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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'व्यक्तित्व के शील गुण सिद्धांतों' (Trait Theories of Personality) के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) द्वारा प्रतिपादित शील गुणों के वर्गीकरण—'कार्डिनल शील गुण' (Cardinal Traits), 'केंद्रीय शील गुण' (Central Traits), और 'गौण शील गुण' (Secondary Traits)—के वैज्ञानिक स्वरूप, तथा रेमंड कैटेल (Raymond Cattell) द्वारा प्रतिपादित 'सतही शील गुणों' (Surface Traits) और 'मूल या स्त्रोत शील गुणों' (Source Traits - 16PF) के तुलनात्मक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
गॉर्डन ऑलपोर्ट ने व्यक्तित्व के अध्ययन में शील गुणों को तीन स्तरों—कार्डिनल (अत्यधिक प्रबल और दुर्लभ), केंद्रीय (सामान्य जीवन में दिखने वाले प्रमुख गुण), और गौण (परिस्थितिजन्य पसंद-नापसंद)—में बांटा है। इसके विपरीत, रेमंड कैटेल ने कारक विश्लेषण (Factor Analysis) का उपयोग करते हुए शील गुणों को 'सतही शील गुणों' (जो बाहरी व्यवहार से दिखते हैं) और 'मूल या स्त्रोत शील गुणों' (जो व्यवहार के मूल आधार हैं और 16PF प्रश्नावली द्वारा मापे जाते हैं) में विभाजित किया है। अतः विकल्प (A) पूर्णतः सत्य एवं वैज्ञानिक दृष्टि से सटीक है।
Related Questions
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पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण तथा पारिस्थितिकी (Ecology) के अंतर्गत 'पारिस्थितिक पिरामिड' (Ecological Pyramids) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. ऊर्जा का पिरामिड (Pyramid of Energy) सदैव सीधा (Upright) बनता है, क्योंकि पारिस्थितिक तंत्र में लिंडमैन (Lindeman) के 'दस प्रतिशत नियम' (10% Law) के अनुसार ऊर्जा का प्रवाह एकपोषी स्तर से उच्च पोषी स्तर की ओर जाने पर हमेशा घटता जाता है तथा ऊर्जा का कुछ भाग ऊष्मा के रूप में नष्ट हो जाता है।
2. जलीय पारिस्थितिक तंत्र (Aquatic Ecosystem) में 'बायोमास का पिरामिड' (Pyramid of Biomass) सामान्यतः उल्टा (Inverted) बनता है, क्योंकि यहाँ प्राथमिक उत्पादकों (फाइटोप्लांकटन) का कुल बायोमास उच्च पोषी स्तरों (जैसे ज़ूप्लांकटन और छोटी मछलियों) के बायोमास की तुलना में कम होता है।
3. 'संख्या का पिरामिड' (Pyramid of Number) किसी वृक्षीय पारिस्थितिक तंत्र (Tree Ecosystem) में उल्टा बनता है, क्योंकि एक बड़े आकार के एकल वृक्ष (उत्पादक) पर आश्रित शाकाहारी पक्षियों की संख्या अधिक होती है और उन पर परजीवी के रूप में रहने वाले जीवों की संख्या और भी अधिक हो जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, पियाजे द्वारा प्रतिपादित 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage: अमूर्त तर्क और परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक चिंतन) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डorsolateral Prefrontal Cortex' (DLPFC - अमूर्त तर्क, कार्यशील स्मृति और कार्यकारी योजना), 'पैरिएटल कॉर्टेक्स' (Parietal Cortex - जटिल स्थानिक और तार्किक एकीकरण), और 'पूर्वकाल सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (Anterior Cingulate Cortex - संज्ञानात्मक नियंत्रण और त्रुटि संसूचन) के बीच माइलिनेशन प्रक्रिया, सिनेप्टिक प्रूनिंग, और मेटाकॉग्निटिव नेटवर्क (Metacognitive Network) की सक्रियण गतिकी, तथा लेव वायगोत्स्की के 'संज्ञानात्मक विकास के सामाजिक-सांस्कृतिक परिप्रेक्ष्य' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-पियाजेन ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Piagetian Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में परिकल्पनात्मक समस्या-समाधान, तार्किक लचीलेपन व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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पर्यावरण अध्ययन (EVS) के अंतर्गत 'जैविक विविधता' (Biodiversity) और पारिस्थितिक तंत्र के संरक्षण के संदर्भ में, भारत में हॉटस्पॉट (Hotspots) के रूप में मान्यता प्राप्त क्षेत्रों में निम्नलिखित में से कौन सा क्षेत्र पूरी तरह या आंशिक रूप से उत्तर प्रदेश की भौगोलिक सीमा के भीतर या उसके सबसे निकटवर्ती तराई क्षेत्र में स्थित पारिस्थितिकी तंत्र का प्रतिनिधित्व करता है?
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उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक विरासतों के संदर्भ में, राज्य के किस जनपद में 'अछत्र' (Ahichchhatra) नामक प्राचीन ऐतिहासिक स्थल स्थित है, जो प्राचीन काल में किस महाजनपद की राजधानी हुआ करता था?
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उत्तर प्रदेश की मृदा संरचना, कृषि जलवायु क्षेत्रों (Agro-climatic Zones) और प्रमुख फसलों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश को कृषि जलवायु के दृष्टिकोण से कुल 9 (नौ) विशिष्ट कृषि-जलवायु क्षेत्रों में विभाजित किया गया है, जो राज्य की भौगोलिक विविधता, वर्षा के वितरण और मिट्टी के प्रकारों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
2. बुंदेलखंड क्षेत्र में पाई जाने वाली 'मार' (Maar) और 'काबर' (Kabar) मृदाएँ अत्यधिक चिकनी और उपजाऊ होती हैं, जिनमें नमी धारण करने की क्षमता (Water Retention Capacity) बहुत अधिक होती है, जिसके कारण बिना सिंचाई के भी रबी की फसलें (जैसे चना और गेहूँ) अच्छी मात्रा में उगाई जाती हैं।
3. उत्तर प्रदेश के पश्चिमी मैदानी क्षेत्र में लाल एवं भूरी मिट्टी (Red and Brown Soil) का विस्तार सबसे अधिक पाया जाता है, जो मुख्य रूप से विंध्यन पर्वतीय क्षेत्र के कटाव से निर्मित हुई है और मोटे अनाजों के लिए सर्वाधिक उपयुक्त है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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