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BPSC TRE 4.0
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बिहार राज्य में आने वाली प्राकृतिक आपदाओं — विशेषकर बाढ़, सूखा और भूकंप — के प्रबंधन, संवेदनशीलता और वैज्ञानिक कारणों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. बिहार का उत्तरी भाग अत्यधिक बाढ़-प्रवण (Flood-prone) है, जिसका प्रमुख कारण हिमालय से निकलने वाली नदियों (जैसे कोसी, गंडक, बागमती) द्वारा अपने ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों से भारी मात्रा में गाद (Silt) लाकर मैदानी भागों में जमा करना और उनके मार्ग परिवर्तन की प्रवृत्ति है।
- 2. बिहार के दक्षिण-पश्चिम और दक्षिणी मैदानी जिले जैसे गया, औरंगाबाद, रोहतास और नवादा अक्सर गंभीर सूखे की चपेट में रहते हैं, जिसका मुख्य कारण इन क्षेत्रों में मानसूनी वर्षा की अनिश्चितता के साथ-साथ पारंपरिक जल संचयन प्रणालियों जैसे 'आहर-पाइन' का पूरी तरह से नष्ट हो जाना है।
- 3. भारत के भूकंपीय क्षेत्रीय मानचित्र (Seismic Zonation Map) के अनुसार, बिहार का उत्तरी और उत्तर-पूर्वी क्षेत्र (जो नेपाल की सीमा के निकट है) सर्वाधिक संवेदनशील 'भूकंपीय क्षेत्र V' (Zone V) के अंतर्गत आता है, जबकि दक्षिणी बिहार का भू-भाग अपेक्षाकृत कम जोखिम वाले 'क्षेत्र IV' और 'क्षेत्र III' में स्थित है।
- 4. वर्ष 1934 में बिहार में आए विनाशकारी भूकंप (जिसका केंद्र नेपाल के निकट था) के पश्चात रिक्टर स्केल पर उसकी तीव्रता के आधार पर यह आकलन किया गया था कि ऐसे भूकम्पों की पुनरावृत्ति मुख्य रूप से इंडो-गैनेटिक बेसिन के नीचे स्थित 'फॉल्ट लाइन्स' (भ्रंश रेखाओं) में होने वाली विवर्तनिक गतिविधियों (Tectonic Movements) के कारण होती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
बिहार में प्राकृतिक आपदाओं का विश्लेषण करने पर स्पष्ट होता है कि कथन 1, 3 और 4 पूर्णतः सत्य हैं। उत्तरी बिहार की नदियाँ, विशेषकर कोसी (जिसे 'बिहार का शोक' कहा जाता है), अत्यधिक गाद परिवहन और मार्ग बदलने के लिए जानी जाती हैं, जिससे भीषण बाढ़ आती है। भूकंपीय संवेदनशीलता के मामले में, बिहार का उत्तरी हिस्सा 'भूकंपीय क्षेत्र V' में स्थित है जो उच्च जोखिम वाला है। वर्ष 1934 का भूकंप बिहार के इतिहास का सबसे विनाशकारी भूकंप था, जो इंडो-गैनेटिक बेसिन की भूगर्भीय संरचना और भ्रंश लाइनों की सक्रियता से जुड़ा था। जहाँ तक कथन 2 का प्रश्न है, यह आंशिक रूप से त्रुटिपूर्ण है क्योंकि दक्षिणी बिहार में 'आहर-पाइन' प्रणाली पूरी तरह से नष्ट नहीं हुई है, बल्कि सरकार और स्थानीय किसानों के प्रयासों से आज भी कई स्थानों पर इसका पुनरुद्धार किया जा रहा है। इस प्रकार के महत्वपूर्ण प्रश्नों के अभ्यास और व्यापक अध्ययन के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा के पोर्टल पर विजिट करें।
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प्रथम मानव जीवाश्म भारत की किस नदी घाटी से प्राप्त हुआ था?
