त्वरित लिंक्स
Civil services
23 views
संसदीय प्रणाली में कार्यपालिका किसके प्रति उत्तरदायी होती है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
संसदीय प्रणाली में कार्यपालिका सामूहिक रूप से विधायिका (संसद) के प्रति उत्तरदायी होती है।
Related Questions
→
भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'भाग XIV' के अंतर्गत 'संघ और राज्यों के अधीन सेवाएँ' (Services under the Union and the States - अनुच्छेद 308 से 323) तथा लोक सेवा आयोगों के विषय में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संविधान के अनुच्छेद 315 के अनुसार संघ के लिए एक संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) और प्रत्येक राज्य के लिए एक राज्य लोक सेवा आयोग (SPSC) का गठन किया जाएगा, तथा दो या अधिक राज्यों के अनुरोध पर संसद विधि द्वारा उन राज्यों के लिए एक 'संयुक्त राज्य लोक सेवा आयोग' (JPSC) का गठन कर सकती है, जो एक सांविधिक निकाय (Statutory Body) है।
2. संघ लोक सेवा आयोग या संयुक्त राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष और अन्य सदस्यों की नियुक्ति भारत के राष्ट्रपति द्वारा की जाती है, जबकि राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों की नियुक्ति संबंधित राज्य के राज्यपाल द्वारा की जाती है, किंतु उन्हें उनके पद से हटाने का अधिकार केवल राष्ट्रपति के पास होता है, राज्यपाल के पास नहीं।
3. संविधान के अनुच्छेद 316 के अनुसार लोक सेवा आयोग का कोई भी सदस्य अपने कार्यकाल की समाप्ति के पश्चात उसी आयोग के अध्यक्ष पद पर या किसी अन्य लोक सेवा आयोग (संघ या राज्य) के अध्यक्ष पद पर पुनर्नियुक्ति का पात्र होता है, किंतु वह भारत सरकार या किसी राज्य सरकार के अधीन किसी अन्य रोजगार (Employment) को प्राप्त करने के लिए पूर्णतः अपात्र हो जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
→
गदर पार्टी की स्थापना किस वर्ष और किसने की थी?
→
भारत के महान्यायवादी (Attorney General) का कार्यकाल क्या होता है?
→
खेड़ा आंदोलन मुख्य रूप से किससे संबंधित था?
→
भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'भाग IX' और 'भाग IX-A' (क्रमशः पंचायतें और नगरपालिकाएं) के प्रावधानों से संबंधित निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 73वें और 74वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1992 द्वारा देश में त्रि-स्तरीय पंचायती राज व्यवस्था और नगरपालिकाओं की स्थापना को संवैधानिक दर्जा प्रदान किया गया, जिसके तहत इन निकायों के चुनावों का अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण करने की शक्ति प्रत्येक राज्य के राज्यपाल में निहित की गई है।
2. संविधान के अनुच्छेद 243-G के अनुसार, राज्य के विधानमंडल विधि द्वारा पंचायतों को ऐसी शक्तियां और प्राधिकार प्रदान कर सकते हैं जो उन्हें स्वशासन की इकाइयों के रूप में कार्य करने योग्य बनाने के लिए आवश्यक हों, तथा इसमें ग्यारहवीं अनुसूची में सूचीबद्ध 29 विषयों से संबंधित योजनाओं को तैयार करना और उनका कार्यान्वयन शामिल है।
3. किसी भी पंचायत या नगरपालिका के विघटन के पश्चात यदि उसका कार्यकाल छह महीने से कम का शेष रहता है, तो ऐसी स्थिति में नई पंचायत या नगरपालिका का गठन करना अनिवार्य नहीं होता है और विघटन के बाद शेष बची अवधि के लिए नए चुनाव कराना आवश्यक नहीं माना जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.