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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि परीक्षण और मापन' के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक अल्फ्रेड बिने (Alfred Binet) और थियोडोर साइमन द्वारा विकसित प्रथम बुद्धि परीक्षण (Binet-Simon Intelligence Scale) तथा विलियम स्टर्न (William Stern) और लुई टरमन (Lewis Terman) द्वारा प्रतिपादित 'बुद्धि लब्धि' (Intelligence Quotient - IQ) की संकल्पना के गणितीय और मनोवैज्ञानिक आधार के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
वर्ष 1905 में अल्फ्रेड बिने और थियोडोर साइमन ने पहला व्यावहारिक बुद्धि परीक्षण तैयार किया था। इसके पश्चात, जर्मन मनोवैज्ञानिक विलियम स्टर्न ने 1912 में 'मानसिक आयु' (Mental Age - MA) और 'वास्तविक या कालानुक्रमिक आयु' (Chronological Age - CA) के अनुपात के रूप में बुद्धि लब्धि (IQ) की अवधारणा दी। बाद में अमेरिकी मनोवैज्ञानिक लुई टरमन ने स्टैनफोर्ड-बिने परीक्षण (1916) में इस मान को दशमलव से बचाने के लिए 100 से गुणा करके आधुनिक सूत्र (IQ = MA/CA × 100) को पूर्ण रूप से स्थापित किया। अतः विकल्प (A) पूर्णतः सत्य एवं वैज्ञानिक दृष्टि से सटीक है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'पर्यावरण अध्ययन' (EVS) के अंतर्गत जैव विविधता संरक्षण के न्यूरो-संज्ञानात्मक और पारिस्थितिक संदर्भ में, 'हॉटस्पॉट' (Biodiversity Hotspots - नॉर्मन मेयर्स द्वारा प्रतिपादित अवधारणा) की पहचान के लिए आवश्यक मानदंडों (जैसे न्यूनतम 1.5 व्यापक स्थानिक पैमाने पर स्थानिक प्रजातियों की उच्च स्थानिक बहुलता (Endemism) और कम से कम 70% प्राथमिक आवास का क्षरण) तथा मस्तिष्क के 'डorsolateral Prefrontal Cortex' (DLPFC - पारिस्थितिकीय नीति-निर्माण और दीर्घकालिक योजना), 'Ventral Striatum' (पर्यावरणीय संसाधनों के संरक्षण और जैव-सस्टेनेबिलिटी के प्रति रिवार्ड प्रोसेसिंग), तथा 'Posterior Cingulate Cortex' (PCC - प्रकृति के साथ आत्म-पहचान और पारिस्थितिकीय समरूपता का बोध) के बीच सहयोगात्मक न्यूरोनल सिंक्रनाइजेशन तथा इको-कॉग्निटिव पेडागोजी के अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के खनिज संसाधनों, उनके प्राप्ति स्थलों और उद्योग-धंधों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में देश के सबसे बड़े स्वर्ण भंडार होने के साथ-साथ राज्य का प्रमुख चूना पत्थर, कोयला और नॉन-प्लास्टिक फायर क्ले भी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।
2. मिर्जापुर जिले का कछवां क्षेत्र और सोनभद्र का चुर्क एवं डाला क्षेत्र सीमेंट उद्योग के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध है, क्योंकि यहाँ सीमेंट निर्माण के लिए आवश्यक कच्चा माल यानी चूना पत्थर आसानी से उपलब्ध है।
3. उत्तर प्रदेश में 'यूरेनियम' का एकमात्र भंडार ललितपुर जिले में पाया जाता है, जबकि 'डोलमाइटर' के प्रमुख निक्षेप बांदा और मिर्जापुर जिलों में स्थित हैं।
4. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राज्य की पहली खनिज नीति वर्ष 1998 में घोषित की गई थी, जिसके तहत खनिज बहुल जिलों को 'औद्योगिक जिले' के रूप में घोषित कर खनिज विकास को बढ़ावा दिया गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?