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भौतिकी के अंतर्गत यांत्रिकी (Mechanics) के विभिन्न नियमों और सिद्धांतों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. केपलर के ग्रहों की गति के द्वितीय नियम (क्षेत्रीय चाल का नियम) के अनुसार, किसी ग्रह को सूर्य से मिलाने वाली रेखा समान समय में समान क्षेत्रफल तय करती है, जो मुख्य रूप से कोणीय संवेग संरक्षण (Conservation of Angular Momentum) के सिद्धांत पर आधारित है।
2. 'बर्नोली की प्रमेय' (Bernoulli's Theorem), जो आदर्श तरल के धाराखीय प्रवाह (Streamline Flow) पर लागू होती है, के अनुसार किसी नली में तरल के बहने पर प्रति एकांक आयतन की कुल ऊर्जा (दाब ऊर्जा, गतिज ऊर्जा और स्थितिज ऊर्जा का योग) नियत रहती है, तथा वेग बढ़ने पर दाब कम हो जाता है।
3. 'जड़त्व आघूर्ण' (Moment of Inertia) किसी वस्तु का वह गुण है जो उसके घूर्णन गति में परिवर्तन का विरोध करता है, और इसका मान केवल वस्तु के द्रव्यमान पर निर्भर करता है, उसके द्रव्यमान वितरण या घूर्णन अक्ष की स्थिति पर निर्भर नहीं करता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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भारतीय संविधान का 73वां संशोधन किससे संबंधित है?
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बिहार में शिक्षा, स्वास्थ्य एवं कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और उनके उद्देश्यों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना' के तहत बिहार सरकार द्वारा बालिकाओं के जन्म से लेकर उच्च शिक्षा तक आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है, जिसके अंतर्गत स्नातक (Graduation) उत्तीर्ण करने वाली प्रत्येक अविवाहित व विवाहित छात्रा को ₹50,000 की प्रोत्साहन राशि डीबीटी (DBT) के माध्यम से दी जाती है।
2. 'मुख्यमंत्री बालिका साइकिल योजना' (जिसे बाद में बालकों के लिए भी विस्तारित किया गया) का मुख्य उद्देश्य राज्य के सरकारी विद्यालयों में कक्षा 9वीं में अध्ययनरत विद्यार्थियों की उपस्थिति में सुधार करना और माध्यमिक स्तर पर ड्रॉपआउट दर को कम करना है।
3. 'सात निश्चय योजना-1' और 'सात निश्चय योजना-2' के तहत बिहार सरकार ने 'हर घर नल का जल', 'पक्की गलियां एवं नाली', और 'स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना' जैसी कल्याणकारी पहलों को लागू किया है, जिसके अंतर्गत उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों को ₹4 लाख तक का शिक्षा ऋण 4% साधारण ब्याज पर (तथा महिलाओं, दिव्यांगों और ट्रांसजेंडरों के लिए 1%) उपलब्ध कराया जाता है।
4. 'बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना' का संचालन योजना एवं विकास विभाग द्वारा किया जाता है, जबकि 'मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना' (MVPY) के तहत 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के सभी वृद्ध व्यक्तियों को (आयकर दाताओं को छोड़कर) प्रतिमाह ₹1,000 की पेंशन सीधे उनके बैंक खाते में दी जाती है जिसका संचालन समाज कल्याण विभाग द्वारा किया जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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बिहार के प्रमुख उद्योग, खनिज संसाधनों और ऊर्जा अवसंरचना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. दक्षिण बिहार के रोहतास और कैमूर जिलों में विंध्यन क्रम की चट्टानों में चूना पत्थर (Limestone) के विशाल भंडार पाए जाते हैं, जिसके आधार पर डालमियानगर और बंजरिया में सीमेंट उद्योग का विकास हुआ है।
2. बरौनी तेल शोधक कारखाना (Barauni Refinery) भारत का दूसरा सार्वजनिक क्षेत्र का तेल शोधक कारखाना है, जिसे सोवियत संघ (USSR) के तकनीकी और आर्थिक सहयोग से स्थापित किया गया था।
3. औरंगाबाद जिले के नवीनगर में स्थापित 'एनटीपीसी नवीनगर सुपर थर्मल पावर प्रोजेक्ट' एक जलविद्युत परियोजना है जो मुख्य रूप से सोन नदी के पानी से बिजली का उत्पादन करती है।
4. बिहार के जमुई जिले में देश का सबसे बड़ा स्वर्ण भंडार होने का अनुमान भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (GSI) के अन्वेषण में व्यक्त किया गया है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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