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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि और इसका मापन' (Intelligence and its Measurement) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, हावर्ड गार्डनर (Howard Gardner) द्वारा प्रतिपादित 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences: जिसमें भाषाई, तार्किक-गणितीय, स्थानिक, संगीतिक, शारीरिक-गतिसंवेदी, अंतरापवैक्तिक, अंतःवैक्तिक और प्रकृतिवादी बुद्धि शामिल हैं) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डorsolateral प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Dorsolateral Prefrontal Cortex), 'ऑक्सीपिटो-टेम्पोरल लोब' (Occipitotemporal Lobe), 'सेरिबेलम' (Cerebellum), और 'लिम्बिक सिस्टम' (Limbic System) के बीच विशिष्ट डोमेन-आधारित संज्ञानात्मक प्रसंस्करण, मॉड्यूलर मस्तिष्क नेटवर्क सक्रियण, और स्वतंत्र तंत्रिका मार्गों (Independent Neural Pathways) की गतिकी, तथा चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) के 'द्वि-कारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory: 'g' factor और 's' factor) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-इंटेलिजेंस ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Intelligence Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में व्यक्तिगत शक्तियों के दोहन, बहुसंवेदी परियोजना आधारित अधिगम व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
हावर्ड गार्डनर के बहु-बुद्धि सिद्धांत के अनुसार, बुद्धि कोई एक सामान्य इकाई (g-factor) नहीं है, बल्कि यह मस्तिष्क के विभिन्न स्वायत्त मॉड्यूलर तंत्रिका तंत्रों (Modular Neural Systems) द्वारा संचालित होती है। प्रत्येक बुद्धि (जैसे भाषाई, तार्किक, स्थानिक आदि) के लिए मस्तिष्क के अलग-अलग क्षेत्र (जैसे ब्रोका क्षेत्र, पैराइटल लोब, ऑक्सीपिटो-टेम्पोरल लोब आदि) जिम्मेदार होते हैं। आधुनिक समावेशी शिक्षा और 'न्यूरो-इंटेलिजेंस ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' में इसका यह निहितार्थ है कि शिक्षक विद्यार्थियों की व्यक्तिगत क्षमताओं (Strengths) को पहचानकर बहुसंवेदी और विभेदित शिक्षण (Differentiated Instruction) का उपयोग करें, जिससे समग्र संज्ञानात्मक और संवेगात्मक विकास हो सके।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'सृजनात्मकता और divergent thinking के मनोवैज्ञानिक स्वरूप' के संदर्भ में, ई.पी. टॉरेंस (E.P. Torrance) द्वारा प्रतिपादित 'सृजनात्मक चिंतन के परीक्षण' (Torrance Tests of Creative Thinking - TTCT) के अंतर्गत 'मौलिकता' (Originality), 'प्रवाहशीलता' (Fluency), 'लचीलापन' (Flexibility), और 'विस्तार' (Elaboration) के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप, तथा ग्राहम वालेस (Graham Wallas) द्वारा प्रतिपादित 'सृजनात्मक चिंतन की चार चरणों की प्रक्रिया' (Four Stages of Creative Thought) के अंतर्गत 'तैयारी' (Preparation), 'उद्द्भवन' (Incubation), 'प्रदीप्ति/झलक' (Illumination), और 'सत्यापन' (Verification) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, पार्श्व चिंतन (Lateral Thinking) के संवर्धन और विद्यार्थियों में समस्या-समाधान की मौलिक क्षमताओं के विकास में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि परीक्षण एवं रचनात्मकता (Intelligence Tests & Creativity)' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जे.पी. गिलफोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'बुद्धि की संरचना मॉडल (Structure of Intellect - SOI Model)' के अंतर्गत 'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking: फ्लूएंसी, फ्लैक्सिबिलिटी, ओरिजिनलिटी और एलाबोरेशन) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डोसोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (DLPFC), 'डिफ़ॉल्ट मोड नेटवर्क' (Default Mode Network - DMN), और 'एंटिरियर सिंग्युलेट कॉर्टेक्स' (ACC) के बीच संज्ञानात्मक लचीलेपन, डिफ़ॉल्ट-कार्यकारी नेटवर्क स्विचिंग (Default-Executive