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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'भाषा और विचार (Language and Thought)' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) और लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के भाषा विकास मॉडलों के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'ब्रोका क्षेत्र' (Broca's Area - उत्पादक भाषा), 'वेर्निके क्षेत्र' (Wernicke's Area - भाषा समझ), और 'डोसोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (DLPFC - कार्यकारी नियंत्रण) के बीच सिमेंटिक मैपिंग (Semantic Mapping), आंतरिक वाक् नियमन (Internal Speech Regulation), और वैचारिक अमूर्तन (Conceptual Abstraction) की सक्रियण गतिकी, तथा नोआम चॉम्स्की (Noam Chomsky) के 'भाषा अधिग्रहण यंत्र' (Language Acquisition Device - LAD) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, सोशियो-लिंग्विस्टिक कंस्ट्रक्टिविस्ट पेडागोजी (Socio-Linguistic Constructive Pedagogy) और विद्यार्थियों में संज्ञानात्मक स्वनिर्देशन (Cognitive Self-Direction), भाषाई प्रवाह व समग्र वैचारिक विकास के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
लेव वाइगोत्स्की के सिद्धांत के अनुसार, प्रारंभिक विकास में भाषा और विचार अलग-अलग होते हैं, लेकिन बाद में 'आंतरिक वाक्' (Inner Speech) के माध्यम से वे आपस में घनिष्ठ रूप से जुड़ जाते हैं। न्यूरो-संज्ञानात्मक दृष्टिकोण से, भाषा की समझ (वेर्निके क्षेत्र) और उत्पादन (ब्रोका क्षेत्र) कार्यकारी नियंत्रण (DLPFC) के साथ मिलकर बच्चों में संज्ञानात्मक स्व-नियमन (Self-Regulation) और समस्या-समाधान को बढ़ावा देते हैं। समावेशी कक्षाओं में इस अंतर्संबंध को समझना शिक्षकों को भाषाई रूप से समृद्ध और संवादात्मक शिक्षण रणनीतियाँ डिजाइन करने में मदद करता है।
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प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण-अधिगम में 'मानचित्र कौशल' (Mapping Skills) के विकास के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. प्राथमिक कक्षाओं में मानचित्र पठन और अंकन सिखाने का मुख्य उद्देश्य बच्चों में दिशाओं का सापेक्षिक ज्ञान, स्थानों की स्थिति का अनुमान और प्रतीकों (Symbols) को समझने की तार्किक क्षमता का विकास करना है, न कि उन्हें पेशेवर कार्टोग्राफर बनाना।
2. पर्यावरण अध्ययन के पाठ्यक्रम में मानचित्र का प्रयोग केवल उच्च प्राथमिक और माध्यमिक कक्षाओं के भूगोल विषय के लिए आरक्षित होना चाहिए, क्योंकि प्राथमिक स्तर के बच्चे अमूर्त संकेतों और पैमाना (Scale) आधारित गणनाओं को समझने में पूरी तरह अक्षम होते हैं।
3. प्राथमिक स्तर पर बच्चों को उनके घर से विद्यालय तक के मार्ग का रेखाचित्र (Sketch) बनाने के लिए प्रोत्साहित करना उनकी स्थानिक समझ (Spatial Understanding) और अवलोकन कौशल को मजबूत करने की एक अत्यंत प्रभावी शिक्षण रणनीति है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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प्राचीन काल से लेकर आधुनिक युग तक उत्तर प्रदेश के ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थलों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. कौशाम्बी (वर्तमान कोसांबी जिला) प्राचीन काल में वत्स महाजनपद की राजधानी थी, जहाँ भगवान बुद्ध ने कई बार प्रवास किया था और सम्राट अशोक द्वारा यहाँ एक प्रसिद्ध स्तंभ (घोषाराम विहार के समीप) स्थापित किया गया था।
2. 'अहिच्छत्र' (Ahichchhatra) वर्तमान बरेली जिले की आँवला तहसील में स्थित प्राचीन पाञ्चाल महाजनपद की उत्तरी राजधानी थी, जिसके पुरातात्विक उत्खनन से कुषाण और गुप्त कालीन मृदभांड तथा मंदिर वास्तुकला के अवशेष प्राप्त हुए हैं।
3. 'बुढ़िया का ताल' (Budhiya ka Taal) एटा जिले में स्थित एक प्रागैतिहासिक स्थल है, जहाँ से मौर्य काल के दौरान निर्मित विशाल पक्की ईंटों के मंदिर और बड़े पैमाने पर सोने के सिक्कों का खजाना प्राप्त हुआ है, जिसे गुप्त साम्राज्य की केंद्रीय टकसाल माना जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'मैदानी क्षेत्र' (Plain Region) या 'गंगा-यमुना का मैदान' की विशेषताओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश का मैदानी भाग मूल रूप से गंगा, यमुना और उनकी सहायक नदियों द्वारा लाई गई जलोढ़ (Alluvial) मिट्टी के निक्षेपण से निर्मित है, जिसे धरातलीय स्थिति और आयु के आधार पर 'बांगर' (पुराने जलोढ़ मैदान) और 'खादर' (नए जलोढ़ मैदान) में विभाजित किया जाता है।
2. 'खादर' क्षेत्र को बाढ़ का मैदान भी कहा जाता है, जहाँ हर वर्ष बाढ़ के दौरान नई मिट्टी की परत जम जाती है, जिसके कारण यह क्षेत्र बांगर की तुलना में अधिक उपजाऊ होता है और यहाँ गहन कृषि की जाती है।
3. राज्य के इस मैदानी क्षेत्र का ढाल उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूर्व की ओर है, जिसके कारण यहाँ की मुख्य नदियाँ (जैसे गंगा और यमुना) उत्तर-पश्चिम से निकलकर दक्षिण-पूर्व दिशा की ओर प्रवाहित होती हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) और मानसिक अनुशासन सिद्धांतों' के संदर्भ में, एडवर्ड थॉर्नडाइक (Edward Thorndike) द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) के अंतर्गत पूर्व-अधिगम और नवीन अधिगम के बीच संवेदी-प्रेरक तथा संज्ञानात्मक तत्वों के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप और मस्तिष्क के 'एसोसिएशन कॉर्टेक्स' (Association Cortex) की कार्यात्मक भूमिका, तथा चार्ल्स जुड (Charles Judd) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) के अंतर्गत 'सैद्धांतिक ज्ञान और नियमों के अनुप्रयोग' के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, समस्या-समाधान (Problem Solving) के सकारात्मक व नकारात्मक स्थानांतरण और विद्यार्थियों में उच्च-स्तरीय संज्ञानात्मक कौशलों के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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कोह्लबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Theory of Moral Development) के संदर्भ में, 'उत्तर-रूढ़िगत नैतिकता' (Post-Conventional Morality) के अंतर्गत आने वाले दोनों चरणों की मुख्य विशेषता निम्नलिखित में से कौन सी है?
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