BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Child Development
1 views

राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (NCF 2005) और निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act 2009) के दार्शनिक, विधिक और शैक्षणिक प्रावधानों का गहन विश्लेषण करने पर, बाल-केन्द्रित शिक्षा, समावेशी दृष्टिकोण और ज्ञान के निर्माण (Construction of Knowledge) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों दस्तावेजों के मूल उद्देश्यों की सबसे सटीक और वैज्ञानिक व्याख्या करता है?

Detailed Explanation

राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (विकिपीडिया संदर्भ) 2005 और निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act) 2009 आधुनिक भारतीय शिक्षा प्रणाली के दो स्तंभ हैं। NCF 2005 ज्ञान के निर्माण (Constructivism) पर जोर देता है, जहाँ बच्चा सक्रिय रूप से सीखता है, और यह शिक्षा को बाहरी दुनिया से जोड़ने की वकालत करता है। वहीं, RTE Act 2009 अनुच्छेद 21-A के तहत 6 से 14 वर्ष के बालकों को प्राथमिक शिक्षा का मौलिक अधिकार प्रदान करता है, जिसमें किसी भी प्रकार के प्रवेश परीक्षण, शारीरिक दंड और भेदभाव को पूरी तरह से प्रतिबंधित किया गया है। अतः विकल्प (c) इन दोनों के वास्तविक विधिक और pedagogical उद्देश्यों को सही ढंग से स्पष्ट करता है।
Share:

Related Questions

अधिगम के किस सिद्धांत को 'पुनर्बलन का सिद्धांत' (Reinforcement Theory) के नाम से भी जाना जाता है? लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत के अंतर्गत, उत्तर-पारंपरिक नैतिकता (Post-Conventional Morality) के अंतिम चरण यानी 'विवेक और सार्वभौमिक नीति अभिविन्यास' (Universal Ethical Principle Orientation) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सबसे अधिक उपयुक्त और विश्लेषणात्मक है? अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के संदर्भ में, एडवर्ड एल. थार्नडाइक का 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements), चार्ल्स हस बर्ड जूड (C.H. Judd) का 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization), और गेस्टाल्ट मनोवैज्ञानिकों का 'रूपान्तरण या सूझ का सिद्धांत' (Theory of Transposition) आपस में किस प्रकार भिन्न और परस्पर पूरक दृष्टिकोण प्रस्तुत करते हैं? प्रगतिशील शिक्षा (Progressive Education) के मूल दार्शनिक और मनोवैज्ञानिक आधार के संदर्भ में, जॉन डीवी (John Dewey) द्वारा प्रतिपादित 'अनुभवात्मक अधिगम' (Experiential Learning) और विद्यालय को 'समाज का लघु रूप' (Microcosm of Society) मानने की अवधारणा के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सबसे अधिक उपयुक्त और विश्लेषणात्मक है? मानव विकास की प्रक्रिया में 'परिपक्वता' (Maturation) और 'अधिगम' (Learning) के आपसी संबंधों तथा वंशानुक्रम और वातावरण की जटिल अंतःक्रिया का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई बालक जैविक रूप से निर्धारित आनुवंशिक अनुक्रमों के कारण बिना किसी पूर्व औपचारिक प्रशिक्षण के एक निश्चित आयु में चलना या दौड़ना सीख जाता है, जबकि उसकी बौद्धिक क्षमता और जटिल कौशल का विकास समृद्ध वातावरणीय उद्दीपनों और अभ्यास पर निर्भर करता है, तो परिपक्वता और अधिगम के इस तात्विक और विकासात्मक प्रतिमान के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से सत्य है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.