BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Child Development
1 views

सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) के संदर्भ में 'आकलन' (Assessment) और 'मूल्यांकन' (Evaluation) के मध्य तात्विक और प्रक्रियात्मक अंतर का विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों अवधारणाओं के वास्तविक स्वरूप को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?

Detailed Explanation

सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) में 'आकलन' (Assessment) और 'मूल्यांकन' (Evaluation) के बीच सूक्ष्म अंतर होता है। आकलन एक सतत प्रक्रिया है जिसका मुख्य उद्देश्य शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया के दौरान छात्रों की कमजोरियों का निदान करना और उनमें सुधार (Assessment for Learning) करना है। इसके विपरीत, मूल्यांकन एक व्यापक अवधारणा है जिसके अंतर्गत एक निश्चित समयावधि के पश्चात छात्रों के कुल अधिगम स्तर का मात्रात्मक एवं गुणात्मक मूल्य निर्धारण (Summative judgment) किया जाता है। शिक्षा में सतत और व्यापक मूल्यांकन की विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
Share:

Related Questions

बुद्धि का 'संरचना मॉडल' (Structure of Intellect - SOI) किसने प्रस्तावित किया था? संबंधवाद (1913) का सिद्धांत किसने दिया? प्रगतिशील शिक्षा (Progressive Education) के मूल दर्शन और जॉन डीवी के 'अनुभवात्मक अधिगम' (Experiential Learning) के सिद्धांतों के परिप्रेक्ष्य में, निम्नलिखित में से कौन-सी कक्षा-कक्षीय रणनीति 'बाल-केंद्रित शिक्षा' के वास्तविक स्वरूप को सबसे सटीक रूप से चरितार्थ करती है? बाल विकास के किस चरण में बच्चे को लगता है कि सारे लोग उन्हें देख रहे हैं और वे सचेत हो जाते है? बुद्धि के 'द्वि-कारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory) और 'त्रि-आयामी सिद्धांत' (Structure of Intellect Model) का तुलनात्मक और तात्विक विश्लेषण करते समय, चार्ल्स स्पीयरमैन द्वारा प्रतिपादित 'सामान्य कारक' (G-Factor) तथा जे.पी. गिलफोर्ड द्वारा प्रतिपादित 'संज्ञानात्मक आयामों' के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त और मनोवैज्ञानिक रूप से प्रामाणिक है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.