BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

BPSC TRE 4.0
1 views

वायुमंडल के दाब पेटियों (Pressure Belts), आर्द्रता एवं वैश्विक पवन संचार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. विषुवतीय निम्न दाब पेटी (डोलड्रम) एक तापीय रूप से प्रेरित पेटी है, जहाँ सूर्य की किरणें वर्षभर लंबवत पड़ने के कारण उच्च तापमान रहता है, जिससे हवाएँ गर्म होकर ऊपर उठती हैं और यहाँ क्षैतिज पवनों का पूर्ण अभाव होता है।
  2. 2. उपोष्ण उच्च दाब पेटी से उपध्रुवीय निम्न दाब पेटी की ओर चलने वाली स्थायी पवनों को 'पछुआ पवनें' (Westerlies) कहा जाता है, तथा पृथ्वी के घूर्णन के कारण उत्पन्न कोरिऑलिस बल (Coriolis Force) के प्रभाव से ये उत्तरी गोलार्ध में दक्षिण-पश्चिम से उत्तर-पूर्व की ओर विक्षेपित हो जाती हैं।
  3. 3. उष्णकटिबंधीय चक्रवात (Tropical Cyclones) के विकास के लिए समुद्र की सतह का तापमान न्यूनतम 27°C होना आवश्यक है, तथा कोरियोलिस बल की अनुपस्थिति के कारण ये चक्रवात भूमध्य रेखा के ठीक 0° से 5° अक्षांश के बीच सर्वाधिक तीव्रता से विकसित होते हैं।
  4. 4. सापेक्ष आर्द्रता (Relative Humidity) किसी निश्चित तापमान पर वायु में मौजूद जलवाष्प की मात्रा और उसी तापमान पर वायु की जलवाष्प धारण करने की अधिकतम क्षमता का अनुपात होती है, जो तापमान में वृद्धि के साथ घटती है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1, 2 और 4 पूर्णतः सत्य हैं। विषुवतीय निम्न दाब पेटी (डोलड्रम) तापीय रूप से प्रेरित होती है जहाँ क्षैतिज पवनें नहीं चलतीं। उपोष्ण उच्च से उपध्रुवीय निम्न दाब की ओर चलने वाली पछुआ पवनें कोरिऑलिस बल के कारण उत्तरी गोलार्ध में दक्षिण-पश्चिम से उत्तर-पूर्व की ओर विक्षेपित होती हैं। सापेक्ष आर्द्रता तापमान के व्युत्क्रमानुपाती होती है। वहीं कथन 3 असत्य है क्योंकि कोरिऑलिस बल भूमध्य रेखा पर शून्य (0°) होता है, जिसके कारण भूमध्य रेखा के 0° से 5° अक्षांशों के मध्य उष्णकटिबंधीय चक्रवातों का निर्माण नहीं होता है। अधिक अध्ययन और अभ्यास के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
Share:

Related Questions

ध्वनि की चाल 'सर्वाधिक' किसमें होती है? परमाणु भौतिकी तथा रेडियोसक्रियता (Radioactivity) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. किसी रेडियोसक्रिय तत्व की अर्ध-आयु (Half-life) उसके क्षय नियतांक (Decay constant) के व्युत्क्रमानुपाती होती है तथा यह उस तत्व की प्रारंभिक मात्रा और बाहरी ताप एवं दाब पर निर्भर करती है। 2. अल्फा ($$\alpha$$) क्षय के दौरान जनक नाभिक का परमाणु क्रमांक 2 इकाई तथा द्रव्यमान संख्या 4 इकाई कम हो जाती है, जबकि बीटा-ऋण ($$\beta^-$$) क्षय में परमाणु क्रमांक 1 इकाई बढ़ जाता है और द्रव्यमान संख्या अपरिवर्तित रहती है। 3. नाभिकीय विखंडन (Nuclear Fission) की श्रृंखला अभिक्रिया को नियंत्रित करने के लिए कैडमियम या बोरॉन की छड़ों का उपयोग किया जाता है, जो न्यूट्रॉनों को अवशोषित करती हैं, जबकि भारी पानी ($$D_2O$$) का उपयोग मंदक (Moderator) के रूप में किया जाता है। 4. सूर्य एवं अन्य तारों में ऊर्जा का मुख्य स्रोत नाभिकीय संलयन (Nuclear Fusion) है, जो अत्यधिक उच्च ताप और दाब पर हाइड्रोजन नाभिकों के संलयन से हीलियम नाभिक बनाने की प्रक्रिया पर आधारित है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं? ध्वनि तरंगों और तरंग गति के भौतिक गुणों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. ध्वनि तरंगें अनुदैर्ध्य (Longitudinal) यांत्रिक तरंगें होती हैं, जिनमें माध्यम के कणों का कंपन तरंग संचरण की दिशा के समानांतर होता है, और ये तरंगें निर्वात में भी गमन कर सकती हैं यदि माध्यम का तापमान अत्यधिक उच्च हो। 2. किसी माध्यम में ध्वनि की चाल माध्यम की प्रत्यास्थता (Elasticity) के वर्गमूल के सीधे आनुपातिक और उसके घनत्व (Density) के वर्गमूल के व्युत्क्रमानुपाती होती है, यही कारण है कि ध्वनि की चाल गैसों की तुलना में ठोस पदार्थों में अधिकतम होती है। 3. वायु में ध्वनि की चाल पर दाब (Pressure) के परिवर्तन का सीधा और आनुपातिक प्रभाव पड़ता है, अर्थात् यदि किसी गैस का दाब दोगुना कर दिया जाए, तो नियत तापमान पर ध्वनि की चाल भी दोगुनी हो जाती है। 4. जब ध्वनि तरंग एक माध्यम से दूसरे माध्यम में प्रवेश करती है, तो उसकी आवृत्ति (Frequency) अपरिवर्तित रहती है, जबकि माध्यम बदलने के कारण उसकी चाल और तरंगदैर्ध्य दोनों में परिवर्तन हो जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं? हाल ही में, निम्नलिखित में से किन न्यायाधीशों ने पटना उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों के रूप में शपथ ली? नीले रक्त (Blue blood) के लिए कौन जिम्मेदार है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.