नैतिक एवं चारित्रिक विकास
Asked 1 month ago · Viewed 12 times
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development) के अंतर्गत, 'पारंपरिक नैतिकता' (Conventional Morality) के स्तर के अंतर्गत आने वाले दूसरे चरण यानी 'प्राधिकार और सामाजिक व्यवस्था बनाए रखने का अभिमुखीकरण' (Authority and Social Order Maintaining Orientation - अवस्था 4) की सबसे सूक्ष्म और विशिष्ट व्यावहारिक विशेषता निम्नलिखित में से कौन-सी है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत के अनुसार, पारंपरिक स्तर (Conventional Level) की चौथी अवस्था 'प्राधिकार और सामाजिक व्यवस्था बनाए रखने का अभिमुखीकरण' (Law and Order Orientation) है। इस चरण में व्यक्ति यह मानता है कि समाज में सुव्यवस्था बनाए रखने के लिए कानूनों और नियमों का कड़ाई से पालन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है, जिससे सामाजिक अनुबंध और व्यवस्था सुरक्षित रहती है। इस सिद्धांत के विस्तृत अध्ययन के लिए विकिपीडिया संदर्भ देखा जा सकता है।
अगला प्रश्न →
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development) के अंतर्गत…
← पिछला प्रश्न
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral…
Related Questions
→
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना करते हुए कैरोल गिलिगन ने यह तर्क दिया कि कोहलबर्ग के मूल अध्ययन में केवल पुरुषों को शामिल किए जाने के कारण उनका सिद्धांत 'न्याय के दृष्टिकोण' (Justice Perspective) पर अत्यधिक बल देता है, जबकि महिलाओं का नैतिक विकास 'देखभाल और संबंधों के दृष्टिकोण' (Care and Perspective) पर आधारित होता है। इस वैचारिक भिन्नता और कोहलबर्ग के सिद्धांत के अंतिम स्तर (सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास) तथा गिलिगन के देखभाल के नैतिकता के चरणों के बीच के अंतर्संबंध का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
कोहलबर्ग के अनुसार, सही और गलत के प्रश्न के बारे में निर्णय लेने में शामिल चिंतन प्रक्रिया को क्या कहा जाता है?
→
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development) के विभिन्न स्तरों और चरणों के संदर्भ में, यदि कोई व्यक्ति यह मानता है कि नियमों और कानूनों का पालन केवल इसलिए किया जाना चाहिए ताकि समाज में व्यवस्था बनी रहे और किसी प्रकार का सामाजिक विघटन न हो, तो कोहलबर्ग के किस स्तर और चरण का यह सबसे सटीक प्रतिनिधित्व करता है?
→
कोहलबर्ग के अनुसार, बच्चा किस अवस्था में दंड से बचने के लिए नियमों का पालन करता है?
→
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के अंतर्गत 'उत्तर-रूढ़िगत स्तर' (Post-conventional Morality) की अंतिम अवस्था यानी 'सार्वभौमिक नैतिक अंतःकरण अभिमुखता' (Universal Ethical Principle Orientation) का सूक्ष्म और विश्लेषणात्मक अध्ययन करने पर, इस अवस्था की सबसे विशिष्ट, मौलिक और दार्शनिक रूप से परिपक्व विशेषता निम्नलिखित में से कौन-सी है?
→
कोह्लबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. कोह्लबर्ग ने अपने इस सिद्धांत को प्रतिपादित करने के लिए 'हाइन्ज़ दुविधा' (Heinz's Dilemma) नामक नैतिक कहानियों का उपयोग करके बच्चों और वयस्कों के साक्षात्कार लिए थे।
2. 'पूर्व-पारंपरिक स्तर' (Pre-conventional Level) के अंतर्गत आने वाले बच्चे नियमों का पालन केवल इसलिए करते हैं ताकि उन्हें सजा से बचाया जा सके या पुरस्कार प्राप्त हो सके, जिसमें उनका नैतिकता का आधार बाहरी नियंत्रण पर निर्भर होता है।
3. 'उत्तर-पारंपरिक स्तर' (Post-conventional Level) के चौथे चरण (सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास) में व्यक्ति यह मानता है कि कानून समाज की भलाई के लिए हैं और यदि कोई कानून अन्यायपूर्ण है तो उसे बदला जाना चाहिए।
4. कोह्लबर्ग के सिद्धांत की एक प्रमुख आलोचना मनोवैज्ञानिक कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) द्वारा की गई थी, जिन्होंने यह तर्क दिया कि कोह्लबर्ग का मॉडल पुरुषों की न्याय-केंद्रित नैतिकता पर आधारित है और महिलाओं की देखभाल तथा संबंधों से जुड़ी नैतिकता (Care Perspective) की उपेक्षा करता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के अंतर्गत, यदि कोई किशोर या वयस्क इस तार्किक आधार पर किसी कानून या सामाजिक नियम का उल्लंघन करता है कि वह नियम अन्यायपूर्ण है या मानवीय अधिकारों और सार्वभौमिक न्याय के सिद्धांतों के विरुद्ध है, तथा वह कानून से ऊपर उठकर अपने अंतःकरण के स्व-चयनित नैतिक सिद्धांतों (Self-chosen ethical principles) को प्राथमिकता देता है, तो कोहलबर्ग के वर्गीकरण के अनुसार यह स्थिति किस विशिष्ट स्तर और अवस्था को दर्शाती है?
→
लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Theory of Moral Development) के अंतर्गत, 'पारंपरिक स्तर' (Conventional Level) के प्रथम चरण यानी 'अच्छा लड़का-अच्छी लड़की अभिविन्यास' (Good Boy-Good Girl Orientation / Stage 3) का सूक्ष्म विश्लेषणात्मक अध्ययन करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सी मनोवैज्ञानिक विशेषता इस अवस्था को अन्य सभी अवस्थाओं से पृथक करती है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.