Network Switching), और अनूठी विचारोत्पादकता की सक्रियण गतिकी, तथा ई. पॉल टोरेंस (E. Paul Torrance) के 'रचनात्मकता परीक्षण' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-क्रिएटिविटी ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Creativity Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में समस्या-समाधान की मौलिकता, लीक से हटकर सोचने की क्षमता व समग्र बौद्धिक सृजनशीलता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'विशेष आवश्यकता वाले बालक और समावेशी शिक्षा' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, अटेंशन डेफिसिट हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर (ADHD) के 'कार्यकारी कार्यकरण मॉडल' (Executive Functioning Model) तथा रसेल बार्कले (Russell Barkley) के 'स्व-नियमन के व्यवहारिक निषेध सिद्धांत' (Behavioral Inhibition Theory) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डोसोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (DLPFC), 'बेसल गैंगलिया' (Basal Ganglia), और 'एंटीरियर सिंग्युलेट कॉर्टेक्स' (ACC) के बीच कार्यकारी निषेध विफलता (Executive Inhibition Failure), मोटर आवेग नियंत्रण (Motor Impulse Control), और कार्यशील स्मृति मॉनिटरिंग की सक्रियण गतिकी, तथा जॉर्ज स्टिल (George Still) के न्यूरोसाइकिएट्रिक परिप्रेक्ष्य के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, न्यूरो-डायवर्सिटी-अलाइनमेंट पेडागोजी (Neurodiversity-Aligned Pedagogy) और विद्यार्थियों में स्व-विनियमन कौशल, ध्यान एकाग्रता व समग्र व्यवहारिक प्रबंधन के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अभिप्रेरणा और अधिगम' (Motivation and Learning) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, अब्राहम मैस्लो (Abraham Maslow) द्वारा प्रतिपादित 'आवश्यकता पदानुक्रम सिद्धांत' (Hierarchy of Needs: शारीरिक सुरक्षा से लेकर आत्म-सिद्धि तक) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'वेंट्रिग्ला टेगमेंटल एरिया' (VTA), 'न्यूक्लियस accumbens', और 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex) के बीच आंतरिक प्रेरणा सर्किट, होमियोस्टैटिक तनाव नियमन, और दीर्घकालिक लक्ष्य-निर्देशित व्यवहार की सक्रियण गतिकी, तथा एडवर्ड डेसी (Edward Deci) और रिचर्ड रायन (Richard Ryan) के 'आत्म-निर्णय सिद्धांत' (Self-Determination Theory: स्वायत्तता, सक्षमता और संबद्धता) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-मोटिवेशनल ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Motivational Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में आंतरिक अभिप्रेरणा (Intrinsic Motivation), मनोवैज्ञानिक कल्याण व समग्र संज्ञानात्मक-संवेगात्मक विकास के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'सूझ या अंतर्दृष्टि का सिद्धांत' (Insight Learning Theory) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, मैक्स वर्दइमर (Max Wertheimer), वोल्फगैंग कोहलर (Wolfgang Köhler) और कुर्त कोफ्का (Kurt Koffka) द्वारा प्रतिपादित 'गेस्टाल्ट मनोविज्ञान' (Gestalt Psychology: समग्रता का नियम, पुनर्गठन और 'आहा! अनुभव') के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'लैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Lateral Prefrontal Cortex), 'एंटीरियर सिंग्युलेट कॉर्टेक्स' (ACC), और 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus) के बीच क्षणिक न्यूरोनल पुनर्गठन (Transient Neuronal Reorganization), संज्ञानात्मक छलांग (Cognitive Leap), और अवचेतन समस्या-समाधान की सक्रियण गतिकी, तथा जॉन डीवी (John Dewey) के 'चिंतनशील चिंतन' (Reflective Thinking) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'गेस्टाल्ट-बेस्ड इनसाइट पेडागोजी' (Gestalt-Based Insight Pedagogy) और विद्यार्थियों में समग्रतावादी दृष्टिकोण, तार्किक अंतर्दृष्टि व समग्र समस्या-समाधान कौशल के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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