प (c) सही उत्तर है।
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