त्वरित लिंक्स
UPTET
1 views
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भूगर्भीय इतिहास के संदर्भ में, 'विंध्यन क्रम की चट्टानों' (Vindhyan System Rocks) के वितरण और उनकी विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश के दक्षिणी पठारी एवं पहाड़ी क्षेत्र में विंध्यन क्रम की प्राचीन चट्टानें मुख्य रूप से मिर्जापुर, सोनभद्र और चित्रकूट जिलों में पाई जाती हैं, जो कैमूर (Kaimur) और रीवा (Rewa) श्रेणियों के रूप में विस्तारित हैं। 2. इस क्षेत्र में पाई जाने वाली विंध्यन चट्टानें बलुआ पत्थर (Sandstone), चूना पत्थर (Limestone) और डोलोमाइट के लिए अत्यधिक प्रसिद्ध हैं, जिनका उपयोग बड़े पैमाने पर भवन निर्माण सामग्री और सीमेंट उद्योग में किया जाता है। 3. उत्तर प्रदेश की विंध्यन चट्टानों में धात्विक खनिजों (जैसे सोना, तांबा और लोहा) के अपार और विशाल भंडार पाए जाते हैं, जिसके कारण दक्षिण प्रदेश का यह भाग राज्य का सबसे बड़ा खनिज उत्पादक औद्योगिक क्षेत्र माना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 सही है क्योंकि उत्तर प्रदेश के दक्षिणी पठारी क्षेत्र (बुंदेलखंड और बघेलखंड के सीमावर्ती भाग) में विंध्यन क्रम की चट्टानें मिर्जापुर, सोनभद्र और चित्रकूट जिलों में कैमूर और रीवा श्रेणियों के रूप में पाई जाती हैं। कथन 2 भी सही है क्योंकि ये चट्टानें मुख्य रूप से बलुआ पत्थर (जिसका उपयोग इमारतों और ऐतिहासिक स्मारकों में हुआ है), चूना पत्थर और डोलोमाइट के लिए जानी जाती हैं, जो सीमेंट उद्योग का आधार हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि उत्तर प्रदेश के विंध्यन क्षेत्रों में धात्विक खनिजों (जैसे सोना, तांबा आदि) के विशाल या प्रचुर भंडार नहीं पाए जाते हैं; यह क्षेत्र मुख्य रूप से अधात्विक खनिजों (चूना पत्थर, डोलोमाइट, ग्लास सैंड) के लिए जाना जाता है, और खनिज उत्पादन की दृष्टि से यह झारखंड या मध्य प्रदेश जितना समृद्ध नहीं है। अतः विकल्प (a) सही उत्तर है।
Related Questions
→
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'समावेशी शिक्षा और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के शिक्षण' (Inclusive Education) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, 'अधिगम अक्षमता - डिसकैलकुलिया' (Dyscalculia) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'द्विपार्श्वीय इंट्राइपैरिएटल सर्कस' (Bilateral Intraparietal Sulcus - IPS), 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), और 'वेंट्रोलेटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' के बीच संख्यात्मक परिमाण प्रसंस्करण विफलता (Numerical Magnitude Processing Deficit), स्थानिक-अंकीय प्रतिनिधित्व क्षरण (Spatial-Numeric Representation Breakdown), और कार्यकारी स्मृति अतिभार (Working Memory Overload) की सक्रियण गतिकी, तथा स्टैनिसलास डियाहेन (Stanislas Dehaene) के 'ट्रिपल कोड मॉडल' (Triple Code Model: विजुअल अरेबिक नंबर फॉर्म, वर्बल ऑडिटरी वर्ड फॉर्म, और एनालॉग मेग्नीट्यूड रिप्रेजेंटेशन) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-डिसकैलकुलिया ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Dyscalculia Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में बहुसंवेदी संख्यात्मक हस्तक्षेप (Multisensory Numerical Intervention - Concrete-Representational-Abstract Approach), स्थानिक-अंकीय कौशल व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
→
