शिक्षण विधियाँ
Asked 2 महीने पहले · Viewed 4,648 times
शिक्षण विधियों के प्रभाव का मूल्यांकन करने तथा कक्षा-कक्ष की विशिष्ट समस्याओं का त्वरित एवं वैज्ञानिक समाधान ढूँढने के लिए 'क्रियात्मक अनुसंधान' (Action Research) का उपयोग किया जाता है। स्टीफन एम. कोरे (Stephen M. Corey) और अन्य शिक्षाविदों के अनुसार, क्रियात्मक अनुसंधान के चक्र (Action Research Cycle) के चरणों का सही तार्किक क्रम क्या है और यह पारंपरिक मौलिक अनुसंधान से किस प्रकार भिन्न है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) शिक्षकों या विद्यालय के प्रशासकों द्वारा अपनी कार्यप्रणाली और कक्षा-कक्षीय शिक्षण विधियों में सुधार लाने के लिए किया जाने वाला एक व्यावहारिक अनुसंधान है। इसके चक्र में सामान्यतः योजना बनाना (Plan), कार्य करना (Act), अवलोकन करना (Observe) और प्रतिबिंबन या चिंतन करना (Reflect) शामिल होते हैं। इसके बारे में अधिक जानने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
शिक्षण अधिगम प्रक्रिया के दौरान कक्षा-कक्ष में आने वाली विशिष्ट समस्याओं के…
← पिछला प्रश्न
शिक्षण विधियों (Teaching Methods) के चयन और उनके…
Related Questions
→
क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) के क्षेत्र में स्टीफन कोरी (Stephen Corey) और डेविड हूपर (David Hopkins) द्वारा विकसित मॉडलों का शिक्षण विधियों के सुधार के संदर्भ में सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, जब एक शिक्षक अपनी कक्षा में किसी विशेष पठन अक्षमता (जैसे डिस्लेक्सिया) से जूझ रहे छात्रों के लिए 'उपचारात्मक शिक्षण विधि' (Remedial Teaching Method) के प्रभाव का मूल्यांकन करने हेतु त्वरित और व्यावहारिक शोध चक्र चलाता है, तब इस प्रक्रिया के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इसकी तात्विक और कार्यप्रणालीगत विशेषता को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है?
→
समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) के अंतर्गत 'विशिष्ट आवश्यकता वाले बच्चों' (CWSN) के लिए 'विशेष शिक्षा' (Special Education), 'एकीकृत शिक्षा' (Integrated Education) और 'समावेशी शिक्षा' (Inclusive Education) के दार्शनिक, प्रशासनिक तथा शैक्षणिक स्वरूपों का गहन विश्लेषणात्मक अध्ययन करने पर, यदि एक सामान्य विद्यालय अपनी संरचना, पाठ्यक्रम, शिक्षण पद्धतियों और मूल्यांकन प्रणालियों में इस प्रकार का मूलभूत परिवर्तन करता है कि वह प्रत्येक बालक (चाहे उसकी शारीरिक, मानसिक, सामाजिक या भाषाई क्षमताएं कितनी भी भिन्न क्यों न हों) की व्यक्तिगत अधिगम आवश्यकताओं को पूरा करने में समर्थ हो सके, तो समावेशी शिक्षा के इस आधुनिक और वैज्ञानिक प्रतिमान के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से सत्य है?
→
शैक्षणिक अनुसंधान और कक्षा-कक्ष के व्यावहारिक परिप्रेक्ष्य में, जब एक शिक्षक 'क्रियात्मक अनुसंधान' (Action Research) के अंतर्गत अपनी शिक्षण विधियों में सुधार लाने के लिए 'कार्रवाई पर विचार' (Reflection-in-Action) और 'कार्रवाई पर परावर्तन' (Reflection-on-Action) की अवधारणाओं का अनुप्रयोग करता है, तो इन दोनों चिंतन प्रक्रियाओं के मध्य तात्विक और क्रियात्मक अंतर को सबसे सटीक रूप से कौन-सा कथन स्पष्ट करता है?
