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हाल ही में घोषित 'भारत-ताइवान औद्योगिक पार्क' गुजरात के किन दो स्थानों पर विकसित किया जाएगा?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
भारत-ताइवान औद्योगिक पार्क गुजरात के सानंद और धोलेरा में विकसित किया जाएगा।
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भारतीय और विश्व भूगोल के संदर्भ में, 'महासागरीय तापीय ऊर्जा रूपांतरण' (Ocean Thermal Energy Conversion - OTEC) तकनीक और इसकी कार्यप्रणाली के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. ओटेक (OTEC) तकनीक समुद्र के सतही गर्म जल (Surface Warm Water) और गहरे समुद्र के ठंडे जल (Deep Cold Water) के बीच मौजूद तापमान के अंतर का उपयोग करके विद्युत ऊर्जा उत्पन्न करती है, जिसके लिए दोनों के बीच कम से कम 20 डिग्री सेल्सियस (°C) का तापमान अंतर आवश्यक होता है।
2. 'बंद चक्र प्रणाली' (Closed-Cycle System) ओटेक तकनीक का एक ऐसा प्रकार है जिसमें समुद्र के सतही गर्म जल का उपयोग सीधे तौर पर एक ऐसे कार्यकारी द्रव (जैसे अमोनिया) को वाष्पीकृत करने के लिए किया जाता है, जिसका क्वथनांक कम होता है, और यह वाष्प टरबाइन को चलाकर बिजली पैदा करती है।
3. उष्णकटिबंधीय (Tropical) क्षेत्र ओटेक परियोजनाओं की स्थापना के लिए सबसे आदर्श माने जाते हैं क्योंकि इन क्षेत्रों में वर्ष भर समुद्र की सतह और लगभग 1000 मीटर की गहराई पर स्थित जल के बीच आवश्यक तापीय प्रवणता (Thermal Gradient) बनी रहती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'अनुच्छेद 20' (अपराधों के लिए दोषसिद्धि के संबंध में संरक्षण) के प्रावधानों और इसके न्यायिक अर्थघटन के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान का अनुच्छेद 20(1) 'पूर्वपदाभिमुखी दांडिक विधि' (Ex-post-facto Criminal Law) के विरुद्ध संरक्षण प्रदान करता है, जिसका अर्थ है कि किसी भी व्यक्ति को ऐसे किसी अपराध के लिए दोषी नहीं ठहराया जाएगा जो उस कार्य के किए जाने के समय लागू किसी कानून के उल्लंघन में नहीं था, और न ही उसे उस अपराध के लिए उस दंड से अधिक दंड दिया जाएगा जो उस अपराध के किए जाने के समय कानून में था।
2. अनुच्छेद 20(1) के अंतर्गत दी गई यह सुरक्षा केवल 'आपराधिक विधियों' (Criminal Laws) के मामलों तक ही सीमित है, और यह किसी भी स्थिति में दीवानी या कर संबंधी कानूनों (Civil or Tax Laws) पर पूर्ववर्ती प्रभाव (Retrospective Effect) के साथ लागू नहीं की जा सकती है, भले ही वे कर कानून किसी पिछली तारीख से लागू किए गए हों।
3. अनुच्छेद 20(2) 'दोहरे खतरे' (Double Jeopardy) के सिद्धांत को संहिताबद्ध करता है, जिसके अनुसार किसी भी व्यक्ति को एक ही अपराध के लिए एक से अधिक बार अभियोजित और दण्डित किया जा सकता है, बशर्ते वह मामला अलग-अलग उच्च न्यायालयों के अधिकार क्षेत्र के अंतर्गत आता हो।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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भारतीय अर्थव्यवस्था एवं सतत विकास के संदर्भ में, 'राष्ट्रीय हरित अधिकरण' (National Green Tribunal - NGT) के विषय में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. राष्ट्रीय हरित अधिकरण की स्थापना 'राष्ट्रीय हरित अधिकरण अधिनियम, 2010' के अंतर्गत पर्यावरण संरक्षण, वनों और अन्य प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण से संबंधित मामलों के प्रभावी और तीव्र निपटान के लिए की गई थी, जिससे भारत पर्यावरण मामलों के लिए विशेष न्यायाधिकरण स्थापित करने वाला विश्व का तीसरा देश (ऑस्ट्रिया और न्यूजीलैंड के बाद) बन गया।
2. अधिकरण के अध्यक्ष और न्यायिक सदस्यों की नियुक्ति केंद्र सरकार द्वारा भारत के मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice of India) के साथ परामर्श के पश्चात की जाती है, और अधिकरण के चेयरपर्सन या सदस्यों को उनकी पदावधि समाप्त होने के बाद केंद्र सरकार द्वारा पुनर्नियुक्ति (Re-appointment) का पात्र बनाया गया है।
3. NGT सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 के अंतर्गत निर्धारित पारंपरिक न्यायिक प्रक्रियाओं और साक्ष्य नियमों से कड़ाई से बंधा हुआ नहीं है, बल्कि यह 'प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों' (Principles of Natural Justice) द्वारा निर्देशित होता है, और इसके आदेशों या निर्णयों के विरुद्ध केवल सीधे उच्चतम न्यायालय में अपील की जा सकती है, उच्च न्यायालयों में नहीं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'अनुच्छेद 131' के अंतर्गत उच्चतम न्यायालय की 'मूल आरंभिक अधिकारिता' (Original Jurisdiction) के दायरे और उसकी सीमाओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान के अनुच्छेद 131 के तहत उच्चतम न्यायालय की मूल आरंभिक अधिकारिता उसे केंद्र सरकार और एक या अधिक राज्यों के बीच अथवा दो या अधिक राज्यों के बीच किसी भी कानूनी विवाद में सुनवाई करने का अनन्य अधिकार प्रदान करती है।
2. यह अधिकारिता तब भी लागू होती है जब कोई विवाद किसी ऐसी संधि, समझौते, प्रसंविदा, सनद या अन्य पूर्व-संवैधानिक दस्तावेजों से उत्पन्न होता है जो संविधान के लागू होने से पहले निष्पादित किए गए थे और जो उसके लागू होने के बाद भी प्रवर्तन में बने हुए हैं।
3. किसी भी निजी नागरिक, कंपनी या राज्य के बाहर के व्यक्ति द्वारा केंद्र सरकार या किसी अन्य राज्य के विरुद्ध दायर किए गए नागरिक या संवैधानिक अधिकारों के उल्लंघन से संबंधित मुकदमों को भी अनुच्छेद 131 के दायरे में उच्चतम न्यायालय की मूल अधिकारिता के अंतर्गत सीधे सुना जा सकता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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संविधान का मुख्य उद्देश्य क्या होता है?
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