क्रियाप्रसूत अनुबंधन (स्किनर)
Asked 2 महीने पहले · Viewed 4,004 times
अधिगम के क्षेत्र में एडवर्ड थार्नडाइक द्वारा प्रतिपादित 'प्रयास एवं त्रुटि का सिद्धांत' (Trial and Error Theory) और बी.एफ. स्किनर द्वारा प्रतिपादित 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन सिद्धांत' (Operant Conditioning Theory) के तात्विक एवं क्रियात्मक भेदों का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों सिद्धांतों की मौलिक कार्यप्रणाली और उद्दीपक-अनुक्रिया के स्वरूप को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
एडवर्ड थार्नडाइक के प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत को 'S-R थ्योरी' या 'Type S conditioning' कहा जाता है क्योंकि इसमें उद्दीपक (Stimulus) पहले से निश्चित होता है, जबकि बी.एफ. स्किनर के क्रियाप्रसूत अनुबंधन को 'R-S थ्योरी' या 'Type R conditioning' कहा जाता है जिसमें अनुक्रिया (Response) प्रधान होती है और जीव अपनी इच्छा से अनुक्रिया उत्सर्जित करता है। अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
अधिगम के क्षेत्र में एडवर्ड थार्नडाइक के 'संबंधवाद' (Connectionism), इवान…
← पिछला प्रश्न
अधिगम के संदर्भ में एडवर्ड थार्नडाइक के 'प्रभाव का नियम'…
Related Questions
→
ई.एल. थार्नडाइक (E.L. Thorndike) के संबंधवाद (Connectionism) के अंतर्गत प्रदत्त 'मुख्य नियमों' (Primary Laws of Learning) तथा इवान पावलव (Ivan Pavlov) के शास्त्रीय अनुबंधन (Classical Conditioning) एवं बी.एफ. स्किनर (B.F. Skinner) के क्रियाप्रसूत अनुबंधन (Operant Conditioning) के सुदृढ़ीकरण प्रतिमान का गहन तुलनात्मक अध्ययन करने पर, थार्नडाइक के 'प्रभाव के नियम' (Law of Effect) और स्किनर के 'सकारात्मक एवं नकारात्मक सुदृढ़ीकरण' (Reinforcement) की संकल्पना के मध्य निम्नलिखित में से कौन-सा सबसे तात्विक और वैज्ञानिक अंतर स्पष्ट होता है?
→
एडवर्ड थार्नडाइक द्वारा प्रतिपादित 'समान अवयव का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) जो कि अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) से संबंधित है, तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) में 'शेपिंग' (Shaping) और 'चेनिंग' (Chaining) की अवधारणाओं का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन तात्विक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?
→
एडवर्ड थार्नडाइक के 'संबंधवाद' (Connectionism) और सीखने के मुख्य नियमों—विशेषकर 'प्रभाव का नियम' (Law of Effect)—तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) के सैद्धांतिक एवं प्रायोगिक आधारों का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, थार्नडाइक के संतुष्टि और असंतुष्टि के संप्रत्यय तथा स्किनर के 'प्रबलन' (Reinforcement) के बीच निम्नलिखित में से कौन-सा तात्विक एवं क्रियात्मक अंतर सर्वाधिक सटीक है?
→
अधिगम (Learning) के सिद्धांतों के अंतर्गत एडवर्ड थार्नडाइक के 'तत्परता के नियम' (Law of Readiness), इवान पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन' में 'उत्तेजक सामान्यीकरण' (Stimulus Generalization) तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' में 'शेपिंग' (Shaping/आकृतिकरण) की अवधारणाओं का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों सिद्धांतों के अंतर्निहित क्रियात्मक तंत्र (Mechanism) की सबसे सटीक वैज्ञानिक व्याख्या प्रस्तुत करता है?
→
अधिगम के सिद्धांतों के संदर्भ में, एडवर्ड थार्नडाइक के 'प्रयत्न एवं भूल सिद्धांत' (Trial and Error Theory), इवान पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन सिद्धांत' (Classical Conditioning) तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन सिद्धांत' (Operant Conditioning) के तात्विक, क्रियात्मक और प्रेरक स्वरूप का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों सिद्धांतों के बीच के वास्तविक और वैज्ञानिक अंतर को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
थार्नडाइक के 'संबंधवाद' (Connectionism), पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन' (Classical Conditioning) और स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) के अधिगम सिद्धांतों के तात्विक और क्रियात्मक भेदों का सूक्ष्म विश्लेषण करते हुए, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों के उद्दीपक-अनुक्रिया (S-R) एवं अनुक्रिया-उद्दीपकीय (R-S) तंत्र की वास्तविक प्रकृति को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
थार्नडाइक के 'तत्परता के नियम' (Law of Readiness), पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन' (Classical Conditioning) और स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) के तुलनात्मक और मनोवैज्ञानिक विश्लेषण के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों सिद्धांतों के अंतर्संबंधों और अधिगम प्रक्रिया में उनकी वास्तविक भूमिका को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
अधिगम के क्षेत्र में एडवर्ड थार्नडाइक द्वारा प्रतिपादित 'प्रभाव का नियम' (Law of Effect) और बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) सिद्धांत के बीच का सबसे सूक्ष्म और तात्विक संबंध निम्नलिखित में से कौन-सा है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.