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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) के न्यूरो-संज्ञानात्मक सिद्धांतों' के संदर्भ में, एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'संवेदी-प्रेरक कॉर्टेक्स' (Sensory-Motor Cortex), 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex) और 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus) के बीच सिनाप्टिक प्रूनिंग, न्यूरल पाथवे मैपिंग और कौशल सामान्यीकरण (Skill Generalization) की सक्रियण गतिकी, तथा चार्ल्स जूड (Charles Judd) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक व उच्च प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, समस्या-समाधान आधारित शिक्षाशास्त्र (Problem-based Pedagogy) और विद्यार्थियों में उच्च-क्रम के संज्ञानात्मक प्रसंस्करण, अवधारणात्मक अंतर्दृष्टि (Conceptual Insight) व अर्जित ज्ञान के वास्तविक जीवन में अनुप्रयोग के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?

Detailed Explanation

यह प्रश्न UPTET परीक्षा के उन्नत बाल विकास और शिक्षाशास्त्र (Child Development and Pedagogy) पाठ्यक्रम के अंतर्गत अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) के सिद्धांतों के न्यूरो-संज्ञानात्मक दृष्टिकोण पर आधारित है। एडवर्ड थार्नडाइक का 'समान तत्वों का सिद्धांत' और चार्ल्स जूड का 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' दोनों ही यह स्पष्ट करते हैं कि कैसे मस्तिष्क के विभिन्न क्षेत्र (जैसे प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स, हिप्पोकैम्पस और संवेदी-प्रेरक कॉर्टेक्स) पूर्व में सीखे गए ज्ञान या कौशलों को नई और भिन्न परिस्थितियों में लागू करने के लिए सिनेप्स प्लास्टिसिटी और न्यूरल पाथवे के माध्यम से कार्य करते हैं। यह आधुनिक समावेशी शिक्षा में विभेदित निर्देश (Differentiated Instruction) और वैचारिक स्पष्टता के संवर्धन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। अतः विकल्प 'a' पूर्णतः सत्य और उपयुक्त है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'नैतिक विकास के मनोवैज्ञानिक सिद्धांतों' के संदर्भ में, लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) द्वारा प्रतिपादित 'नैतिक विकास का सिद्धांत' (Theory of Moral Development) के अंतर्गत वर्णित तीन प्रमुख स्तरों (पूर्व-पारंपरिक, पारंपरिक, और उत्तर-पारंपरिक) और उनके छह चरणों—विशेष रूप से 'आज्ञापालन और दंड अभिविन्यास', 'व्यक्तिगत पुरस्कार/सापेक्षवादी अभिविन्यास', 'अच्छा लड़का-अच्छी लड़की अभिविन्यास', 'कानून और व्यवस्था अभिविन्यास', 'सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास', और 'सार्वभौमिक नैतिक अंतरात्मा अभिविन्यास'—के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप, तथा कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) द्वारा कोहलबर्ग के सिद्धांत की आलोचना करते हुए प्रतिपादित 'देखभाल की नैतिकता' (Ethics of Care) के सिद्धांत—जिसमें न्याय के दृष्टिकोण के स्थान पर सहानुभूति, संबंधों और उत्तरदायित्व के आयाम को प्राथमिकता दी जाती है—के वैज्ञानिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, मूल्य-आधारित शिक्षा और नैतिक दुविधा (Moral Dilemma) आधारित शिक्षण रणनीतियों में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के अंतर्गत लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के 'सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत' (Socio-Cultural Theory of Development) और उससे जुड़ी प्रमुख अवधारणाओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. वाइगोत्स्की के अनुसार बालक का संज्ञानात्मक विकास मुख्य रूप से एकाकी खोज (Solo discovery) और जैविक परिपक्वता का परिणाम नहीं है, बल्कि यह सामाजिक अंतःक्रिया (Social interaction), संस्कृति (Culture) और भाषा (Language) के सह-प्रभाव से होता है। 