विकास के सिद्धांत (Principles)
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मानव विकास के विभिन्न सिद्धांतों—विशेषकर 'विकास की दिशा का सिद्धांत' (Principle of Directional Trend) के अंतर्गत 'मस्तकाधोमुखी' (Cephalocaudal) और 'निकट-दूर' (Proximodistal) विकास के नियमों—की तात्विक, शारीरिक और तंत्रिका-मनोवैज्ञानिक गतिकी का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों प्रवृत्तियों के संदर्भ में वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक है?
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Detailed Explanation
बाल विकास की प्रक्रिया में 'विकास की दिशा का सिद्धांत' अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके तहत दो प्रमुख प्रवृत्तियाँ कार्य करती हैं: पहला, 'मस्तकाधोमुखी' (Cephalocaudal) जिसके अंतर्गत विकास सिर से पैर की दिशा में होता है (अर्थात सिर का भाग पहले विकसित होता है); दूसरा, 'निकट-दूर' (Proximodistal) जिसके अंतर्गत विकास शरीर के केंद्र या रीढ़ की हड्डी से शुरू होकर परिधि की ओर (हाथों और पैरों के सिरों की तरफ) अग्रसर होता है। इस विषय की विस्तृत वैज्ञानिक और मनोवैज्ञानिक अवधारणा को समझने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ का अध्ययन कर सकते हैं।
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