व्यक्तित्व मापन एवं परीक्षण
Asked 2 months ago · Viewed 19 times
हिंदी व्याकरण और भाषा शिक्षण के अंतर्गत 'वाक्य रचना', 'अर्थ के आधार पर वाक्य भेद' तथा 'वाक्य रूपांतरण' के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. अर्थ के आधार पर वाक्य के कुल आठ भेद होते हैं, जिनमें 'विस्मयबोधक वाक्य' (Exclamatory Sentence) वह वाक्य है जिसमें वक्ता के आश्चर्य, हर्ष, शोक, घृणा या प्रशंसा आदि के भाव प्रकट होते हैं, जैसे कि 'वाह! कितना सुंदर दृश्य है।'
- 2. 'इच्छाबोधक वाक्य' (Optative Sentence) के अंतर्गत वक्ता अपनी किसी इच्छा, आकांक्षा, शुभकामना या आशीर्वाद को व्यक्त करता है, जैसे कि 'ईश्वर आपको दीर्घायु करे।' और यह अर्थ के आधार पर वाक्यों के आठ भेदों में से एक प्रमुख भेद माना जाता है।
- 3. रचना या बनावट के आधार पर वाक्यों का वर्गीकरण करते समय 'संयुक्त वाक्य' (Compound Sentence) में एक मुख्य उपवाक्य और एक या एक से अधिक आश्रित उपवाक्य होते हैं, जो 'जो', 'कि', 'क्योंकि', 'यदि-तो' जैसे योजकों द्वारा आपस में जुड़े होते हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 सही है क्योंकि अर्थ के आधार पर वाक्य के कुल आठ भेद होते हैं (विधानवाचक, निषेधवाचक, आज्ञावाचक, प्रश्नवाचक, इच्छावाचक, संदेहवाचक, विस्मयवाचक और संकेतवाचक)। विस्मयबोधक वाक्य में आश्चर्य, हर्ष, शोक आदि भाव प्रकट होते हैं। कथन 2 भी सही है क्योंकि 'इच्छाबोधक वाक्य' (Optative) अर्थ के आधार पर वाक्यों के आठ प्रमुख भेदों में शामिल है, जिसमें शुभकामना या आशीर्वाद व्यक्त किया जाता है। कथन 3 गलत है क्योंकि रचना या बनावट के आधार पर वाक्यों को तीन भागों में बांटा जाता है - सरल वाक्य, संयुक्त वाक्य और मिश्र वाक्य। जिस वाक्य में एक मुख्य उपवाक्य और एक या अधिक आश्रित उपवाक्य 'जो', 'कि', 'यदि-तो' आदि से जुड़े होते हैं, उसे 'मिश्र वाक्य' (Complex Sentence) कहते हैं, न कि संयुक्त वाक्य। संयुक्त वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र या समान स्तर के उपवाक्य 'और', 'एवं', 'लेकिन', 'किंतु' आदि योजकों से जुड़े होते हैं।
अगला प्रश्न →
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत के संदर्भ में, यदि कोई किशोर यह…
← पिछला प्रश्न
भारतीय संविधान की सातवीं अनुसूची के अंतर्गत राज्य सूची…
Related Questions
→
बाल विकास के अध्ययन के दौरान 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) के मध्य तात्विक और सैद्धांतिक अंतर का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों की प्रकृति और आयामों को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
मानव विकास की प्रक्रिया में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) के मूलभूत सैद्धांतिक अंतर का गहन विश्लेषण करने पर, तथा विकास के विभिन्न सिद्धांतों (जैसे- वर्तुलाकार बनाम रैखिक गति, एकीकरण का सिद्धांत, और अंतर्संबंध का सिद्धांत) के परिप्रेक्ष्य में, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक सटीक वैज्ञानिक व्याख्या प्रस्तुत करता है?
→
नॉर्मन ट्रिपलेट (Norman Triplett) तथा रॉबर्ट ज़जोंक (Robert Zajonc) द्वारा प्रतिपादित 'सामाजिक संवितरण' (Social Facilitation) तथा 'सामाजिक निष्क्रियता' (Social Loafing) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों की सामूहिक सहभागिता, सहयोगात्मक अधिगम (Collaborative Learning) के दौरान व्यक्तिगत उत्तरदायित्व (Individual Accountability), और साथियों की उपस्थिति में निष्पादन की गुणवत्ता के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
→
'व्यक्तित्व मापन की प्रक्षेपी विधियाँ' (Projective Techniques of Personality Measurement) के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक हरमन रोर्शच (Hermann Rorschach) द्वारा 1921 में प्रतिपादित प्रसिद्ध 'रोर्शच इंकब्लॉट टेस्ट' (Rorschach Inkblot Test) में कुल कितने संप्रदायात्मक (Standardized) स्याही के धब्बे वाले कार्ड होते हैं, तथा इनमें से कितने कार्डों पर केवल काले और सफेद (Black and White) रंगों के साथ विभिन्न ग्रे (Grey) रंगों का प्रयोग किया जाता है?
→
कथानक बोध परीक्षण (TAT) विधि के प्रतिपादक कौन हैं?
→
बालक के व्यक्तित्व के मापन की 'प्रक्षेपी विधियाँ' (Projective Techniques) कौन सी हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.