2. 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD) वास्तविक विकास स्तर (independent problem-solving) और संभावित विकास स्तर (adult-guided problem-solving) के बीच का अंतर है। 3. 'चान्स स्केफोल्डिंग' (Scaffolding) उस स्थायी शारीरिक और मानसिक संरचना को कहा जाता है जो आनुवंशिक रूप से माता-पिता से बच्चों में स्थानांतरित होती है और इसे जीवन भर बदला नहीं जा सकता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं? पर्यावरण अध्ययन (EVS) के अंतर्गत 'पारिस्थितिक तंत्र' (Ecosystem) और उसके ऊर्जा प्रवाह (Energy Flow) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. पारिस्थितिकी तंत्र में ऊर्जा का प्रवाह सदैव 'एकदिशीय' (Unidirectional) होता है, जो सूर्य से उत्पादकों (Producers) की ओर और फिर विभिन्न उपभोक्ता स्तरों (Consumers) से होता हुआ अंततः ऊष्मा के रूप में पर्यावरण में अपव्यय हो जाता है और यह कभी भी चक्रीय (Cyclic) नहीं होता। 2. 'लिंडमैन का 10 प्रतिशत का नियम' (Lindeman's 10% Law) यह बताता है कि जब ऊर्जा एक पोषण स्तर (Trophic Level) से दूसरे उच्च पोषण स्तर पर स्थानांतरित होती है, तो प्रत्येक अगले स्तर पर केवल पिछले स्तर की कुल ऊर्जा का 10 प्रतिशत भाग ही संचित हो पाता है, जबकि शेष 90 प्रतिशत ऊर्जा श्वसन, चयापचय और ऊष्मा के रूप में नष्ट हो जाती है। 3. पारिस्थितिक तंत्र में पोषक तत्वों (Nutrients जैसे कार्बन, नाइट्रोजन, फास्फोरस आदि) का प्रवाह ऊर्जा के विपरीत 'एकदिशीय' होता है, जो जैव-भू-रासायनिक चक्रों (Biogeochemical Cycles) के माध्यम से एक बार पर्यावरण से जीवों में और फिर जीवों से पुनः पर्यावरण में चक्रीय रूप में संचालित होता रहता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं? जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के संदर्भ में, 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage) की निम्नलिखित विशेषताओं पर विचार कीजिए: 1. इस अवस्था में बालकों का चिंतन केवल मूर्त या प्रत्यक्ष रूप से सामने मौजूद वस्तुओं तक सीमित न रहकर अमूर्त (Abstract) हो जाता है। 2. किशोरों के भीतर 'परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क' (Hypothetico-deductive reasoning) की क्षमता विकसित हो जाती है, जिससे वे किसी समस्या के समाधान के लिए विभिन्न संभावित विकल्पों या परिकल्पनाओं का तार्किक रूप से परीक्षण कर सकते हैं। 3. यह अवस्था जन्म से लेकर लगभग 2 वर्ष की आयु तक चलती है, जिसमें बालक इंद्रियों और गत्यात्मक क्रियाओं के माध्यम से संसार को समझता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध मेलों, उत्सवों और उनसे संबंधित स्थलों के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. 'बटेश्वर मेला' - आगरा (यह एक प्रसिद्ध ऊँट और पशु मेला है जो यमुना नदी के तट पर आयोजित किया जाता है।) 2. 'देवा शरीफ मेला' - बाराबंकी (यह सूफी संत हाजी वारिस अली शाह की दरगाह पर आयोजित होता है, जहाँ हिंदू-मुसुल्मान दोनों संप्रदाय के लोग भाग लेते हैं।) 3. 'शाकंभरी देवी मेला' - सहारनपुर (यह मेला माँ शाकंभरी देवी के मंदिर में आयोजित किया जाता है, जो मुख्य रूप से शक्तिपीठ के रूप में विख्यात है।) 4. 'नौचंदी मेला' - मेरठ (यह मेला प्रतिवर्ष होली के ठीक बाद आयोजित होने वाला राज्य का सबसे बड़ा पशु मेला है, जहाँ सूफी संत सैय्यद सालार की मजार और नौचंदी देवी का मंदिर दोनों पास-पास स्थित हैं।) उपर्युक्त युग्मों में से कौन सा/से सही सुमेलित है/हैं?
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