त्वरित लिंक्स
UPTET
1 views
उत्तर प्रदेश के वन्यजीव संरक्षण, पक्षी विहारों और पारिस्थितिक पर्यटन (Eco-tourism) स्थलों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश का सबसे पुराना वन्यजीव विहार 'हस्तिनापुर वन्यजीव विहार' है, जबकि राज्य का प्रथम पक्षी विहार 'चंद्रप्रभा वन्यजीव विहार' (चंदौली) को घोषित किया गया था। 2. 'बखिरा पक्षी विहार' उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर जिले में स्थित एक प्रसिद्ध रामसर स्थल (Ramsar Site) है, जो प्राकृतिक झील के रूप में फैला हुआ है और सर्दियों में यहाँ प्रवासी पक्षी बड़ी संख्या में आते हैं। 3. 'दुधवा राष्ट्रीय उद्यान' लखीमपुर खीरी और बहराइच जिलों की सीमा पर स्थित है, जो तराई पारिस्थितिकी तंत्र का हिस्सा होने के साथ-साथ बाघ (Tiger) और एक सींग वाले गैंडे (Rhinoceros) के पुनरुद्धार परियोजना के लिए भी जाना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 असत्य है क्योंकि उत्तर प्रदेश का प्रथम पक्षी विहार 'नवाबगंज पक्षी विहार' (वर्तमान में चंद्रशेखर आजाद पक्षी विहार, उन्नाव) है, जिसकी स्थापना 1984 में हुई थी, जबकि 'चंद्रप्रभा वन्यजीव विहार' राज्य का पहला वन्यजीव विहार है (स्थापित 1957)। कथन 2 सत्य है; बखिरा पक्षी विहार संत कबीर नगर में स्थित एक प्रमुख रामसर आर्द्रभूमि है। कथन 3 सत्य है; दुधवा राष्ट्रीय उद्यान लखीमपुर खीरी व बहराइच की तराई बेल्ट में स्थित है और यहाँ गैंडों का पुनरुद्धार भी किया गया है। अतः केवल कथन 2 और 3 सही हैं।
Related Questions
→
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-आकृतिक विभाजन के संदर्भ में, राज्य का कौन सा क्षेत्र प्राचीनतम गोंडवाना लैंड (Gondwana Land) का भू-भाग माना जाता है, जहाँ मुख्य रूप से विंध्यन क्रम की चट्टानें और बुंदेलखंडी नीस पाई जाती हैं?
→
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के द्विकारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory of Intelligence) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्य बुद्धि (g-factor)' और 'विशिष्ट बुद्धि (s-factor)' के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'पैरिएटो-फ्रंटल इंटीग्रेशन थ्योरी' (P-FIT: Parieto-Frontal Integration Theory) के अंतर्गत 'डorsolateral प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Dorsolateral Prefrontal Cortex - dlPFC), 'इंटीरियर पैराइटल लोब' (Anterior Parietal Lobe) और 'सुपीरियर लोंगिट्यूडिनल फैसिकुलस' (Superior Longitudinal Fasciculus) के बीच सूचना प्रसंस्करण, सिंक्रनाइज़ेशन और न्यूरल कनेक्टिविटी की सक्रियण गतिकी, तथा रेमंड कैटल (Raymond Cattell) द्वारा प्रतिपादित 'तरल बुद्धि (Fluid Intelligence - Gf) और ठोस बुद्धि (Crystallized Intelligence - Gc)' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, विभेदित शिक्षाशास्त्र (Differentiated Pedagogy) और विद्यार्थियों में तार्किक तर्क, अमूर्त समस्या-समाधान व संज्ञानात्मक लचीलेपन के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
→
भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन के अंतर्गत 'असहयोग आंदोलन' (Non-Cooperation Movement, 1920-22) और उससे जुड़े घटनाक्रम के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. नागपुर के दिसंबर 1920 के वार्षिक अधिवेशन में असहयोग आंदोलन के प्रस्ताव को औपचारिक रूप से अनुमोदित और पारित किया गया था, जिसका नेतृत्व चित्तरंजन दास ने इस प्रस्ताव को प्रस्तुत करके किया था।
2. आंदोलन के दौरान चौरी-चौरा (गोरखपुर, उत्तर प्रदेश) की हिंसक घटना 4 फरवरी 1922 को हुई थी, जिसके परिणामस्वरूप महात्मा गांधी ने अत्यधिक क्षुब्ध होकर बारदोली में कांग्रेस की बैठक में इस आंदोलन को तत्काल प्रभाव से वापस लेने की घोषणा की थी।
3. असहयोग आंदोलन के स्थगन के निर्णय से क्षुब्ध होकर चित्रंजन दास और मोतीलाल नेहरू ने कांग्रेस से अलग होकर वर्ष 1923 में 'स्वराज पार्टी' (Swaraj Party) की स्थापना की थी, जिसका मुख्य उद्देश्य परिषदों के भीतर प्रवेश करके सरकार की नीतियों में बाधा डालना था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
→
उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं ऐतिहासिक परिदृश्य के संदर्भ में, राज्य के किस जिले में 'कनक भवन' और 'त्रेता का ठाकुर' जैसे प्रसिद्ध ऐतिहासिक एवं धार्मिक स्थल स्थित हैं, जो भगवान राम के जीवन से जुड़े प्रमुख स्थलों में गिने जाते हैं?
→
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) और तंत्रिका संबंधी अनुकूलन' के संदर्भ में, ई.एल. थॉर्नडाइक (E.L. Thorndike) द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'संवेदी-प्रेरक कॉर्टेक्स' (Sensorimotor Cortex) और 'एसोसिएशन एरिया' (Association Areas) की तंत्रिका पुनर्संरचना (Neural Plasticity) एवं पूर्व-अधिगम अनुभवों के पुनरुत्पादन की सक्रियण गतिकी, तथा चार्ल्स जड (Charles Judd) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, संज्ञानात्मक लचीलेपन और विद्यार्थियों में अंतःविषय अनुप्रयोग (Interdisciplinary Application) के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.