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उत्तर प्रदेश की ऊर्जा परियोजनाओं, तापीय और जल विद्युत संयंत्रों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. हरदुअगंज ताप विद्युत गृह (Harduaganj Thermal Power Station) अलीगढ़ जिले में स्थित है, जिसकी स्थापना रूस (तत्कालीन सोवियत संघ) के सहयोग से की गई थी और यह राज्य के सबसे पुराने ताप विद्युत गृहों में से एक है।
2. ओबरा ताप विद्युत गृह (Obra Thermal Power Station) सोनभद्र जिले में रिहंद नदी के सहायक ओबरा नाले के पास स्थित है, जिसे सोवियत संघ की आर्थिक एवं तकनीकी सहायता से स्थापित किया गया था।
3. परीक्षा ताप विद्युत गृह (Paricha Thermal Power Station) झाँसी जिले में बेतवा नदी के तट पर स्थित है, जो बुंदेलखंड क्षेत्र को प्रमुख रूप से विद्युत आपूर्ति प्रदान करता है।
4. नरौरा परमाणु ऊर्जा संयंत्र (Narora Atomic Power Station) बुलंदशहर जिले में गंगा नदी के तट पर स्थित है, जो उत्तर प्रदेश का एकमात्र चालू परमाणु विद्युत संयंत्र है और इसमें प्रेशराइजড हेवी वाटर रिएक्टर (PHWR) तकनीक का उपयोग किया जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'नैतिक विकास के सिद्धांतों' के संदर्भ में, लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) द्वारा प्रतिपादित 'नैतिक विकास के चरण' (Stages of Moral Development) के अंतर्गत तीन मुख्य स्तरों—'पूर्व-पारंपरिक स्तर' (Pre-conventional Level), 'पारंपरिक स्तर' (Conventional Level), और 'उत्तर-पारंपरिक स्तर' (Post-conventional Level)—के अंतर्गत वर्णित छह अवस्थाओं के न्यूरो-कॉग्निटिव और नैतिक तार्किकता स्वरूप, तथा कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) द्वारा कोहलबर्ग के सिद्धांत की आलोचना करते हुए प्रतिपादित 'देखभाल का नैतिकता सिद्धांत' (Ethics of Care) के अंतर्गत नारीवादी परिप्रेक्ष्य में 'स्वयं की देखभाल', 'दूसरों के प्रति जिम्मेदारी' और 'नैतिक तार्किकता के अंतर्संबंधों' के वैज्ञानिक स्वरूप के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके समावेशी कक्षा-कक्ष मूल्य शिक्षा में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं जलवायु संदर्भ में 'उष्णकटिबंधीय मानसूनी जलवायु' और 'तापमान व वर्षा के क्षेत्रीय वितरण' के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश की जलवायु मुख्य रूप से उष्णकटिबंधीय मानसूनी प्रकार की है, जहाँ ग्रीष्म ऋतु में अत्यधिक गर्मी और शीत ऋतु में ठंड का अनुभव होता है, जिसका मुख्य कारण कर्क रेखा से राज्य की स्थिति और बंगाल की खाड़ी के मानसून की दिशा है।
2. उत्तर प्रदेश में सर्वाधिक तापमान वाला क्षेत्र बुंदेलखंड क्षेत्र (विशेषकर आगरा और झाँसी) माना जाता है, जहाँ मई और जून के महीनों में तीव्र सूर्य की किरणों और गर्म शुष्क हवाओं (लू) के कारण तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक पहुँच जाता है।
3. उत्तर प्रदेश के पर्वतीय और तराई क्षेत्रों में दक्षिण-पश्चिम मानसून की बंगाल की खाड़ी शाखा द्वारा सबसे अधिक वर्षा की जाती है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ने पर वर्षा की मात्रा में क्रमिक वृद्धि दर्ज की जाती है।
4. उत्तर प्रदेश में शीतकालीन वर्षा का मुख्य कारण पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbances) है, जो भूमध्य सागर से उठने वाली चक्रवातीय हवाओं के कारण उत्पन्न होता है और इससे राज्य के रबी फसलों (विशेषकर गेहूँ) को अत्यधिक लाभ होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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