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History of India
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सिकंदर लोदी ने 1504 ई. में किस नए शहर की स्थापना की थी?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
1504 में आगरा नगर की स्थापना हुई।
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महात्मा गांधी के प्रारंभिक भारतीय आंदोलनों—विशेषकर चंपारण सत्याग्रह (1917), खेड़ा सत्याग्रह (1918) तथा अहमदाबाद मिल मजदूर आंदोलन (1918)—के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. चंपारण सत्याग्रह के दौरान, जहाँ यूरोपीय बागान मालिकों द्वारा किसानों पर 'तिनकाठिया' प्रणाली थोपी गई थी, वहीं गांधीजी के इस आंदोलन की सफलता से प्रभावित होकर रविन्द्रनाथ टैगोर ने उन्हें 'महात्मा' की उपाधि से सम्मानित किया था।
2. खेड़ा सत्याग्रह में फसल बर्बाद होने के बावजूद ब्रिटिश प्रशासन द्वारा लगान वसूली पर अड़े रहने के कारण गांधीजी ने किसानों को लगान न चुकाने (no-tax campaign) का स्पष्ट निर्देश दिया था और इसी आंदोलन के दौरान सरदार वल्लभभाई पटेल गांधीजी के संपर्क में आए थे।
3. अहमदाबाद मिल हड़ताल के दौरान गांधीजी ने प्लेग बोनस को लेकर मिल मालिकों और मजदूरों के बीच मध्यस्थता करते हुए पहली बार भारत में भूख हड़ताल (Hunger strike) का सफल हथियार के रूप में प्रयोग किया था, जिसके परिणामस्वरूप मजदूरों को 50 प्रतिशत वेतन वृद्धि प्राप्त हुई।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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ब्रिटिश भारत में लागू की गई विभिन्न भू-राजस्व प्रणालियों (स्थाई बंदोबस्त, रयतवारी और महालवारी) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. स्थाई बंदोबस्त (Permanent Settlement) के तहत ज़मींदारों को भूमि का स्थाई मालिक बना दिया गया, जिसमें राज्य का हिस्सा 10/11वां भाग और ज़मींदारों का हिस्सा 1/11वां भाग निर्धारित किया गया था, तथा 'सूर्است अधिनियम' (Sunset Law) के अंतर्गत निश्चित तिथि को सूर्यास्त तक लगान न चुकाने पर ज़मींदारों की नीलामी कर दी जाती थी।
2. रयतवारी व्यवस्था (Ryotwari System), जिसे मुख्य रूप से मद्रास और बॉम्बे प्रेसीडेंसी में लागू किया गया था, में सरकार और किसान (रयत) के बीच सीधा अनुबंध था, तथा भूमि कर निर्धारण करते समय केवल मिट्टी की उर्वरता का ध्यान रखा गया था, सिंचाई सुविधाओं या वास्तविक उपज में होने वाले उतार-चढ़ाव को बिल्कुल नजरंदाज कर दिया गया था।
3. महालवारी व्यवस्था (Mahalwari System) के अंतर्गत भू-राजस्व का बंदोबस्त व्यक्तिगत किसानों या ज़मींदारों के साथ न करके संपूर्ण ग्राम या महाल (गाँवों के समूह) के साथ किया गया था, जिसमें गाँव के मुखिया या लंबरदार को सामूहिक रूप से लगान चुकाने की ज़िम्मेदारी सौंपी गई थी।
4. इन तीनों भू-राजस्व प्रणालियों के परिणामस्वरूप पारंपरिक भारतीय कृषि का भारी वाणिज्यीकरण (Commercialization of Agriculture) हुआ, जिससे किसानों को वैश्विक बाज़ार का भारी लाभ मिला और ग्रामीण क्षेत्रों में ऋणग्रस्तता पूरी तरह समाप्त हो गई।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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फिरोज शाह तुगलक ने "दीवान-ए-इस्तिहाक" विभाग की स्थापना किस उद्देश्य से की थी?
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यूरोपीय कंपनियों के भारत आगमन और बंगाल में ब्रिटिश सत्ता की स्थापना के प्रारंभिक चरण के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वर्ष 1651 में शाहशुजा (बंगाल के सूबेदार) द्वारा ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी को 'निशान' प्रदान किया गया था, जिसके तहत कंपनी को एकमुश्त 3000 रुपये वार्षिक भुगतान के बदले बंगाल में कर-मुक्त व्यापार करने का अधिकार मिल गया था।
2. वर्ष 1717 में मुगल सम्राट फर्रुख्शियर द्वारा जारी किए गए ऐतिहासिक 'शाही फरमान' के द्वारा ब्रिटिश कंपनी को बंगाल, गुजरात और हैदराबाद में बिना किसी अतिरिक्त कर के व्यापार करने की अनुमति दी गई, तथा कंपनी को कलकत्ता के आसपास के 38 गाँवों को किराए पर लेने का अधिकार भी प्राप्त हुआ।
3. फर्रुख्शियर के इस फरमान के तहत कंपनी को अपने नाम के सिक्के ढालने की अनुमति तो मिल गई थी, किंतु कंपनी के अधिकारियों द्वारा अपने निजी व्यापार के लिए इस 'दस्तक' (पास) के दुरुपयोग पर रोक लगाने के लिए बंगाल के नवाब मुर्शिद कुली खान ने कड़े प्रतिबंध लागू किए थे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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वर्ष 1857 के महान विद्रोह की असफलता के कारणों और नेतृत्व की कमियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस विद्रोह का नेतृत्व कर रहे अधिकांश भारतीय शासकों और सामंतों के पास एक साझा केंद्रीय दृष्टिकोण, आधुनिक राजनीतिक एजेंडा और भविष्य के प्रशासनिक स्वरूप का पूर्ण अभाव था, जिसके कारण वे अंग्रेजों की सुनियोजित सैन्य और कूटनीतिक रणनीति का मुकाबला करने में विफल रहे।
2. ब्रिटिश सेना के पास आधुनिक हथियारों, त्वरित संचार माध्यमों (टेलीग्राफ) और रेलवे का लाभ था, जबकि भारतीय विद्रोहियों के पास हथियारों की एकरूपता और सैन्य अनुशासन की कमी थी।
3. संपूर्ण भारत के स्तर पर इस विद्रोह ने देश के सभी वर्गों और क्षेत्रों को समान रूप से प्रभावित किया तथा दक्षिण भारत, पंजाब और पश्चिमी भारत के शिक्षित मध्यम वर्ग ने भी खुलकर इस विद्रोह का समर्थन किया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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