संज्ञानात्मक विकास
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लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत के अंतर्गत, 'संज्ञानात्मक विकास में भाषा और संस्कृति की भूमिका' तथा उनके द्वारा प्रतिपादित 'निजी भाषण' (Private Speech) और 'आंतरिक भाषण' (Inner Speech) के विकास के क्रमिक चरणों का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन उनके सिद्धांत के सबसे सटीक और वैज्ञानिक निष्कर्ष को स्पष्ट करता है?
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Detailed Explanation
लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत (Socio-cultural theory) में भाषा को संज्ञानात्मक विकास का सबसे महत्वपूर्ण उपकरण माना गया है। उनके अनुसार, बालक शुरुआत में सामाजिक संपर्क के लिए भाषा का उपयोग करते हैं (सामाजिक भाषण), फिर वे अपने कार्यों को निर्देशित करने के लिए जोर-जोर से बोलकर 'निजी भाषण' (Private Speech) का प्रयोग करते हैं, और अंततः यह निजी भाषण मूक या 'आंतरिक भाषण' (Inner Speech) के रूप में उनके मानसिक चिंतन का अभिन्न अंग बन जाता है। इस विषय में अधिक जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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