→
समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) के अंतर्गत विशेष आवश्यकता वाले बालकों (CWSN) के लिए 'सार्वभौमिक डिज़ाइन अधिगम' (Universal Design for Learning - UDL) के सिद्धांतों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. UDL एक ऐसा पाठ्यक्रम और शिक्षण ढांचा है जो अधिगम की बाधाओं को दूर करने के लिए शिक्षण विधियों, सामग्रियों और मूल्यांकन के तरीकों में शुरुआत से ही लचीलापन और बहुविकल्प प्रदान करता है।
2. UDL के तीन मुख्य मनोवैज्ञानिक और तंत्रिका-वैज्ञानिक आधार हैं: सहभागिता के बहुविध साधन (Multiple Means of Engagement), प्रस्तुति के बहुविध साधन (Multiple Means of Representation), और अभिव्यक्ति के बहुविध साधन (Multiple Means of Action and Expression)।
3. यह दृष्टिकोण केवल दिव्यांग या बौद्धिक रूप से पिछड़े बच्चों के लिए ही अनुकूलित है, और सामान्य अथवा प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए इसका उपयोग करने से उनके उच्च-स्तरीय संज्ञानात्मक विकास में बाधा उत्पन्न होती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
→
क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) और विद्यालयी शिक्षण विधियों के सुधार के बीच के अंतःसंबंधों का गहन विश्लेषण करने पर, स्टीफन एम. कोरे (Stephen M. Corey) तथा आधुनिक शैक्षिक अनुसंधान की मान्यताओं के अनुसार निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रियात्मक अनुसंधान के वास्तविक उद्देश्य, उसकी प्रकृति और शिक्षण विधियों पर उसके प्रभाव को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?
→
शिक्षण विधियों के चयन और कक्षा-कक्षीय समस्याओं के त्वरित एवं वैज्ञानिक समाधान हेतु 'क्रियात्मक अनुसंधान' (Action Research) के प्रयोग में, स्टीफन एम. कोरे द्वारा निर्धारित चक्रीय प्रक्रिया (Cyclic Process)—योजना (Plan), क्रियान्वयन (Act), प्रेक्षण (Observe), और चिंतन/परावर्तन (Reflect)—तथा विभिन्न शिक्षण विधियों (जैसे समस्या समाधान विधि, ह्यूरिस्टिक विधि और प्रोजेक्ट विधि) के मध्य समन्वय का गहन शैक्षणिक विश्लेषण करते हुए, निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प इन दोनों के अंतर्संबंध को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है?
→
क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) के क्षेत्र में स्टीफन एम. कोरे (Stephen M. Corey) और कर्ट लेविन (Kurt Lewin) द्वारा विकसित मॉडलों का गहन विश्लेषण करने पर, जब एक शिक्षक अपनी कक्षा-कक्षीय शिक्षण विधियों की समस्याओं के निवारण हेतु 'योजना, क्रियान्वयन, प्रेक्षण और चिंतन' (Plan, Act, Observe, Reflect) के चक्र का उपयोग करता है, तो इस अनुसंधान की प्रक्रिया और इसके निष्कर्षों के 'व्यापक सामान्यीकरण' (Broad Generalization) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक सटीक एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करता है?
→
कक्षा-कक्षीय शिक्षण प्रक्रिया के दौरान आने वाली विशिष्ट समस्याओं के वैज्ञानिक समाधान और शिक्षण विधियों में सुधार के लिए 'क्रियात्मक अनुसंधान' (Action Research) का उपयोग किया जाता है। जब एक शिक्षक अपने अध्यापन को प्रभावी बनाने के लिए क्रियात्मक अनुसंधान के चक्र (प्लान, एक्ट, ऑब्ज़र्व, रिफ्लेक्ट) का क्रियान्वयन करता है, तो इस अनुसंधान की प्रक्रिया और इसके परिणामों के सामान्यीकरण (Generalization) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक सटीक एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करता है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.