त्वरित लिंक्स
UPTET
8 views
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय संरचना के संदर्भ में 'भाबर' (Bhabar) और 'तराई' (Tarai) क्षेत्रों की विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. भाबर क्षेत्र शिवालिक पहाड़ियों के ठीक दक्षिण में स्थित एक संकीर्ण पट्टी है, जो कंकड़, पत्थर और मोटे बालू के निक्षेपों से निर्मित होती है और यहाँ नियाँ अत्यधिक सरंध्रता (Porosity) के कारण भूमिगत हो जाती हैं।
- 2. तराई क्षेत्र भाबर के ठीक दक्षिण में स्थित एक नम और दलदली क्षेत्र है, जहाँ महीन सिल्ट और चिकनी मिट्टी पाई जाती है और भूमिगत हुई नियाँ धरातल पर पुनः प्रकट हो जाती हैं।
- 3. तराई क्षेत्र अपनी अत्यधिक उर्वरता और सघन वनों के कारण केवल बागवानी फसलों के लिए उपयुक्त है और यहाँ धान तथा गन्ने की खेती पूर्णतः प्रतिबंधित है।
- 4. भाबर क्षेत्र में कृषि योग्य उपजाऊ जलोढ़ मृदा प्रचुर मात्रा में पाई जाती है, जिसके कारण यह क्षेत्र उत्तर प्रदेश का सबसे अधिक खाद्यान्न उत्पादक क्षेत्र माना जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 सही है क्योंकि भाबर क्षेत्र शिवालिक की तलहटी में स्थित है जहाँ नदियाँ भारी पत्थरों और कंकड़-पत्थरों का निक्षेप करती हैं और अत्यधिक सरंध्रता के कारण छोटी नियाँ इसमें विलुप्त (भूमिगत) हो जाती हैं। कथन 2 सही है क्योंकि भाबर के ठीक दक्षिण में तराई क्षेत्र पाया जाता है, जो नम और दलदली होता है और यहाँ विलीन हुई नियाँ धरातल पर पुनः प्रकट होती हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि तराई क्षेत्र अपनी नमी और उपजाऊ मिट्टी के कारण धान और गन्ने की सघन खेती के लिए अत्यंत उपयुक्त है, न कि प्रतिबंधित। कथन 4 गलत है क्योंकि भाबर क्षेत्र कंकड़-पत्थर और मोटे बालू से निर्मित होने के कारण कृषि के लिए अधिक उपयुक्त नहीं होता है, जबकि उत्तर प्रदेश का सर्वाधिक खाद्यान्न उत्पादक क्षेत्र मध्यवर्ती जलोढ़ मैदान है।
Related Questions
→
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक स्वरूप और अपवाह तंत्र के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश के उत्तरी भाग में स्थित 'भाबर' (Bhabar) पेटी शिवालिक हिमालय के पाद-प्रदेश में सिंधु से लेकर तीस्ता नदी तक फैली हुई एक संकरी पट्टी है, जहाँ नदियाँ भारी मात्रा में कंकड़-पत्थर और मोटे तलछट जमा करती हैं जिसके कारण नदियाँ इस क्षेत्र में भूतल पर विलुप्त (अदृश्य) हो जाती हैं।
2. 'तराई' (Tarai) क्षेत्र भाबर पेटी के ठीक दक्षिण में स्थित एक दलदली और नम क्षेत्र है, जहाँ विलुप्त हुई नदियाँ पुनः धरातल पर प्रकट होती हैं और इस क्षेत्र की भूमि अत्यधिक उपजाऊ होने के कारण धान और गन्ने की खेती के लिए अत्यंत अनुकूल मानी जाती है।
3. राज्य में प्रवाहित होने वाली 'घाघरा' (सरयू) नदी तिब्बत के मापचाचुंग हिमनद (Mapchachung Glacier) से निकलकर उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी और बहराइच जिलों से प्रवेश करती है, और छपरा के निकट गंगा नदी में मिलने से पूर्व इसमें राप्ती और छोटी गंडक जैसी नदियाँ आकर मिलती हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
→
उत्तर प्रदेश की प्रमुख झीलों, तालों और उनके भौगोलिक अवस्थिति (जिलों) के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:
1. बखीरा झील - संत कबीर नगर जिला
2. राजा का बन्ध ताल - सुल्तानपुर जिला
3. जिर्गो झील - मिर्ज़ापुर जिला
4. दरधा ताल - हरदोई जिला
उपर्युक्त युग्मों में से कौन सा/से सही सुमेलित है/हैं?
→
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'समावेशी शिक्षा और विशिष्ट बालकों के अधिगम' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर (ASD) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'सोशल ब्रेन नेटवर्क' (Social Brain Network: विशेष रूप से फ्यूसिफॉर्म फेस एरिया - FFA, सुपीरियर टेम्पोरल सल्क्स - STS, और एमिग्डाला) के बीच सामाजिक संज्ञान, संयुक्त ध्यान (Joint Attention) और चेहरे के भावों को पढ़ने की सक्रियण विसंगति, तथा साइमन बैरन-कोहेन (Simon Baron-Cohen) द्वारा प्रतिपादित 'एम्पैथाइजिंग-सिस्टमेटाइजिंग (E-S) थ्योरी' (Empathizing-Systematizing Theory: सहानुभूति की कमी और प्रणालीकरण की अधिकता) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, स्ट्रक्चर्ड विजुअल-बेस्ड प्रेडिक्टिव लर्निंग अप्रोच (जैसे TEACCH फ्रेमवर्क) और विद्यार्थियों में सामाजिक संचार, संवेगात्मक नियमन व समग्र अनुकूली कौशल के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
→
राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (NCF) 2005 के अनुसार, प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन पाठ्यक्रम का मुख्य आधार क्या होना चाहिए?
→
उत्तर प्रदेश की प्रमुख झीलों और उनके अवस्थिति वाले जिलों के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:
1. बखीरा झील (Bakhira Jheel) - संत कबीर नगर जिला (यह राज्य की एक प्रमुख प्राकृतिक झील है, जिसे हाल ही में रामसर आर्दभूमि स्थल के रूप में भी मान्यता दी गई है।)
2. फुलहर झील (Fulhar Jheel) - पीलीभीत जिला (यह गोमती नदी का उद्गम स्थल है, जो मढ़ोटॉन्ड के पास स्थित है।)
3. सुरहा ताल (Surha Taal) - बलिया जिला (इसे 'लोकनायक पक्षी विहार' के रूप में भी जाना जाता है, जो साइबेरियन प्रवासी पक्षियों का प्रमुख आश्रय स्थल है।)
4. कीठम झील (Keetham Jheel) - आगरा जिला (इसे 'सूर सरोवर पक्षी विहार' भी कहा जाता है, जो कीठम आरक्षित वन क्षेत्र के भीतर स्थित है।)
उपर्युक्त युग्मों में से कौन-से सही सुमेलित हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.