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UPTET
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उत्तर प्रदेश की कृषि, बागवानी और उनके विशिष्ट उत्पादन क्षेत्रों (सेंटर ऑफ एक्सीलेंस) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में स्थित 'महर्षि वशिष्ठ स्वायत्त राज्य चिकित्सा महाविद्यालय' के निकट कृषि विभाग द्वारा बागवानी को बढ़ावा देने हेतु भारत-इजराइल तकनीकी सहयोग से 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर वेजिटेबल' (सब्जी हेतु उत्कृष्टता केंद्र) की स्थापना की गई है। 2. 'लखनऊ' जिला आम उत्पादन और 'अमरूद' की वी.एन.आर. प्रजाति के लिए प्रसिद्ध है, और यहाँ भारत-इजराइल सहयोग से ही 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर फ्रूट्स' (आम एवं फल) बस्ती के बजाय मलिहाबाद, लखनऊ में स्थापित किया गया है। 3. उत्तर प्रदेश में कृषि विविधीकरण को प्रोत्साहन देने के लिए कुल तीन प्रमुख कृषि-पारिस्थितिकीय क्षेत्र (Agro-ecological Zones) हैं, जबकि राज्य को कृषि-जलवायु क्षेत्रों के आधार पर नौ (9) भागों में बांटा गया है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 गलत है क्योंकि 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर वेजिटेबल' उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में ही स्थित बस्ती कृषि विश्वविद्यालय/शोध केंद्र परिसर के अंतर्गत भारत-इजराइल तकनीकी सहयोग से स्थापित किया गया है, लेकिन इसका चिकित्सा महाविद्यालय से सीधा संबंध नहीं है और कथन की तथ्यात्मक संरचना में बस्ती का केंद्र सब्जी (Vegetables) के लिए प्रसिद्ध है जबकि आम के लिए मलिहाबाद (लखनऊ) में उत्कृष्टता केंद्र है। कथन 2 सही है, लखनऊ का मलिहाबाद क्षेत्र आम (विशेषकर दशहरी आम) के उत्पादन के लिए विश्व प्रसिद्ध है और यहाँ इज़राइल के सहयोग से 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर फ्रूट्स' स्थापित है। कथन 3 बिल्कुल सही है, उत्तर प्रदेश को कृषि और जलवायु की विभिन्नता के आधार पर 9 कृषि-जलवायु क्षेत्रों (Agro-climatic Zones) में तथा पारिस्थितिकीय भिन्नता के आधार पर 20 कृषि-पारिस्थितिकीय उपक्षेत्रों (या वृहद स्तर पर 3-4 क्षेत्रों) में विभाजित किया जाता है, जहाँ सामान्यतः कृषि-जलवायु क्षेत्रों की संख्या 9 ही मानी जाती है। अतः कथन 2 और 3 सही हैं।
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