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BPSC TRE 4.0
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हाल ही में भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) द्वारा रक्षा एवं अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में निम्नलिखित नवीन विकास किए गए हैं। इन कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. DRDO द्वारा विकसित 'अस्तार-एमके-आई' (ASTRA Mk-I) बियॉन्ड विजुअल रेंज (BVR) हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल है, जिसे सुखोई-30MKI विमान से सफलतापूर्वक एकीकृत किया गया है, और इसकी मारक क्षमता लगभग 110 किलोमीटर से अधिक है।
- 2. ISRO द्वारा लॉन्च किया गया 'एक्सपोसैट' (XPoSat) भारत का पहला ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान (PSLV-C58) आधारित मिशन है, जिसका मुख्य उद्देश्य ब्रह्मांडीय स्रोतों जैसे एक्स-रे पल्सर और ब्लैक होल से निकलने वाले एक्स-रे विकिरण के ध्रुवीकरण (Polarization) का अध्ययन करना है।
- 3. भारत के पहले मानवयुक्त अंतरिक्ष मिशन 'गगनयान' के लिए विकसित 'विकास' इंजन (Vikas Engine) का हाल ही में क्रायोजेनिक चरण के साथ सफल परीक्षण किया गया है, और इसमें उपयोग होने वाला प्रणोदक तरल हाइड्रोजन (LH2) और तरल ऑक्सीजन (LOX) है।
- 4. DRDO द्वारा स्वदेशी रूप से विकसित 'प्रलय' (Pralay) एक सतह से सतह पर मार करने वाली कम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल है, जो मार्ग बदलने में सक्षम (Quasi-ballistic) है और इसे मुख्य रूप से पारंपरिक युद्धक हथियारों के साथ सामरिक स्ट्राइक क्षमता को बढ़ाने के लिए डिजाइन किया गया है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए कथनों में कथन 1, 2 और 4 पूर्णतः सत्य हैं, जबकि कथन 3 आंशिक रूप से असत्य है क्योंकि 'विकास' (Vikas) इंजन एक लिक्विड रॉकेट इंजन है जो हाइपरगोलिक ईंधन (UDMH + N2O4) का उपयोग करता है, न कि क्रायोजेनिक ईंधन का (क्रायोजेनिक चरण में CE-20 इंजन का उपयोग होता है)। DRDO की ASTRA Mk-I मिसाइल, ISRO का XPoSat और सामरिक बैलिस्टिक मिसाइल 'प्रलय' रक्षा एवं अंतरिक्ष समसामयिकी के अति महत्वपूर्ण प्रश्न हैं। ऐसी ही अन्य उच्च-स्तरीय अध्ययन सामग्री के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
Related Questions
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भारत के पर्वतीय, पठारी एवं मैदानी क्षेत्रों तथा प्रमुख भौगोलिक दर्रों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. ज़ोजिला दर्रा (Zoji La) जांस्कर श्रेणी में स्थित है, जो श्रीनगर को लेह से जोड़ता है और इसका निर्माण सिंधु नदी की सहायक नदी द्वारा हुआ है, जबकि शिपकी ला दर्रा हिमाचल प्रदेश में सतलज नदी घाटी के पास भारत को तिब्बत से जोड़ता है।
2. प्रायद्वीपीय पठार के अंतर्गत आने वाला 'छोटा नागपुर का पठार' एक खनिज-समृद्ध पठार है, जिसके मध्य से दामोदर नदी एक भ्रंश घाटी (Rift Valley) में प्रवाहित होती है और यह पठार उत्तर-पूर्व में 'राजमहल की पहाड़ियों' द्वारा सीमाबद्ध है।
3. दक्षिण भारत के पश्चिमी घाट (Sahyadri) में स्थित 'पालघाट दर्रा' (Palakkad Gap) नीलगिर्दी और अन्नामलाई पहाड़ियों के बीच अवस्थित है, जो केरल के कोच्चि शहर को तमिलनाडु के कोयंबटूर और चेन्नई से सड़क तथा रेल मार्ग द्वारा जोड़ता है।
4. उत्तर-पूर्व भारत के दर्रों में 'बोमडिला दर्रा' असम को भूटान से जोड़ता है, जबकि 'दीफू दर्रा' (Diphu Pass) अरुणाचल प्रदेश, म्यांमार और चीन की त्रिसंधि (Tri-junction) सीमा के निकट स्थित एक प्रमुख पर्वतीय दर्रा है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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भारतीय समाचार पत्रों के इतिहास और स्वतंत्रता पूर्व प्रकाशित प्रमुख पुस्तकों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. जेम्स अगस्टस हिक्की द्वारा 1780 में प्रकाशित 'द बंगाल गजेट' (The Bengal Gazette) भारत का पहला मुद्रित समाचार पत्र था, जिसे ब्रिटिश सरकार की आलोचना करने के कारण अंततः जब्त कर लिया गया था।
