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History of India
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सत्रहवीं शताब्दी के शुरुआती दशकों में पुर्तगालियों और ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के बीच भारत में प्रभुत्व स्थापित करने की प्रतिस्पर्धा और व्यापारिक अधिकारों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. वर्ष 1612 में लड़े गए 'स्वाली के नौसैनिक युद्ध' (Battle of Swally) में ब्रिटिश कप्तान थॉमस बेस्ट के नेतृत्व वाली नौसेना ने पुर्तगालियों की मजबूत समुद्री ताकत को पराजित किया, जिसके परिणामस्वरूप मुगल दरबार पर गहरा प्रभाव पड़ा और सम्राट जहांगीर ने अंग्रेजों को सूरत में स्थायी कारखाना स्थापित करने की शाही अनुमति प्रदान की।
- 2. पुर्तगाली गवर्नर नीनो डी कुन्हा ने वर्ष 1530 में पुर्तगाली राजधानी को कोचीन से स्थानांतरित कर गोवा बनाया, जो आगे चलकर भारत में उनके साम्राज्य का मुख्य प्रशासनिक, धार्मिक और वाणिज्यिक केंद्र बन गया।
- 3. ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी को भारत के साथ व्यापार करने का एकाधिकार सर्वप्रथम वर्ष 1600 में महारानी एलिजाबेथ प्रथम द्वारा प्रदान किया गया था, और जब वर्ष 1615 में आधिकारिक राजदूत के रूप में सर थॉमस रो मुगल दरबार में पहुँचे, तो उन्हें बंगाल और बिहार में बिना किसी सीमा शुल्क के असीमित व्यापार करने का विशेष अधिकार तुरंत प्राप्त हो गया।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 सही है क्योंकि वर्ष 1612 में स्वाली के युद्ध में अंग्रेजों द्वारा पुर्तगालियों की पराजय ने मुगल सम्राट जहांगीर को ब्रिटिश नौसैनिक क्षमता से प्रभावित किया, जिससे सूरत में फैक्ट्री खोलने की अनुमति मिली। कथन 2 भी सही है क्योंकि नीनो डी कुन्हा ने 1530 में पुर्तगालियों की राजधानी को कोचीन से गोवा स्थानांतरित किया था। कथन 3 गलत है क्योंकि सर थॉमस रो को पूरे मुगल साम्राज्य में कर-मुक्त व्यापार का अधिकार तुरंत नहीं मिला था, बल्कि उन्हें केवल कुछ सीमित रियायतें ही प्राप्त हो सकी थीं। अधिक जानकारी के लिए देखें विकिपीडिया संदर्भ।
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वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान लखनऊ और अवध क्षेत्र में हुए संघर्ष के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. बेगम हजरत महल ने अपने अल्पवयस्क पुत्र बिरजिस कादिर को अवध का नवाब घोषित कर लखनऊ में विद्रोह का नेतृत्व संभाला और ब्रिटिश सेना के दमन के बाद नेपाल की तराई में शरण ली।
2. मौलवी अहमदुल्लाह शाह, जिन्हें 'डंका शाह' भी कहा जाता था, ने चिनहट के युद्ध में ब्रिटिश सेना को पराजित किया था और अंग्रेजों ने उन पर पचास हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।
3. मौलवी अहमदुल्लाह शाह को अंततः अवध के ही पुवायाँ के एक स्थानीय राजा के सहयोग और विश्वासघात के कारण अंग्रेजों द्वारा घेर लिया गया, जहाँ वे वीरतापूर्वक लड़ते हुए वीरगति को प्राप्त हुए।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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छठी शताब्दी ईसा पूर्व में प्राचीन भारत के महाजनपद काल और मगध साम्राज्य के उत्कर्ष के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. अंगुत्तर निकाय और जैन ग्रंथ भगवती सूत्र में छठी शताब्दी ईसा पूर्व के सोलह महाजनपदों की सूची मिलती है, जिनमें वज्जी संघ आठ कुलों का एक संघ था और इसकी राजधानी वैशाली प्राचीन विश्व के शुरुआती गणतंत्रों में से एक थी।
2. मगध के उत्थान में उसकी भौगोलिक स्थिति का बहुत बड़ा योगदान था; राजगीर (राजगृह) जैसी प्राकृतिक रूप से सुरक्षित पाँच पहाड़ियों से घिरी राजधानी और उपजाऊ जलोढ़ मिट्टी वाले क्षेत्रों के समीप होने के कारण इसे सैन्य एवं आर्थिक सुदृढ़ता प्राप्त हुई।
3. हर्यक वंश के संस्थापक बिम्बिसार ने अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए वैवाहिक संबंधों की नीति अपनाई और कौशल, मद्र तथा लिच्छवि राजवंशों के साथ संबंध स्थापित किए, तथा अवंती के राजा प्रद्योत के बीमार पड़ने पर अपने राजवैद्य जीवक को उनकी सेवा में भेजा था।
4. शिशुनाग वंश के शासक कालाशोक के शासनकाल में ही पाटलिपुत्र में बौद्ध धर्म की द्वितीय संगीति का आयोजन किया गया था, जिसमें बौद्ध संघ दो प्रमुख संप्रदायों—स्थविर और महासंघिक—में विभाजित हो गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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मौर्य साम्राज्य की केंद्रीय प्रशासनिक व्यवस्था और आर्थिक नियंत्रण के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. कौटिल्य के 'अर्थशास्त्र' में राज्य के 'सप्तांग सिद्धांत' का उल्लेख है, जिसके अनुसार राजा (स्वामी), आमात्य, जनपद, दुर्ग, कोष, सेना और मित्र राज्य के सात आवश्यक अंग हैं।
2. मौर्य प्रशासन में 'समाहर्ता' साम्राज्य के आय-व्यय (राजस्व संग्रहण) का मुख्य अधिकारी होता था, जबकि 'सन्निदाता' राजकीय कोषागार और भण्डारगृह का संरक्षक था।
3. मेगास्थनीज की 'इंडिका' के अनुसार पाटलिपुत्र नगर का प्रशासन छह समितियों द्वारा संचालित होता था, और प्रत्येक समिति में सात सदस्य होते थे जो विदेशी पर्यटकों, जन्म-मृत्यु पंजीकरण, व्यापार और शिल्प का नियमन करते थे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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