BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

BPSC TRE 4.0
20 views

मानव शरीर में विभिन्न पोषक पदार्थों (Nutrients), उनकी रासायनिक संरचना और चयापचय (Metabolism) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. वृहद् पोषक तत्वों (Macronutrients) में कार्बोहाइड्रेट और वसा शरीर को ऊर्जा प्रदान करने के मुख्य स्रोत हैं, जहाँ 1 ग्राम कार्बोहाइड्रेट के ऑक्सीकरण से लगभग 4.0 किलोकैलोरी ऊर्जा मिलती है, जबकि 1 ग्राम वसा के पूर्ण ऑक्सीकरण से लगभग 9.1 किलोकैलोरी ऊर्जा प्राप्त होती है।
  2. 2. प्रोटीन जटिल नाइट्रोजनयुक्त कार्बनिक यौगिक हैं जो अमीनो अम्लों की इकाइयों से पेप्टाइड बंधों द्वारा जुड़े होते हैं, और मानव शरीर में कुल आवश्यक अमीनो अम्लों में से कुछ अमीनो अम्ल शरीर द्वारा संश्लेषित नहीं किए जा सकते जिन्हें 'आवश्यक अमीनो अम्ल' (Essential Amino Acids) कहा जाता है।
  3. 3. विटामिन 'सी' (एस्कॉर्बिक अम्ल) एक जल-विलेय विटामिन है जो हमारे शरीर में यकृत (Liver) के भीतर प्रचुर मात्रा में संचित रहता है और इसकी कमी से 'बेरी-बेरी' नामक रोग होता है।
  4. 4. खनिज लवणों में आयरन (লোহা) हीमोग्लोबिन के संश्लेषण के लिए आवश्यक है, जबकि आयोडीन की कमी से थायराइड ग्रंथि में सूजन आ जाती है जिसे घेंघा (Goitre) रोग कहा जाता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1, 2 और 4 पूर्णतः सत्य हैं। कार्बोहाइड्रेट और वसा प्रमुख ऊर्जा स्रोत हैं और इनकी ऊर्जा मान क्रमशः ~4.0 kcal/g और ~9.1 kcal/g होते हैं। प्रोटीन अमीनो अम्लों से बने होते हैं और आवश्यक अमीनो अम्ल आहार से प्राप्त करने होते हैं। आयरन और आयोडीन के कार्य भी सही वर्णित हैं। कथन 3 असत्य है क्योंकि विटामिन 'सी' एक जल-विलेय विटामिन है, जो शरीर में संचित नहीं रहता (मूत्र के साथ उत्सर्जित हो जाता है) और इसकी कमी से 'स्कर्वी' (Scurvy) रोग होता है, जबकि बेरी-बेरी विटामिन B1 (थायमिन) की कमी से होता है। अधिक अध्ययन सामग्री और प्रश्नों के अभ्यास के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर विजिट करें।
Share:

Related Questions

→ खगोल वैज्ञानिकों द्वारा खोजे गए अत्यधिक ऊर्जा वाले पार्टिकल अमतेरासु (Amaterasu) का नामकरण निम्न आधार पर किया गया → प्राचीन एवं मध्यकालीन भारतीय इतिहास के विविध पक्षों तथा ऐतिहासिक स्रोतों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. गुप्तकालीन संस्कृत नाटककार और कवि कालिदास की रचनाओं में ऋतुसंहार, कुमारसंभवम्, और रघुवंशम् उनके महाकाव्य हैं, जबकि मेघदूतम् और विक्रमोवंशीयम् उनके प्रसिद्ध नाटक हैं। 2. हर्षवर्द्धन के दरबारी कवि बाणभट्ट द्वारा रचित 'हर्षचरित' को संस्कृत साहित्य का प्रथम ऐतिहासिक गद्य काव्य माना जाता है, जिसमें हर्ष के वंश, उनकी प्रारंभिक विजयों और सम्राट बनने के घटनाक्रम का विस्तृत वर्णन है। 3. विजयनगर साम्राज्य के शासक कृष्णदेवराय द्वारा तेलुगु भाषा में रचित 'अमुक्तमाल्यद' (Amuktamalyada) प्रबंध काव्य है, जिसमें राज्यकला, प्रशासनिक नीतियों और वैद्यों के कर्तव्यों का संकलन किया गया है, तथा इसी काल में उन्होंने संस्कृत में 'जाम्बवती कल्याणम्' नाटक की भी रचना की थी। 4. सल्तनत काल के प्रसिद्ध इतिहासकार मिनहाज-उस-सिराज द्वारा फारसी भाषा में रचित ग्रंथ 'तबाकत-इ-नासिरी' में प्रारंभिक मुस्लिम विजयों और दिल्ली सल्तनत के सुल्तानों का इतिहास वर्णित है, और इस ग्रंथ का नाम उसने तत्कालीन सुल्तान इल्तुतमिश के नाम पर रखा था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं? → भारत के अपवाह तंत्र, प्रमुख घाटियों, जलप्रपातों और झीलों के भौगोलिक संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. हिमालयी अपवाह तंत्र के अंतर्गत आने वाली ब्रह्मपुत्र नदी तिब्बत में 'सांगपो' के नाम से बहती है और अरुणाचल प्रदेश में दिहांग के रूप में प्रवेश करने के बाद असम घाटी में इसमें सुबनसिरी, मानस और लोहित जैसी प्रमुख सहायक नदियाँ मिलती हैं। 2. प्रायद्वीपीय भारत की सबसे लंबी नदी गोदावरी है, जिसका उद्गम महाराष्ट्र के नासिक जिले के त्र्यंबकेश्वर से होता है और यह बंगाल की खाड़ी में गिरने से पहले प्राणहिता, इंद्रावती और मंजीरा जैसी नदियों का जल अपने साथ लाती है। 3. कर्नाटक में शिमोगा जिले के पास शरावती नदी द्वारा निर्मित 'कुंचिकल जलप्रपात' (Kunchikal Falls) भारत का सबसे ऊँचा जलप्रपात है, जबकि मध्य प्रदेश में नर्मदा नदी पर स्थित 'धुआँधार जलप्रपात' एक संगमरमर के पत्थरों के बीच से गुजरने वाला प्रमुख प्रपात है। 4. राजस्थान में स्थित 'सांभर झील' भारत की सबसे बड़ी मीठे पानी की प्राकृतिक झील है, जो टेथिस सागर का अवशेष है और इसका उपयोग बड़े पैमाने पर वाणिज्यिक नमक उत्पादन के लिए किया जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं? → कोशिका का पावर हाउस किसे कहते हैं? → किसी ऐसे व्यक्ति, जिसके पास नौकरी नहीं है और स्पष्ट रूप से बेरोजगार के विपरीत अल्परोज़ारी, जो छिपा हुआ हो, को कहा जाता है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.