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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में बाल विकास एवं शिक्षण विधि के अंतर्गत, लॉरेंस कोहलवर्ग (Lawrence Kohlberg) के नैतिक विकास के सिद्धांत की किस अवस्था में व्यक्ति पारंपरिक नैतिकता से उत्तर-पारंपरिक नैतिकता की ओर संक्रमण करता है, जहाँ वह समाज के नियमों को निरपेक्ष मानने के बजाय सामाजिक अनुबंध और व्यक्तिगत अधिकारों को अधिक प्राथमिकता देता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
लॉरेंस कोहलवर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत में 'उत्तर-पारंपरिक नैतिकता' (Post-conventional morality) के स्तर पर दो अवस्थाएँ आती हैं - अवस्था 5 (सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास) और अवस्था 6 (सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास)। अवस्था 4 (अधिकार और सामाजिक व्यवस्था) पारंपरिक स्तर की अंतिम अवस्था है। जब व्यक्ति यह समझने लगता है कि कानून और नियम अटूट नहीं हैं, बल्कि वे समाज के कल्याण के लिए आपसी समझौते (Social Contract) का परिणाम हैं, तो वह अवस्था 5 में प्रवेश करता है, जो पारंपरिक से उत्तर-पारंपरिक नैतिकता की ओर मुख्य संक्रमण काल है।
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उत्तर प्रदेश के 'जनजातियों और लोक-संस्कृति' के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश के सोनभद्र और बिजनौर जिलों में पाई जाने वाली 'थारू' जनजाति दीपावली के पर्व को 'शोक पर्व' के रूप में मनाती है, तथा इनका मुख्य रूप से संबंध किरात वंश से है।
2. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राज्य की कुल 13 नई जातियों (जैसे- गोंड, धुरिया, नायक, ओझा, पठاری आदि) को अनुसूचित जनजाति (ST) की सूची में आधिकारिक रूप से शामिल किया गया है, और इनमें से गोंड जनजाति राज्य की सबसे बड़ी अनुसूचित जनजाति है।
3. उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर और सोनभद्र क्षेत्र में पाई जाने वाली 'कर्मा' नृत्य शैली खरवार और गोड़ जनजातियों द्वारा मुख्य रूप से कर्मा वृक्ष की पूजा के अवसर पर की जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं आर्थिक विकास के संदर्भ में, राज्य में 'एक जिला, एक उत्पाद' (ODOP - One District, One Product) योजना की शुरुआत किस वित्तीय वर्ष में की गई थी और इसके अंतर्गत ताला नगरी के रूप में प्रसिद्ध अलीगढ़ जिले का विशिष्ट उत्पाद क्या है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के समकालीन और बहुआयामी सिद्धांतों' के संदर्भ में, हॉवर्ड गार्डनर (Howard Gardner) द्वारा प्रतिपादित 'बहुबुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences)—जिसके अंतर्गत नौ प्रकार की स्वतंत्र बुद्धियों जैसे कि भाषाई, तार्किक-गणितीय, स्थानिक, संगीतात्मक, शारीरिक-गतिकी, अंतर्व्यक्तिगत, अंतravyaktigat (Intrapersonal), प्रकृतिवादी, और अस्तित्ववादी बुद्धि को शामिल किया गया है—के न्यूरोलॉजिकल आधार (जैसे मस्तिष्क के विभिन्न गोलार्द्धों और क्षेत्रों की क्षति से विशिष्ट क्षमताओं का ह्रास), तथा डेनियल गोलमैन (Daniel Goleman) द्वारा प्रतिपादित 'संवेगनात्मक बुद्धि' (Emotional Intelligence - EQ) के पाँच प्रमुख घटकों—'आत्म-जागरूकता' (Self-awareness), 'आत्म-विनियमन' (Self-regulation), 'प्रेरणा' (Motivation), 'सहानुभूति' (Empathy), और 'सामाजिक कौशल' (Social skills)—के पारस्परिक अंतर्संबंधों और उनके शैक्षिक निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'प्रेरणा और अधिगम' (Motivation and Learning) के संदर्भ में, अब्राहम मैस्लो (Abraham Maslow) द्वारा प्रतिपादित 'आवश्यकताओं का पदानुक्रम सिद्धांत' (Hierarchy of Needs Theory) के अंतर्गत पाँच मूल स्तरों—'दैहिक आवश्यकताएँ' (Physiological Needs), 'सुरक्षा आवश्यकताएँ' (Safety Needs), 'संबंध और अपनेपन की आवश्यकताएँ' (Love and Belongingness Needs), 'सम्मान आवश्यकताएँ' (Esteem Needs), और 'आत्म-सिद्धि की आवश्यकताएँ' (Self-Actualization Needs)—के न्यूरो-मनोवैज्ञानिक स्वरूप, तथा डेविड मैक्लीलैंड (David McClelland) द्वारा प्रतिपादित 'आवश्यकता सिद्धांत' (Need Theory / Three Needs Theory) के अंतर्गत वर्णित तीन प्रमुख अभिप्रेरकों—'उपलब्धि की आवश्यकता' (Need for Achievement - nAch), 'संबद्धता की आवश्यकता' (Need for Affiliation - nAff), और 'सत्ता की आवश्यकता' (Need for Power - nPow)—के पारस्परिक अंतर्संबंधों और उनके शैक्षिक निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम पठार (Plateau of Learning) और मानसिक थकान के न्यूरो-संज्ञानात्मक सिद्धांतों' के संदर्भ में, आर्थर गेट्स (Arthur Gates) और रटलेज बुचलेस द्वारा प्रतिपादित 'अधिगम पठार के न्यूरो-बायोलॉजिकल कारकों' के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), 'एंटीरियर सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (Anterior Cingulate Cortex) और 'रेटिकुलर एक्टिवेटिंग सिस्टम' (RAS) के बीच संज्ञानात्मक संतृप्ति (Cognitive Saturation), सिनैप्टिक थकान और प्रेरणा ह्रास (Loss of Motivation) की सक्रियण गतिकी, तथा लुईस थर्स्टन (L.L. Thurstone) द्वारा प्रतिपादित 'मानसिक ऊर्जा और कार्यकुशलता के नियमों' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, उपचारात्मक शिक्षण रणनीतियों (Remedial Teaching Strategies) और विद्यार्थियों में संज्ञानात्मक अवरोधों को दूर कर पुनरुत्थान व कौशल दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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