जीन पियाजे
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समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) के अंतर्गत 'विशिष्ट आवश्यकता वाले बच्चों' (Children with Special Needs) के लिए संकलित पाठ्यक्रम और शिक्षण विधियों में किए जाने वाले अनुकूलन (Accommodations) तथा संशोधनों (Modifications) के तात्विक एवं व्यावहारिक स्वरूप का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के मध्य पाए जाने वाले सबसे मौलिक और मनोवैज्ञानिक अंतर को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है?
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Detailed Explanation
समावेशी शिक्षा के संदर्भ में अनुकूलन (Accommodations) और संशोधन (Modifications) दो भिन्न अवधारणाएं हैं। अनुकूलन यह बदलते हैं कि बच्चा कैसे सीखता है या परीक्षा कैसे देता है (जैसे अतिरिक्त समय देना, ब्रेल लिपि का उपयोग), लेकिन सीखने की विषयवस्तु या अपेक्षाओं के मानक को नहीं बदला जाता। इसके विपरीत, संशोधन (Modifications) में पाठ्यक्रम की विषयवस्तु की मात्रा या उसकी जटिलता के स्तर को ही छात्र की वर्तमान मानसिक या शारीरिक क्षमता के अनुरूप बदल दिया जाता है। इस विषय पर अधिक जानने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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