2. राजा राममोहन राय ने फारसी भाषा में 'मिरात-उल-अखबार' (Mirat-ul-Akhbar) का प्रकाशन किया था, जिसे वर्ष 1823 के लाइसेंसिंग रेगुलेशन एक्ट के कड़े प्रावधानों के विरोध में बंद करना पड़ा था।
3. बाल गंगाधर तिलक द्वारा मराठी भाषा में निकाले गए समाचार पत्र 'केसरी' और अंग्रेजी भाषा में निकाले गए 'मराठा' ने राष्ट्रीय चेतना जगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, और 'केसरी' समाचार पत्र के संपादक आगरकर थे जबकि तिलक इसके संस्थापक थे।
4. दादाभाई नौरोजी द्वारा रचित पुस्तक 'पावर्टी एंड अन-ब्रिटिश रूल इन इंडिया' (Poverty and Un-British Rule in India) में उनके प्रसिद्ध 'धन की निकासी' (Drain of Wealth) सिद्धांत का विस्तृत वैज्ञानिक विश्लेषण किया गया है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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विकासवादी जीवविज्ञान और आनुवंशिकी के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. हार्डी-वेनबर्ग साम्य् (Hardy-Weinberg Equilibrium) के सिद्धांत के अनुसार, एक बड़ी यादृच्छिक रूप से संभोग करने वाली जनसंख्या में जीन आवृत्तियाँ और एलील आवृत्तियाँ पीढ़ियों दर पीढ़ियाँ स्थिर रहती हैं, बशर्ते कि उस पर उत्परिवर्तन, प्राकृतिक चयन, जीन प्रवासन और आनुवंशिक विचलन जैसे विकासवादी कारक कार्य न कर रहे हों।
2. लैमार्कवाद (Lamarckism) का मूल सिद्धांत 'उपार्जित लक्षणों की वंशागति' (Inheritance of Acquired Characters) है, जिसके अनुसार जीवनकाल में जीवों द्वारा अर्जित शारीरिक परिवर्तन अगली पीढ़ी में वंशागत होते हैं, जिसका खंडन वीज़मैन (Weismann) द्वारा अपने जर्मप्लासम सिद्धांत (Germplasm Theory) के माध्यम से किया गया था।
3. समजात अंग (Homologous Organs) वे अंग होते हैं जिनकी उत्पत्ति और मूल संरचना समान होती है किंतु उनके कार्य भिन्न होते हैं, जो अभिसारी विकास (Convergent Evolution) का एक स्पष्ट उदाहरण है।
4. आनुवंशिक अपवाह (Genetic Drift) एक यादृच्छिक प्रक्रिया है जो छोटी जनसंख्या में एलील आवृत्तियों में अचानक परिवर्तन कर सकती है, और इसके दो प्रमुख प्रभाव 'संस्थापक प्रभाव' (Founder Effect) तथा 'बॉटलनेक प्रभाव' (Bottleneck Effect) हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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रॉलेट एक्ट (1919), खिलाफत आंदोलन और असहयोग आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. रौलट सत्याग्रह के दौरान महात्मा गांधी ने 'ऑल इंडिया होम रूल लीग' का उपयोग करने का प्रयास किया और इस अधिनियम के विरोध में 6 अप्रैल 1919 को देशव्यापी हड़ताल, उपवास तथा जुलूसों का आयोजन किया गया, जो मुख्य रूप से शहरों तक सीमित था।
2. खिलाफत आंदोलन की शुरुआत अली बंधुओं (मौलाना मोहम्मद अली और शौकत अली), मौलाना आजाद तथा हकीम अजमल खान द्वारा तुर्की के खलीफा के पद और उसके साम्राज्य के विघटन के विरोध में की गई थी, तथा नवंबर 1919 में दिल्ली में आयोजित अखिल भारतीय खिलाफत सम्मेलन के अध्यक्ष पद पर महात्मा गांधी को चुना गया था।
3. वर्ष 1920 में नागपुर में आयोजित कांग्रेस के वार्षिक अधिवेशन में असहयोग आंदोलन के प्रस्ताव का पुरजोर विरोध चित्तरंजन दास, मदन मोहन मालवीय और एनी बेसेंट जैसे नेताओं द्वारा किया गया था, क्योंकि वे परिषदों के बहिष्कार के पक्ष में नहीं थे।
4. असहयोग आंदोलन के दौरान चौरी-चौरा कांड (5 फरवरी 1922) की घटना के पश्चात महात्मा गांधी ने बारोली में कांग्रेस की कार्य समिति की बैठक में आंदोलन को तत्काल प्रभाव से समाप्त करने की घोषणा की, जिससे क्षुब्ध होकर सुभाषचंद्र बोस ने इसे 'राष्ट्रीय आपदा' करार दिया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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हाल ही में रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) और भारतीय नौसेना द्वारा स्वदेशी रूप से विकसित किस उन्नत हाइपरसोनिक क्रूज मिसाइल प्रणाली या रक्षा तकनीक का सफल परीक्षण किया गया है, जो 'राष्ट्रीय विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं रक्षा समसामयिक घटनाएँ' के अंतर्गत सामरिक महत्व रखती है?
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