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MPTET
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के 'सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत' (Socio-Cultural Theory of Cognitive Development) के अंतर्गत प्रतिपादित 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD) तथा 'मचान या पाड़ बाँधना' (Scaffolding) की अवधारणाओं के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के 'सहयोगात्मक समस्या-समाधान' (Collaborative Problem Solving) और 'सांस्कृतिक उपकरणों' (Cultural Tools) के आंतरिककरण (Internalization) के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत में 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (ZPD) उस अंतर को दर्शाता है जो एक बच्चे द्वारा स्वतंत्र रूप से किए जाने वाले कार्य और वयस्क या अधिक सक्षम साथी (MKO) के मार्गदर्शन में किए जाने वाले कार्य के बीच होता है। 'स्कैफोल्डिंग' (Scaffolding) जेरोम ब्रूनर द्वारा गढ़ा गया और वाइगोत्स्की के सिद्धांत से जुड़ा वह पद है जिसका अर्थ है अधिगम की शुरुआती अवस्था में दी जाने वाली वह अस्थायी सहायता जो बच्चे के सक्षम होने पर धीरे-धीरे कम कर दी जाती है। यह बाल केंद्रित और सहयोगात्मक शिक्षण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के 'सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत' (Socio-Cultural Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD) की अवधारणा—जिसके तहत वास्तविक विकास स्तर (जो बच्चा स्वतंत्र रूप से कर सकता है) और संभावित विकास स्तर (जो वयस्क या अधिक कुशल साथी के मार्गदर्शन में प्राप्त किया जा सकता है) के बीच का अंतर होता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के सहयोगात्मक अधिगम, 'चान्स्केफोल्डिंग' (Scaffolding) और उच्च-स्तरीय संज्ञानात्मक विकास के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'संबंधवाद' (Connectionism) या 'प्रयत्न एवं भूल सिद्धांत' (Trial and Error Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'तत्परता का नियम' (Law of Readiness) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ और कक्षा-कक्ष शिक्षण में इसके अनुप्रयोग के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, अब्राहम मास्लो (Abraham Maslow) के 'मानवतावादी प्रेरणा सिद्धांत' (Humanistic Theory of Motivation) जिसे 'आवश्यकता पदानुक्रम सिद्धांत' (Hierarchy of Needs Theory) भी कहा जाता है, के अंतर्गत प्रतिपादित सर्वोच्च स्तर की आवश्यकता यानी 'आत्म-सिद्धि या आत्म-बोध' (Self-Actualization) की अवधारणा—जिसके तहत व्यक्ति अपनीिक क्षमताओं, रचनात्मकता और潛न्विता (Potential) का पूर्ण विकास और उपयोग करने के लिए प्रेरित होता है, तथा यह स्थिति तभी प्राप्त होती है जब उसकी निचला स्तर की शारीरिक, सुरक्षा, अपनेपन और सम्मान संबंधी सभी आवश्यकताएं संतोषजनक रूप से पूरी हो चुकी होती हैं—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के आंतरिक विकास, स्व-निर्देशित अधिगम और सर्वोच्च बौद्धिक व सृजनात्मक क्षमताओं के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, सिगमंड फ्रायड (Sigmund Freud) के 'मनोविश्लेषणात्मक सिद्धांत' (Psychoanalytic Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'रक्षा तंत्र' या 'रक्षा युक्ति' (Defense Mechanism) के रूप में 'युक्तिकरण' या 'तर्कसंगतीकरण' (Rationalization) की अवधारणा—जिसके तहत व्यक्ति अपनी असफलताओं, अस्वीकार्य व्यवहार या कमियों को छुपाने के लिए तार्किक, बौद्धिक रूप से स्वीकार्य और झूठे बहाने या कारण गढ़ लेता है ताकि उसके अहंकार (Ego) को ठेस न पहुँचे और उसकी आत्म-छवि सुरक्षित रहे—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य, समायोजन और रक्षात्मक व्यवहार के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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