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'समावेशी शिक्षा और व्यक्तिगत भिन्नताएँ' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, हावर्ड गार्डner (Howard Gardner) तथा अल्फ्रेड बिने के मनोवैज्ञानिक मॉडलों के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'कैलसोज़म' (Corpus Callosum), 'सेरेब्रल हेमिस्फेयर इंटरहेमिस्फेरिक कनेक्टिविटी' (Interhemispheric Connectivity), और 'मल्टीपल सेंसरी इंटीग्रेशन कॉर्टेक्स' के बीच विभिन्न संज्ञानात्मक क्षमताओं, न्यूरोलॉजिकल विविधता (Neurodiversity), और व्यक्तिगत शिक्षण मार्गों (Personalized Learning Pathways) की सक्रियण गतिकी, तथा आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-डाइवर्सिटी ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Diversity Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में विभेदित निर्देश (Differentiated Instruction), अनुकूलित मूल्यांकन व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
→
उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक, भौगोलिक एवं आर्थिक संदर्भ में 'राज्य की सीमावर्ती रेखाओं और प्रमुख संस्थाओं' के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश राज्य की सीमाएं कुल 8 राज्यों और 1 केंद्र शासित प्रदेश (दिल्ली) से मिलती हैं, तथा इसकी सबसे लंबी सीमा मध्य प्रदेश राज्य के साथ स्पर्श करती है, जबकि सबसे छोटी सीमा केवल एक राज्य हिमाचल प्रदेश के साथ लगती है।
2. उत्तर प्रदेश का सोनभद्र जिला देश का एकमात्र ऐसा जिला है जिसकी सीमाएं चार राज्यों (मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार) को स्पर्श करती हैं, जो इसके रणनीतिक भौगोलिक महत्व को दर्शाता है।
3. उत्तर प्रदेश के लखनऊ में स्थित 'भारतीय विष विज्ञान अनुसंधान संस्थान' (CSIR-IITR) और 'केंद्रीय औषधी अनुसंधान संस्थान' (CDRI) स्थित हैं, जबकि 'नेशनल बोटैनिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट' (NBRI) का मुख्यालय कानपुर नगर में अवस्थित है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
→
सामाजिक अध्ययन (Social Studies) के अंतर्गत भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन के 'स्वदेशी एवं बहिष्कार आंदोलन' (Swadeshi and Boycott Movement, 1905) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस आंदोलन की औपचारिक शुरुआत 7 अगस्त 1905 को कलकत्ता के प्रसिद्ध टाउन हॉल में आयोजित एक ऐतिहासिक बैठक में 'स्वदेशी प्रस्ताव' पारित किए जाने के साथ हुई थी, जिसका प्रमुख उद्देश्य बंगाल के विभाजन का कड़ा विरोध करना था।
2. आंदोलन के दौरान ब्रिटिश वस्तुओं के बहिष्कार और स्वदेशी के प्रचार-प्रसार के लिए बंगाल में 'राष्ट्रीय शिक्षा परिषद' (National Council of Education) की स्थापना की गई थी, ताकि पश्चिमी शिक्षा पद्धति के स्थान पर राष्ट्रीय नियंत्रण वाली शिक्षा को बढ़ावा दिया जा सके।
3. इस संपूर्ण आंदोलन के दौरान मुस्लिम लीग ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और बंगाल के विभाजन का पुरजोर विरोध करते हुए इसे राष्ट्रवाद की विजय के रूप में सराहा, जिससे हिंदू-मु मुस्लिम एकता का अभूतपूर्व उदाहरण देखने को मिला।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
→
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं कृषि-जलवायु क्षेत्रों के संदर्भ में, राज्य को कुल कितने प्रमुख कृषि-जलवायु क्षेत्रों (Agro-Climatic Zones) में विभाजित किया गया है, और इनमें से किस क्षेत्र में चावल और गेहूं की सघन खेती के साथ-साथ गन्ने का सर्वाधिक उत्पादन होता है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.