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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'भाषा विकास और विचार' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) तथा नोम चॉम्स्की (Noam Chomsky) के भाषा और संज्ञान सिद्धांतों के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'ब्रोका क्षेत्र' (Broca's Area), 'वर्निके क्षेत्र' (Wernicke's Area), और 'आर्क्यूएट फैसिकुलस' (Arcuate Fasciculus) के बीच ध्वन्यात्मक प्रसंस्करण, वाक्यविन्यास एकीकरण, और अर्थ-विज्ञान नियंत्रण की सक्रियण गतिकी, तथा लेव वाइगोत्स्की के 'आत्म-वाक्' (Egocentric/Inner Speech) अवधारणा के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-लिंग्विस्टिक ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Linguistic Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में भाषाई दक्षता, संज्ञानात्मक लचीलेपन व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?

Detailed Explanation

जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास सिद्धांत के अनुसार, बच्चों में विचार भाषा से पहले विकसित होते हैं (Thought precedes Language)। न्यूरो-संज्ञानात्मक दृष्टिकोण से, प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स (Prefrontal Cortex) और भाषा से जुड़े न्यूरोनल नेटवर्क (जैसे ब्रोका और वर्निकी क्षेत्र) के बीच की समकालिक सक्रियता बच्चे की संज्ञानात्मक परिपक्वता को दर्शाती है। यह 'न्यूरो-लिंग्विस्टिक ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' को आधार प्रदान करता है जहाँ भाषा को संज्ञान के उपकरण के रूप में उपयोग कर प्राथमिक समावेशी कक्षाओं में विद्यार्थियों की आत्म-नियमन (Self-Regulation) और वैचारिक स्पष्टता को बढ़ाया जाता है। अन्य विकल्प न्यूरो-एनाटॉमी या सिद्धांतों के गलत या खंडित संदर्भ प्रस्तुत करते हैं।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'सृजनात्मकता और समस्या समाधान' (Creativity and Problem Solving) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जोसफ गिल्फ़र्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking: फ्लुएंसी, फ्लेक्सिबिलिटी, ओरिजिनलिटी और एलैबोरेशन) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डर्सोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Dorsolateral Prefrontal Cortex), 'डिफ़ॉल्ट मोड नेटवर्क' (Default Mode Network - DMN), और 'एंटिरियर सिंगुलेट कॉर्टेक्स' (Anterior Cingulate Cortex) के बीच संज्ञानात्मक लचीलेपन, अनियोजित विचार जनरेशन (Spontaneous Idea Generation), और抑制 नियंत्रण (Inhibitory Control) की सक्रियण गतिकी, तथा ग्राहम वालेस (Graham Wallas) के 'सृजनात्मक चिंतन के चार चरण' (तैयारी, उद्भवन, प्रदीप्ति और सत्यापन) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-क्रिएटिविटी ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Creativity Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में मौलिक समस्या-समाधान कौशल, पार्श्व चिंतन (Lateral Thinking) व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? जीन पियाजे (Jean Piaget) के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'मूर्त संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage) के दौरान बच्चे संरक्षण (Conservation), वर्गीकरण (Classification) और उत्क्रमणीयता (Reversibility) जैसी तार्किक योग्यताओं को विकसित कर लेते हैं, लेकिन उनका चिंतन केवल उन्हीं वस्तुओं और परिस्थितियों तक सीमित रहता है जो प्रत्यक्ष रूप से उनके सामने मौजूद होती हैं। 2. 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Pre-operational Stage) में बच्चों के भीतर 'संरक्षण' (Conservation) की क्षमता पूरी तरह से विकसित हो चुकी होती है, जिसके कारण वे किसी वस्तु के आकार या आयतन में परिवर्तन होने पर भी उसके मूल परिमाण को स्थिर समझ लेते हैं। 3. 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage) में किशोरों का चिंतन अमूर्त (Abstract) और परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक (Hypothetico-deductive reasoning) हो जाता है, जिससे वे वैज्ञानिक समस्याओं का समाधान करने और संभावित परिणामों का विश्लेषण करने में सक्षम हो जाते हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? उत्तर प्रदेश के भौगोलिक स्वरूप, भौतिक विभाजनों और उनके विशिष्ट लक्षणों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश का मैदानी भाग (गंगा-यमुना का मैदान) मुख्य रूप से जलोढ़ (Alluvial) निक्षेपों से निर्मित है, जिसे स्थानीय रूप से 'काँप मिट्टी' भी कहा जाता है, और इसका ढाल उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूर्व की ओर है। 2. उत्तर प्रदेश के दक्षिण में स्थित पठारी क्षेत्र (जिसे बुंदेलखंड का पठार कहा जाता है) प्रायद्वीपीय पठार का ही उत्तर की ओर फैला हुआ हिस्सा है, जो प्राचीन विंध्यन क्रम की चट्टानों से बना है तथा यहाँ की मुख्य नदियाँ चंबल, बेतवा और केन हैं। 3. तराई क्षेत्र शिवालिक पहाड़ियों के ठीक दक्षिण में स्थित एक संकीर्ण, नम और दलदली पट्टी है, जहाँ भूमिगत नदियाँ प्रकट होती हैं और यह क्षेत्र घने जंगलों तथा लम्बे 'तलाई' घासों के लिए जाना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? हिंदी भाषा शिक्षण और व्याकरण के अंतर्गत, आचार्य भरत मुनि द्वारा अपने ग्रंथ 'नाट्यशास्त्र' में प्रतिपादित 'रस सूत्र' ('विभावानुभावव्यभिचारीसंयोगाद्रसनिष्पत्तिः') के प्रमुख व्याख्याकारों में से किसने 'भुक्तवाद' (भोगवाद) का सिद्धांत प्रतिपादित किया था, जिसके अनुसार दर्शक नाटक में प्रस्तुत भावों का प्रत्यक्ष आनंद या भोग करते हैं? उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं जलवायु संदर्भ में, राज्य में ग्रीष्म ऋतु के दौरान चलने वाली अत्यधिक गर्म एवं शुष्क हवाओं को 'लू' कहा जाता है, जिनका प्रभाव मुख्य रूप से किस क्षेत्र में सबसे अधिक तीव्र होता है?
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